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वाशिंगटन :India-US, रूस-यूक्रेन से लेकर बांग्लादेश और चीन तक, पीएम मोदी और ट्रंप की बड़ी चर्चा से दुनियाभर में हलचल तेज

 ह्वाइट हाउस में प्रधानमंत्री और नरेंद्र मोदी के बीच मुलाकात काफी गर्मजोशी भरी रही। इस दौरान दोनों नेताओं ने जमकर एक दूसरे की तारीफ की। भारत-अमेरिका के संबंधों को मजबूत बनाने के साथ ही साथ दोनों नेताओं ने रूस-यूक्रेन युद्ध से लेकर बांग्लादेश और चीन के मुद्दे पर भी अपना स्टैंड क्लियर किया। पीएम मोदी और ट्रंप की जोड़ी एक बार फिर दुनिया में नए वर्ल्ड ऑर्डर की स्क्रिप्ट लिखते दिखाई दे रही है। इस दोस्ती के ट्रेलर मात्र से ही दुनिया के कई देशों में खलबली मच गई है।

रूस-यूक्रेन युद्ध पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने फिर कहा कि दुनिया के कुछ देश कहते हैं कि भारत इस मामले में न्यूट्रल है, लेकिन उनको मैं फिर बताना चाहता हूं कि भारत न्यूट्रल नहीं है, बल्कि उसका अपना पक्ष है। भारत का पक्ष है शांति। प्रधानमंत्री ने कहा-मैंने रूस के राष्ट्रपति पुतिन के सामने भी कहा था कि यह युग युद्ध का नहीं है। शांति युद्ध के मैदान से हासिल नहीं की जा सकती है। उन्होंने कहा कि मुझे खुशी है कि राष्ट्रपति ट्रंप ने भी रूस-यूक्रेन युद्ध में शांति का प्रयास शुरू करते हुए प्रेसिडेंट पुतिन को फोन किया है। भारत हमेशा से शांति के पक्ष में रहा है। रूस-यूक्रेन के बीच शांति स्थापित करने के लिए भारत हर भूमिका निभाने को तैयार है।

ट्रंप ने कहा-खूनी जंग बंद होनी चाहिए

ट्रंप ने कहा कि मैंने पुतिन और जेलेंस्की दोनों से बातचीत की है। यह युद्ध मैं जल्द खत्म करना चाहता हूं। यह खूनी जंग अब बंद होनी चाहिए।

चीन पर क्या बोले ट्रंप

पत्रकारों ने जब ट्रंप से पूछा कि अगर टैरिफ मामले में आप भारत के साथ सख्त रहेंगे तो चीन को कैसे हराएंगे। इस पर ट्रंप ने कहा कि हम किसी को भी हरा सकते हैं, इस बारे में नहीं सोचते। हम 4 साल से अच्छा काम कर रहे थे, लेकिन हमें रोक दिया गया और एक बहुत खराब प्रशासन आ गया। अब हम अच्छा काम जारी रखेंगे और हम फिर से मजबूत होंगे।

बांग्लादेश पर ट्रंप का रुख आया सामने

बांग्लादेश के हालात को लेकर सवाल पूछे जाने पर अमेरिकी राष्ट्रपति ट्रंप ने इसका जवाब पीएम मोदी पर छोड़ दिया। ट्रंप ने कहा कि बांग्लादेश के मामले को मैं पीएम मोदी पर छोड़ता हू्ं।

सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग: विधायक डॉ.राजेश्वर सिंह की पहल से सरोजनीनगर बना खेल प्रतिभाओं का हब, क्रिकेट टूर्नामेंट के ग्रैंड फिनाले में विधायक बोले- खेलों से हो रहा आत्मविश्वास और अनुशासन का विकास

  • आदर्श इंडिया मोंटेसरी इंटर कॉलेज ने 9 विकेट से जीतकर खिताब जीता।
  • डॉ. राजेश्वर सिंह ने विजेताओं को नकद पुरस्कार से सम्मानित किया।
  • सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग में अब तक 8,000+ खिलाड़ी भाग ले चुके हैं।

