Home Blog Page 499

भूकंप के जोरदार झटकों से कांपी धरती, दीवारें व सड़कें फटीं, 22 लोगों ने जान गंवाई

फिलीपींस में एक बार फिर भूकंप ने तबाही मचाई है. मंगलवार को मध्य फिलीपींस में आए 6.9 तीव्रता के शक्तिशाली भूकंप में 22 लोगों की मौत हो गई. स्थानीय मीडिया रिपोर्टों में डीजेडएमएम रेडियो के हवाले से ये जानकारी दी गई है.

संयुक्त राज्य भू-वैज्ञानिक सर्वेक्षण (यूएसजीएस) ने बताया कि भूकंप का केंद्र लगभग 90,000 की आबादी वाले तटीय शहर बोगो से लगभग 17 किलोमीटर उत्तर-पूर्व में था. भूकंप एक स्थानीय फॉल्ट लाइन के कारण आया और इससे कस्बों और गांवों में भारी क्षति हुई.

बोगो में कम से कम 14 लोगों की मौत 
भूकंप से सबसे ज़्यादा प्रभावित इलाकों में से एक बोगो में कम से कम 14 लोगों की मौत की खबर है. हालांकि अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि बचाव अभियान जारी रहने के कारण मृतकों की संख्या और बढ़ सकती है. एक पहाड़ी गांव में हुए भूस्खलन में कई झुग्गियां दब गईं, जिससे बचावकर्मियों को खतरनाक इलाके से निकलने में मुश्किल हो रही है.

आपदा न्यूनीकरण अधिकारी ग्लेन उर्सल ने एसोसिएटेड प्रेस को बताया कि इस क्षेत्र में आवाजाही मुश्किल है क्योंकि यहां ख़तरे हैं. अधिकारी चट्टानों और ज़मीन के नीचे फंसे लोगों की तलाश में तेजी लाने के लिए बैकहो सहित भारी मशीनें लाने पर काम कर रहे हैं.

रेमिगियो में 6 लोगों की मौत 
उप-महापौर अल्फी रेन्स के अनुसार, पास के शहर सैन रेमिगियो में 6 लोगों की मौत की पुष्टि हुई है, जिनमें 3 तटरक्षक बल के जवान, 1 अग्निशमन कर्मी और 1 बच्चा शामिल है. डीजेएमएम रेडियो से बात करते हुए, रेन्स ने तत्काल राहत सामग्री की अपील की. रेन्स ने कहा कि हमारी जल आपूर्ति प्रणाली क्षतिग्रस्त हो गई है और हमें अपने लोगों के लिए भोजन और स्वच्छ पानी की आवश्यकता है.

कई अग्निशमन कर्मी हुए घायल 
बोगो में प्रत्यक्षदर्शियों ने बताया कि भूकंप के तेज झटकों से दीवारें, घर और सड़कें टूटकर क्षतिग्रस्त हो गईं. अग्निशमनकर्मी रे कैटे ने बताया कि कैसे वह और उनके साथी भूकंप के झटकों से हैरान रह गए. कैटे ने कहा कि हम दिन की थकान मिटाने के लिए अपने बैरक में थे, तभी जमीन हिलने लगी और हम बाहर भागे, लेकिन तेज़ झटकों के कारण लड़खड़ाकर ज़मीन पर गिर पड़े. उन्होंने आगे बताया कि उनके अग्निशमन केंद्र की एक दीवार गिर गई, जिससे कई अग्निशमनकर्मी घायल हो गए.