लखनऊ– उत्तरप्रदेश की राजधानी लखनऊ का सरोजनीनगर विधानसभा क्षेत्र अब खेल प्रतिभाओं का नया हब बनता जा रहा है। यहां आयोजित सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग के ग्रैंड फिनाले में खेल प्रेमियों ने रोमांचक क्रिकेट मुकाबले का आनंद लिया। इस प्रतिष्ठित टूर्नामेंट में आदर्श इंडिया मोंटेसरी इंटर कॉलेज ने शानदार प्रदर्शन करते हुए सेंट फ्रांसिस मिशन स्कूल को 9 विकेट से हराकर इंटर स्कूल क्रिकेट चैम्पियनशिप का खिताब अपने नाम किया।

सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग: युवाओं के लिए स्वर्णिम अवसर

विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह द्वारा अपनी पूज्य माता श्रीमती तारा सिंह जी की स्मृति में शुरू की गई सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग ने लखनऊ के युवाओं के लिए एक सशक्त मंच तैयार किया है। 2 दिसंबर 2022 को शुरू हुई इस लीग के माध्यम से अब तक 8,000 से अधिक युवा खिलाड़ियों को अपनी प्रतिभा दिखाने का अवसर मिल चुका है। इस आयोजन का उद्देश्य सिर्फ खेल को बढ़ावा देना ही नहीं, बल्कि युवाओं में अनुशासन, समर्पण, फिटनेस और टीम स्पिरिट जैसे महत्वपूर्ण गुणों का विकास करना भी है।

विजेताओं को सम्मान और प्रोत्साहन राशि

इस ऐतिहासिक ग्रैंड फिनाले में विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने विजेता और उपविजेता टीमों को शानदार पुरस्कारों से सम्मानित किया—
• विजेता टीम (आदर्श इंडिया मोंटेसरी इंटर कॉलेज) को ₹50,000 नगद इनाम, शील्ड और प्रशस्ति पत्र
• उपविजेता टीम (सेंट फ्रांसिस मिशन स्कूल) को ₹25,000 की पुरस्कार राशि
• हर खिलाड़ी को ₹2,500 की प्रोत्साहन राशि
• मैन ऑफ द सीरीज आशुतोष पांडेय को ₹1,000 नगद पुरस्कार और शील्ड
• मैन ऑफ द मैच विनय को ₹1,000 नगद इनाम और ट्रॉफी

खेलों से आत्मविश्वास और अनुशासन का विकास – डॉ. राजेश्वर सिंह

खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा—

“यह केवल एक टूर्नामेंट नहीं, बल्कि खेलों के माध्यम से युवाओं को सशक्त बनाने का एक मंच है। खेल से आत्मविश्वास, अनुशासन और टीम स्पिरिट विकसित होती है। युवा जितना अधिक खेलों में सक्रिय रहेंगे, उतना ही वे शारीरिक और मानसिक रूप से मजबूत बनेंगे।”

उन्होंने खिलाड़ियों को प्रेरित करते हुए कहा—

“खेल में या तो जीत मिलती है या सीखने का मौका, हार नाम की कोई चीज नहीं होती!”

सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग: खेल प्रतिभाओं का हब

अब तक इस लीग के विभिन्न चरणों में सैकड़ों खिलाड़ियों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया है। क्रिकेट, फुटबॉल, बास्केटबॉल और वॉलीबॉल जैसे कई खेलों की प्रतियोगिताएं यहां आयोजित हो चुकी हैं। आगामी वर्षों में इस लीग का और अधिक विस्तार कर अन्य खेलों को भी शामिल करने की योजना है।

गणमान्य अतिथियों की गरिमामयी उपस्थिति

इस ऐतिहासिक आयोजन में कई प्रतिष्ठित अतिथियों ने उपस्थिति दर्ज कराई, जिनमें शामिल थे—
• मंडल अध्यक्ष के.के. श्रीवास्तव
• पार्षद सौरभ सिंह (मोनू)
• गणमान्य व्यक्ति इकबाल सिंह, शैलेन्द्र सिंह, सुमन सिंह, अजय गुप्ता, योगेश पांडेय, मनीष शुक्ला आदि

सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग अब केवल एक टूर्नामेंट नहीं, बल्कि लखनऊ के युवा खिलाड़ियों के लिए एक क्रांतिकारी पहल बन चुका है।

सरोजनीनगर स्पोर्ट्स लीग का ग्रैंड फिनाले यह साबित करता है कि लखनऊ अब खेल प्रतिभाओं के लिए एक बड़ा मंच बन चुका है। विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह की इस पहल ने न केवल खेलों को बढ़ावा दिया है बल्कि युवा शक्ति को सशक्त करने की दिशा में भी एक ऐतिहासिक कदम उठाया है।

महाकुंभ 2025: विक्की कौशल ने लगाई आस्था की डुबकी, मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने किया स्वागत

  • विक्की कौशल ने प्रयागराज में महाकुंभ 2025 के दौरान संगम में आस्था की डुबकी लगाई और गंगा आरती में भाग लिया।
  • उत्तर प्रदेश सरकार के मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने विक्की कौशल का प्रदेश सरकार की ओर से भव्य स्वागत किया।
  • विक्की कौशल महाकुंभ के भव्य और दिव्य आयोजन से अत्यंत प्रभावित हुए और इसे सनातन परंपराओं का गौरवशाली पर्व बताया।
  • उन्होंने महाकुंभ को आत्मशुद्धि और मोक्ष प्राप्ति का संगम बताया और सनातन संस्कृति की महत्ता को सराहा।
  • उत्तर प्रदेश सरकार ने महाकुंभ 2025 को दुनिया का सबसे बड़ा आध्यात्मिक आयोजन बनाने के लिए उच्च स्तरीय तैयारियाँ की हैं

महाकुम्भनगर,13 फ़रवरी 2025: प्रयागराज में महाकुंभ 2025 का दिव्य आयोजन अपने शिखर पर है। यह आध्यात्मिक संगम सनातन परंपराओं का सबसे भव्य उत्सव है, जहां देश-विदेश से लाखों श्रद्धालु पुण्य अर्जन के लिए आ रहे हैं। इसी क्रम में बॉलीवुड के मशहूर अभिनेता विक्की कौशल भी संगम तट पर पहुंचे और मां गंगा, मां यमुना एवं अदृश्य सरस्वती की पवित्र त्रिवेणी में आस्था की डुबकी लगाई।

उत्तर प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने विक्की कौशल का प्रदेश सरकार की ओर से सहर्ष स्वागत और अभिनंदन किया। विक्की कौशल इस अद्वितीय आध्यात्मिक अनुभव से अत्यंत प्रभावित दिखे और उन्होंने महाकुंभ के भव्य वैभव की सराहना की।

सनातन संस्कृति के महापर्व में विक्की कौशल की भागीदारी

महाकुंभ केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं, बल्कि आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र भी है। ऋषि-मुनियों की तपस्थली, देवों के अमृत संगम और आत्मशुद्धि के इस महायज्ञ में विक्की कौशल का आगमन श्रद्धालुओं और सनातनी संस्कृति प्रेमियों के लिए विशेष आकर्षण का विषय बन गया।

विक्की कौशल ने कहा:
“महाकुंभ केवल एक मेला नहीं, बल्कि सनातन संस्कृति और आध्यात्मिक चेतना का सबसे बड़ा संगम है। यहाँ की ऊर्जा और दिव्यता को शब्दों में व्यक्त नहीं किया जा सकता।”

उन्होंने संगम तट पर पूजा-अर्चना की और गंगा आरती में भाग लिया। उन्होंने यह भी कहा कि यह अनुभव जीवनभर उनके हृदय में बसा रहेगा।

मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने किया अभिनंदन

उत्तर प्रदेश सरकार के औद्योगिक विकास मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने विक्की कौशल का स्वागत करते हुए कहा:
“महाकुंभ सनातन संस्कृति का गौरवशाली प्रतीक है, और जब देश के प्रसिद्ध कलाकार इसे देखने आते हैं, तो यह हमारे लिए गर्व की बात होती है।”