दूसरे मंगलवार भी ‘जॉली एलएलबी 3’ का जलवा कायम, जबरदस्त कलेक्शन के साथ रचा नया इतिहास

अक्षय कुमार, अरशद वारसी और सौरभ शुक्ला स्टारर फिल्म ‘जॉली एलएलबी 3’ बॉक्स ऑफिस पर अपनी पकड़ मजबूत बनाए हुए है. ये फिल्म  अब घरेलू बॉक्स ऑफिस पर 100 करोड़ रुपये की कमाई की ओर बढ़ रही है. इस फिल्म ने 10 करोड़ रुपये से ज़्यादा की शानदार ओपनिंग की थी, जो अच्छी बात है क्योंकि यह उस तरह की फिल्म नहीं है जिसके लिए ब्लॉकबस्टर ओपनिंग की ज़रूरत हो. यह एक ‘वर्ड-ऑफ-माउथ’ फिल्म थी, जिसने आखिरकार वीकेंड में बढ़त हासिल की.  ​​नवरात्रि के दिनों के बावजूद, इसने पूरे हफ़्ते अपनी पेस बनाए रखी और दूसरे वीकेंड में भी उछाल देखा. हालांकि दूसरे सोमवार को फिल्म की कमाई में गिरावट भी देखी गई. चलिए यहां जानते हैं ‘जॉली एलएलबी 3’ ने रिलीज के 12वें दिन यानी दूसरे मंगलवार को कितना कलेक्शन किया है?

‘जॉली एलएलबी 3′ ने दूसरे मंगलवार को कितनी की कमाई?
‘जॉली एलएलबी 3’ की कमाई में सोमवार को, यानी 11वें दिन काफी गिरावट देखी गई, जो कि उम्मीद के मुताबिक थी. हालांकि  मंगलवार को दुर्गा अष्टमी थी. देर रात तक ‘पूजा’ और ‘गरबा नाइट्स’ के बावजूद, फिल्म ने 12वें दिन, मंगलवार को बढ़त हासिल की है. बता दें कि ‘जॉली एलएलबी 3’ ने पहले दिन 12.5 करोड़ रुपये कमाए थे. इसके बाद इसके पहले हफ्ते की कमाई 74 करोड़ रुपये रही.

  • वहीं 8वें दिन इस फिल्म ने 3.75 करोड़ रुपये कमाए. इसके बाद 9वें दिन फिल्म की कमाई 6.5 करोड़ रही. 10वें दिन ‘जॉली एलएलबी 3’ ने 6.25 करोड़ का कलेक्शन किया और 11वें दिन की कमाई 2.75 करोड़ रुपये रही.
  • वहीं सैकनिल्क की अर्ली ट्रेंड रिपोर्ट के मुताबिक ‘जॉली एलएलबी 3’ ने रिलीज के 12वें दिन यानी दूसरे मंगलवार को 3.75 करोड़ का कलेक्शन किया है.
  • इसी के साथ ‘जॉली एलएलबी 3’ की 12 दिनों की कुल कमाई अब 97 करोड़ रुपये हो गई है.

अक्षय कुमार की बनी महामारी के बाद चौथी सबसे कमाऊ फिल्म
इसके साथ ही यह फिल्म ‘केसरी 2’ को पछाड़ते हुए महामारी के बाद अक्षय कुमार की चौथी सबसे बड़ी कमाई वाली फिल्म बन गई है.  इस बीच, ‘जॉली एलएलबी 3’ को पवन कल्याण और इमरान हाशमी की ‘दे कॉल मी ओजी’ से भी कड़ी टक्कर मिल रही है. वहीं  2 अक्टूबर को गांधी जयंती और दशहरा के मौके पर दो नई फिल्में – ‘कांतारा: चैप्टर 1’ और ‘सनी संस्कारी की तुलसी कुमारी’ रिलीज़ होंगी, जो ‘जॉली एलएलबी 3’ को कड़ी टक्कर देंगी. लेकिन उम्मीद है कि यह शुक्रवार तक 100 करोड़ रुपये का आंकड़ा पार कर लेगी.

Heart Attack: हार्ट अटैक और स्ट्रोक के 99% मामले एक ही बड़ी गलती की वजह से होते हैं, क्या आप भी करते हैं ये काम?

 हार्ट अटैक और स्ट्रोक के मामले पिछले कुछ सालों में तेजी के साथ बढ़े हैं. अब इसको लेकर एक स्टडी सामने आई है, जिसमें इस बात को बताया गया है कि जिनको हार्ट अटैक या स्ट्रोक की समस्या होती है, उन्होंने अपनी लाइफ में कुछ ऐसी गलतियां की होती हैं, जिसके चलते उन्हें इस दिक्कत का सामना करना पड़ता है. इस रिसर्च में यह पता चला है कि, जिनको इस तरह की दिक्कत होती है उन्हें चार में से कम से कम एक कार्डियोवेस्कुलर की दिक्कत होने लगती है, जिसे वे इग्नोर कर देते हैं. चलिए आपको इस रिसर्च के बारे में बताते हैं कि यह कब हुआ और इसमें क्या निकलकर सामने आया है.

क्या निकला रिसर्च में?

अमेरिकन कॉलेज ऑफ कार्डियोलॉजी में पब्लिश इस रिसर्च में रिसर्चर को इसमें शामिल 99 प्रतिशत लोगों में हाई बीपी, हाई कोलेस्ट्रॉल, अनियमित शुगर लेवल और तंबाकू के सेवन से होने वाले हार्ट अटैक के लक्षण देखने को मिले. इनमें से सबसे कॉमन जो था, वह हाई बीपी की समस्या थी. शोध में इस बात का जिक्र किया गया कि इन सभी दिक्कतों को रोका या फिर मैनेज किया जा सकता था. इस पूरे रिसर्च के दौरान साउथ कोरिया के 600000 मामलों और अमेरिका के 1000 यूथ का लगातार 20 साल से ज्यादा समय तक अध्ययन किया गया. इसमें भाग लेने वाले ज्यादातर लोगों को ब्लड प्रेशर, कोलेस्ट्रॉल, ग्लूकोज और स्मोकिंग की लत या दिक्कत थी. इसमें साउथ कोरिया के 95 प्रतिशत प्रतिभागियों को हाई बीपी की समस्या थी और अमेरिका के प्रतिभागियों में यह समस्या 93 प्रतिशत के आसपास थी.

एक्सपर्ट का क्या है कहना?

इस रिसर्च के सीनियर लेखक फिलिप ग्रीनलैंड (Professor of Preventive Medicine at Northwestern University Feinberg School of Medicine) ने कहा कि सबसे जरूरी बात यह है कि ब्लड प्रेशर की समस्या को आसानी से डिटेक्ट किया जा सकता है. लेकिन ये asymptomatic होते हैं, इसलिए ये कभी-कभी दिखाई नहीं देते हैं. हमारी पूरी अध्ययन इसको ट्रैक करना और इनके रोकने पर टिका है. अमेरिकन हार्ट एसोसिएशन का कहना है कि अगर ब्लड प्रेशर का लेवल 120/80 है तो इसका इलाज करना जरूरी होता है. वहीं कोलेस्ट्रॉल का स्तर 200 mg/dL या फिर इससे ज्यादा होना खतरनाक होता है. ग्रीनलैंड ने कहा कि हार्ट डिजीज के कुछ अन्य कारण भी होते हैं, जैसे कि जेनेटिक या कुछ खास ब्लड मार्कर इनको रोका या फिर नियंत्रित नहीं किया जा सकता है. ज्यादातर डॉक्टर ब्लड प्रेशर को कंट्रोल में रखने की सलाह देते हैं और उम्र और बीमारी के अनुसार समय-समय पर इसकी जांच करवाने की सलाह देते रहते हैं.