उन्होंने कहा कि उत्तर प्रदेश सरकार महाकुंभ को विश्वस्तरीय आयोजन बनाने के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। सरकार ने सुरक्षा, स्वच्छता और यातायात व्यवस्थाओं को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है, जिससे श्रद्धालु निर्बाध रूप से इस दिव्य आयोजन में सम्मिलित हो सकें।

विक्की कौशल को भाया महाकुंभ का भव्य आयोजन

विक्की कौशल ने महाकुंभ में अखाड़ों के साधु-संतों, सन्यासी-महंतों और श्रद्धालुओं के उत्साह को देखकर अपनी खुशी व्यक्त की। उन्होंने कहा कि यह केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि भारतीय संस्कृति और आध्यात्मिकता का सबसे महान उत्सव है। विक्की कौशल ने कहा कि वह जल्द ही फिर से प्रयागराज आएंगे और इस अद्भुत संगम की ऊर्जा को पुनः अनुभव करना चाहेंगे।

महाकुंभ 2025 केवल एक धार्मिक अनुष्ठान नहीं, बल्कि भारत की सनातनी परंपराओं और आस्था का सबसे बड़ा पर्व है। विक्की कौशल का यहां आगमन इस बात को दर्शाता है कि यह आयोजन देशभर के लोगों को आध्यात्मिक ऊर्जा और प्रेरणा प्रदान करता है। उत्तर प्रदेश सरकार के प्रयासों से महाकुंभ का आयोजन अभूतपूर्व भव्यता और दिव्यता के साथ किया जा रहा है।

महाकुंभ 2025: नन्दी इकावो एग्रो ने संगम क्षेत्र में चलाया स्वच्छता अभियान, कर्मचारियों के लिए घोषित किया विशेष अवकाश

महाकुंभ 2025: नन्दी इकावो एग्रो ने संगम क्षेत्र में चलाया स्वच्छता अभियान, कर्मचारियों के लिए घोषित किया विशेष अवकाश
महाकुंभ 2025: नन्दी इकावो एग्रो ने संगम क्षेत्र में चलाया स्वच्छता अभियान, कर्मचारियों के लिए घोषित किया विशेष अवकाश
महाकुंभ 2025: नन्दी इकावो एग्रो ने संगम क्षेत्र में चलाया स्वच्छता अभियान, कर्मचारियों के लिए घोषित किया विशेष अवकाश
  • नन्दी इकावो एग्रो ने संगम क्षेत्र में स्वच्छता अभियान चलाया, जिससे घाटों को स्वच्छ और सुंदर बनाया जा सके।
  • कंपनी के सीईओ अभिषेक गुप्ता ने इस पहल को बढ़ावा देते हुए अपने कर्मचारियों को 2 दिन का विशेष अवकाश दिया, ताकि वे स्वयंसेवकों के रूप में कार्य कर सकें।
  • उत्तर प्रदेश के कैबिनेट मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने स्वयं घाटों की सफाई में भाग लिया और इस पहल की सराहना की।
  • श्रद्धालुओं को स्वच्छता और प्लास्टिक मुक्त कुंभ के लिए जागरूक किया गया, और घाटों पर डस्टबिन व सूचना बैनर लगाए गए।
  • महाकुंभ 2025 में सरकार द्वारा ‘स्वच्छ कुंभ-सुरक्षित कुंभ’ अभियान को सफल बनाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं, जिसमें इकावो एग्रो जैसी संस्थाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं।

महाकुम्भनगर, 13 फ़रवरी 2025: प्रयागराज में महाकुंभ 2025 का आयोजन पूरे भव्यता के साथ किया जा रहा है। देश-विदेश से करोड़ों श्रद्धालु संगम तट पर पुण्य अर्जित करने के लिए पहुँच रहे हैं। इस पवित्र अवसर पर संगम क्षेत्र की स्वच्छता बनाए रखने के लिए नन्दी इकावो एग्रो ने एक विशेष स्वच्छता अभियान की शुरुआत की है। कंपनी के सीईओ अभिषेक गुप्ता के नेतृत्व में इस अभियान को गति दी गई।