Disclaimer: यह जानकारी रिसर्च स्टडीज और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है. इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें. किसी भी नई गतिविधि या व्यायाम को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर या संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

PoK में जुल्म के खिलाफ भड़का जनआक्रोश, भारी संख्या में लोग सड़कों पर उतरे, पुलिस ने गोलीबारी और आंसू गैस से किया हमला

पाकिस्तान के कब्जे वाले कश्मीर (पीओके) की राजधानी मुजफ्फराबाद में आज मंगलवार को कश्मीरियों के प्रदर्शन के दूसरे दिन शाम को हालात एक बार फिर से गृहयुद्ध जैसे हो गए. सड़क पर नारेबाजी कर रही जनता को तितर-बितर करने के लिए पहले पाकिस्तान की पुलिस और अर्धसैनिक बल फ्रंटियर कॉर्प्स ने आंसू गैस के गोले छोड़े, जिसके बाद कश्मीरी भीड़ और उग्र हो गई और उन्होंने पुलिस और पैरा-मिलिट्री पर जबरदस्त पथराव शुरू कर दिया और उन्हें दौड़ा दिया.

जिसके बाद हालात इतने बिगड़ गए कि पाकिस्तानी पुलिस और फ्रंटियर कॉर्प्स की गाड़ियां सड़कों से भागती नजर आईं और पुलिस और पैरा-मिलिट्री के जवान जान बचाकर भागकर गाड़ियों में बैठते दिखे.

जनता को डराने के लिए पाक पुलिस ने की हवाई फायरिंग

हालांकि, इस झड़प के बाद स्थानीय पुलिस ने जनता को डराने के लिए हवाई फायरिंग भी की, लेकिन इसके बावजूद कश्मीरियों का गुस्सा कम नहीं हुआ और लोग सड़कों पर डटे रहे. इसी बीच, रावलकोट और कोटली जैसे जिलों में भी शाम ढलने से पहले बड़े पैमाने पर कश्मीरियों ने जुलूस निकाले और पाकिस्तान सरकार के खिलाफ नारे लगाए और संदेश दिया की पाकिस्तानी कब्जे वाले कश्मीर की जनता अब इस्लामाबाद के हुक्म को मानने को तैयार नहीं है और ना ही इस्लामाबाद के आगे झुकेगी.

अवामी एक्शन कमेटी ने सरकार के सामने रखी मांग

कल तीसरे दिन भी अवामी एक्शन कमेटी की 38 मांगों की वजह से पूरे पीओके में बंद और पाकिस्तान विरोधी प्रदर्शन जारी रहेंगे. साथ ही आज मंगलवार को अवामी एक्शन कमेटी के सदस्य सरदार उमर नजीर ने ऐलान किया कि कि पाकिस्तानी सरकार से किसी भी तरह की बातचीत तभी होगी जब पहले पाकिस्तानी सरकार अपनी पुलिस और फ्रंटियर कॉर्प्स को पीओके से वापस पाकिस्तान बुलाएगी और इंटरनेट व कॉलिंग सेवाएं बहाल की जाएंगी.

PAK एजेंसियों की हरकतों को अवामी एक्शन कमेटी वैश्विक मंच पर लेकर जाएगी

इसके साथ ही अवामी एक्शन कमेटी ने घाटी में पाकिस्तानी सेना और खुफिया एजेंसी आईएसआई के दखल का आरोप लगाया और कहा कि पाकिस्तानी सेना और आईएसआई पीओके में भी वही हरकत करना चाहती है, जो पाकिस्तान के प्रांतों में करती है. अवामी एक्शन कमेटी के सदस्य शौकत नवाज मीर ने कहा कि पाकिस्तानी सरकार की जिन संस्थाओं का काम देश की रक्षा करना है वो कश्मीरियों के प्रदर्शन को रोकने में शामिल हो रहे हैं. साथ ही इन सरकरी संस्थाओं ने जो ट्रेंड पूरे पाकिस्तान में चलाया है उसे कश्मीर में भी चलाया जा रहा है. ऐसे में अवामी एक्शन कमेटी अब इन संस्थाओं की हरकतों को वैश्विक मंच पर लेकर जाएगी.

Richest Women Cricketer: दुनिया की पांच सबसे अमीर महिला क्रिकेटर कौन हैं? नंबर वन पर कौन है?

 महिला क्रिकेट आज जिस मुकाम पर है, वहां खिलाड़ी सिर्फ मैदान पर ही नहीं, बल्कि कमाई के मामले में भी नया इतिहास लिख रही हैं. इंटरनेशनल कॉन्ट्रैक्ट्स, फ्रेंचाइजी लीग्स और बड़े-बड़े ब्रांड एंडोर्समेंट्स ने महिला क्रिकेटरों की नेटवर्थ को नई ऊंचाइयों तक पहुंचा दिया है. 2024–25 के ताजा आंकड़ों के मुताबिक, दुनिया की टॉप 5 सबसे अमीर महिला क्रिकेटर में ऑस्ट्रेलिया और भारत की खिलाड़ी सबसे आगे है

एलिस पेरी – ऑस्ट्रेलिया

नेटवर्थ: 14–15 मिलियन डॉलर

महिला क्रिकेट की “सुपरस्टार” कही जाने वाली एलिस पेरी दुनिया की सबसे अमीर महिला क्रिकेटरों की लिस्ट में सबसे आगे हैं. शानदार ऑलराउंडर और डब्ल्यूपीएल की महंगी खिलाड़ी होने के साथ-साथ उनके पास कई ग्लोबल ब्रांड्स के एंडोर्समेंट हैं. पेरी ने लंबे इंटरनेशनल करियर और डब्ल्यूबीबीएल जैसे लीग्स से भी भारी कमाई की है.

मेग लैनिंग – ऑस्ट्रेलिया

नेटवर्थ: 9 मिलियन डॉलर

पूर्व ऑस्ट्रेलियाई कप्तान मेग लैनिंग क्रिकेट इतिहास की सबसे सफल महिला कप्तानों में से एक हैं. उनकी अगुवाई में ऑस्ट्रेलिया ने कई वर्ल्ड कप जीते हैं. लैनिंग की कमाई का बड़ा हिस्सा उनके इंटरनेशनल करियर और लीग्स से आता है.

मिताली राज – भारत

नेटवर्थ: 5 मिलियन डॉलर (लगभग 42 करोड़ रुपये)

भारतीय महिला क्रिकेट की “लेजेंड” मिताली राज आज भले ही इंटरनेशनल क्रिकेट से संन्यास ले चुकी हों, लेकिन उनकी ब्रांड वैल्यू और क्रिकेट से जुड़ी भूमिका अभी भी कायम है. डब्ल्यूपीएल में गुजरात जायंट्स की मेंटर बनने के बाद उनकी आय में और इजाफा हुआ है.

स्मृति मंधाना – भारत

नेटवर्थ: 4–5 मिलियन डॉलर (33–34 करोड़ रुपये)

भारतीय ओपनर स्मृति मंधाना सिर्फ मैदान पर ही नहीं, बल्कि कमाई के मामले में भी स्टार हैं. वह बीसीसीआई के ग्रेड-ए कॉन्ट्रैक्ट से कमाई करती हैं और डब्ल्यूपीएल की सबसे महंगी खिलाड़ी भी रही हैं. उनके पास कई नामी ब्रांड्स के विज्ञापन हैं.

हरमनप्रीत कौर – भारत

नेटवर्थ: 3–4 मिलियन डॉलर (26–33 करोड़ रुपये)

भारतीय टीम की कप्तान हरमनप्रीत कौर अपने आक्रामक अंदाज और पावर-हिटिंग के लिए जानी जाती हैं. मुंबई इंडियंस (WPL) की कप्तानी के साथ-साथ बीसीसीआई कॉन्ट्रैक्ट और ब्रांड एंडोर्समेंट्स से वह अच्छी खासी कमाई करती हैं.