संगम क्षेत्र में स्वच्छता अभियान की अनूठी पहल

नन्दी इकावो एग्रो डेली प्राइवेट लिमिटेड के सीईओ अभिषेक गुप्ता ने महाकुंभ 2025 में संगम क्षेत्र को स्वच्छ और सुंदर बनाए रखने के लिए यह पहल की। उन्होंने बताया कि महाकुंभ में सरकार द्वारा “स्वच्छ कुंभ – सुरक्षित कुंभ” अभियान को सफल बनाने में लाखों सफाईकर्मी रात-दिन कार्यरत हैं। ऐसे में एक जिम्मेदार उद्योग समूह के रूप में इकावो एग्रो ने अपने सामाजिक उत्तरदायित्व को निभाने का निर्णय लिया।

कंपनी ने अपने सभी कर्मचारियों के लिए दो दिन का विशेष अवकाश घोषित किया, जिससे वे स्वयंसेवकों की तरह स्वच्छता अभियान में भाग ले सकें। अभियान के तहत, संगम और आसपास के घाटों की सफाई की गई और श्रद्धालुओं को जागरूक किया गया कि वे कूड़ा-करकट को निर्धारित स्थानों पर ही डालें।

कैबिनेट मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने अभियान में लिया हिस्सा

इस स्वच्छता अभियान में उत्तर प्रदेश सरकार के कैबिनेट मंत्री नन्द गोपाल गुप्ता ‘नन्दी’ ने विशेष रूप से भाग लिया। उन्होंने इकावो एग्रो के कर्मचारियों और अन्य स्वयंसेवकों के साथ घाटों की सफाई में सहयोग किया।

मंत्री नन्दी ने कहा:
“प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी के नेतृत्व में स्वच्छता आज एक जनआंदोलन बन चुका है। महाकुंभ-2025 में यह सुनिश्चित किया जा रहा है कि श्रद्धालुओं को स्वच्छ और सुरक्षित वातावरण मिले। नन्दी इकावो एग्रो का यह प्रयास सराहनीय है, और प्रत्येक संस्था को इस तरह के सामाजिक कार्यों में योगदान देना चाहिए।”

स्वच्छता के लिए जागरूकता अभियान

नन्दी इकावो एग्रो न केवल घाटों की सफाई कर रहा है, बल्कि श्रद्धालुओं को प्लास्टिक कचरा कम करने और गंगा को स्वच्छ बनाए रखने के लिए जागरूक भी कर रहा है। कंपनी द्वारा विभिन्न स्थानों पर डस्टबिन, बायोडिग्रेडेबल कचरा बैग और सूचना बैनर भी लगाए गए हैं, जिससे स्वच्छता का संदेश दूर तक पहुंचे।

महाकुंभ 2025 में स्वच्छता के प्रति सरकार की प्रतिबद्धता

महाकुंभ 2025 के लिए उत्तर प्रदेश सरकार ने बड़े स्तर पर स्वच्छता और सुविधाओं का ध्यान रखा है। प्रशासन ने स्वच्छता के लिए कई टीमें गठित की हैं, जो लगातार घाटों और मेला क्षेत्र की सफाई में जुटी हुई हैं। इस क्रम में इकावो एग्रो जैसी कंपनियों का योगदान इस अभियान को और अधिक सशक्त बना रहा है।

महाकुंभ 2025 न केवल धार्मिक आयोजन का प्रतीक है, बल्कि यह भारत की सांस्कृतिक धरोहर और स्वच्छता के प्रति जनभागीदारी का उदाहरण भी प्रस्तुत कर रहा है। नन्दी इकावो एग्रो द्वारा किया गया यह स्वच्छता अभियान अन्य संस्थानों और आम नागरिकों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। इस प्रकार की पहलों से महाकुंभ को स्वच्छ, सुरक्षित और सुंदर बनाया जा सकता है।

Prayagraj Tourist Places: महाकुंभ स्नान के साथ इन खूबसूरत जगहों को भी करें एक्सप्लोर, बच्चों के लिए भी खास है

हिंदू धर्म में महाकुंभ मेला एक खास जगह रखता है। यही वजह है कि यहां पर स्नान करने के लिए अब तक करोड़ों लोग जा चुके हैं। आस्था, भक्ति और परंपरा के इस संगम में बच्चों से लेकर बुजुर्ग और युवा तक हर कोई जा रहा है। इस मेले की परंपरा हजारों सालों से चली आ रही है। महाकुंभ मेला हर 12 साल में एक बार आयोजित किया जाता है। इस बार साल 2025 में यह मौका आया है। इस महाकुंभ का धार्मिक और आध्यात्मिक महत्व है।

माना जाता है कि जो भी व्यक्ति गंगा, यमुना और सरस्वती नदियों के त्रिवेणी संगम में स्नान करते हैं, तो व्यक्ति के सभी पाप धुल जाते हैं और व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती है। ऐसे में अगर आप भी प्रयागराज संगम स्नान के लिए जा रहे हैं, तो यह आर्टिकल आपके लिए है। आज इस आर्टिकल के जरिए हम आपको प्रयागराज में स्थित कुछ ऐसी जगहों के बारे में बताने जा रहे हैं, जहां पर आपको एक बार जरूर जाना चाहिए।

अमर शहीद चन्द्रशेखर आज़ाद पार्क

संगम स्नान के बाद अगर आप अपने परिवार और बच्चों के साथ सुकून के कुछ पल बिताना चाहते हैं, तो आप अमर शहीद चन्द्रशेखर आज़ाद पार्क में आ सकते हैं। यह पार्क हरा-भरा है और भीड़भाड़ से दूर ले जाता है। बच्चों को भी यहां आकर अच्छा लगेगा और आपको भी बच्चों पर नजर रखने की जरूरत नहीं होगी। यह एक बेहद खूबसूरत जगह है। जहां पर आप खुद को प्रकृति के करीब महसूस करेंगे। यहां पर एंट्री टिकट 5 रुपए है और पार्क में रहने की कोई टाइम लिमिट नहीं है। साथ ही आपको यहां पर पानी और वॉशरूम आदि की सुविधा भी मिल जाएगी।

खुसरो बाग, प्रयागराज

इसके अलावा आप बच्चों के साथ खुसरो बाद भी जा सकते हैं। यह प्रयागराज का एक विशाल ऐतिहासिक बाग है और इस पुराने स्मारक का अच्छे तरीके से रखरखाव किया गया है। इसलिए आपको यहां विजिट करके अच्छा लगेगा। हालांकि यह जगह थोड़ा भीड़भाड़ वाली हो सकती है। यहां जाने के लिए आपको रेलवे स्टेशन के पास वाले गेट से एंट्री लेनी होगी। इससे आपको रेलवे स्टेशन आने में परेशानी नहीं होगी। दरअसल, महाकुंभ तक पहुंचने के लिए स्पेशल ट्रेन चलाई जा रही है। इसलिए आपको प्रयागराज आने में मुश्किल नहीं होगी। वहीं अगर आप अपने वाहन से आ रहे हैं, तो अपनी गाड़ी सही स्थान पर पार्क करें। क्योंकि अगर आप गेट के किनारे या फिर रोड पर कहीं गाड़ी पार्क करते हैं, तो आपकी गाड़ी तो उठा लिया जाएगा।

मां ललिता देवी मंदिर

अगर आप श्रीमां ललिता देवी मंदिर जाने का प्लान बना रहे हैं। तो आपको 12 बजे से पहले या फिर शाम को 04:30 बजे के बाद मंदिर जाएं। क्योंकि इसके बीच मंदिर बंद रहता है। यह स्थान बेहद स्वच्छ और शांतिपूर्ण है। यहां पर मंत्र की ध्वनि और हवन की खुशबू आपको सुकून का एहसास करवाएगी। यह एक शक्तिपीठ मंदिर है, जोकि मीरापुर प्रयागराज में स्थित है।