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चैंपियंस ट्रॉफी पर मंडराया संकट: इस्लामाबाद में विरोध प्रदर्शनों के चलते इस टीम का मैच स्थगित

चैंपियंस ट्रॉफी 2025 की मेजबानी पाकिस्तान को मिली है, लेकिन बीसीसीआई ने पाकिस्तान टीम भेजने से मना कर दिया और हाइब्रिड मॉडल की मांग रखी, जिसे पीसीबी ने सिरे से नकार दिया। इसी वजह से चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर पेंच फंसा हुआ है। अब चैंपियंस ट्रॉफी को लेकर संकट और गहरा गया है। जब पूर्व पाकिस्तानी कप्तान और पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान की पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ पार्टी ने रविवार से इस्लामाबाद की ओर विरोध मार्च शुरू किया। प्रदर्शनकारियों और कानून प्रवर्तन एजेंसियों तथा सुरक्षा बलों के बीच झड़प और हिंसा की घटनाएं हुई हैं। संघीय गृह मंत्री मोहसिन नकवी ने घोषणा की थी कि स्थिति को शांत करने के लिए सेना को बुलाया गया है। नकवी पीसीबी के अध्यक्ष भी हैं। इस्लामाबाद में राजनीतिक विरोध की वजह से श्रीलंका-ए स्वदेश लौट जाएगी, जो पाकिस्तान-ए के खिलाफ तीन मैचों की सीरीज खेल रही थी।

श्रीलंका-ए के दो मैचों को किया गया स्थगित

पाकिस्तान क्रिकेट बोर्ड ने इस बात की पुष्टि की है कि राजधानी इस्लामाबाद में राजनीतिक गतिविधि होने के कारण उसने श्रीलंका क्रिकेट के साथ सलाह-मशविरे के बाद पाकिस्तान-ए और श्रीलंका-ए के बीच होने वाले आखिरी दो 50 ओवर्स के मैच को स्थगित कर दिया है। स्थगित किए गए मैच बुधवार और शुक्रवार को रावलपिंडी में खेले जाने थे। लेकिन इमरान खान की पार्टी पीटीआई के समर्थकों ने राजधानी इस्लामाबाद को पूरी तरह से ठप्प कर दिया है और विरोध प्रदर्शनों को देखते हुए बड़ा फैसला लिया गया है।

नई तारीखों का बाद में हो सकता है ऐलान

ये दोनों मैच 27 और 29 नवंबर को रावलपिंडी क्रिकेट ग्राउंड में खेले जाने थे। इससे पहले पाकिस्तान-ए ने सोमवार को इस्लामाबाद में पहले मैच में मेहमान टीम को 108 रन से हराया था और सीरीज में 1-0 की लीड ली थी। पहले मैच में पाकिस्तान-ए ने बैटिंग करते हुए कुल 306 रन बनाए थे, जिसके जवाब में श्रीलंका-ए टीम सिर्फ 198 रनों पर सिमट गई थी। पाकिस्तान-ए के लिए हैदर अली ने बेहतरीन शतक लगाया था। उन्होंने 108 रनों की पारी खेली थी। शानदार प्रदर्शन के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द अवॉर्ड दिया गया था। पीसीबी ने प्रेस रिलीज में बताया है कि पाकिस्तान और श्रीलंका दोनों बोर्ड सीरीज को पूरा करने के लिए नई तारीखों को अंतिम रूप देने के लिए मिलकर काम करेंगे।

WTC फाइनल की रेस से बाहर टीम ने टेस्ट मैच में जीत दर्ज की: Points Table पर पड़ा ऐसा प्रभाव

वर्ल्ड टेस्ट चैंपियनशिप 2023-25 का फाइनल मुकाबला जून 2025 में लॉर्ड्स के ऐतिहासिक मैदान पर खेला जाएगा। पांच टीमें अभी भी फाइनल में जाने की रेस में बनी हुई हैं। इनमें भारत, ऑस्ट्रेलिया, श्रीलंका, न्यूजीलैंड और साउथ अफ्रीका शामिल हैं। वहीं वेस्टइंडीज की टीम फाइनल की रेस से बाहर हो चुकी हैं। लेकिन टीम अभी बांग्लादेश के खिलाफ दो टेस्ट मैचों की सीरीज खेल रही है, जो WTC का हिस्सा है। इस सीरीज के पहले मैच में वेस्टइंडीज ने बांग्लादेश को 201 से हरा दिया है।

पहली बार में बनाए 450 रनों का बड़ा स्कोर

वेस्टइंडीज ने पहली पारी में 450 रन बनाए थे। इसके बाद बांग्लादेश ने पहली पारी में 269 रन बनाए। इस तरह से पहली पारी के आधार पर वेस्टइंडीज को 181 रनों की बढ़त मिल गई। फिर दूसरी पारी में वेस्टइंडीज के बल्लेबाज अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाए और आउट हो गए। दूसरी पारी में पूरी विंडीज टीम सिर्फ 152 रन ही बना सकी। इस तरह से बांग्लादेश को जीतने के लिए 334 रनों का टारगेट मिला, जिसके जवाब में बांग्लादेश की टीम 132 रनों पर सिमट गई।

जस्टिन ग्रीव्स ने लगाया बेहतरीन शतक

बांग्लादेश के लिए दोनों पारियों में कोई भी बल्लेबाज अच्छा प्रदर्शन नहीं कर पाया। दूसरी पारी में टीम के लिए कप्तान मेहदी हसन मिराज ने सबसे ज्यादा 45 रन बनाए। उनके अलावा बाकी के बल्लेबाज बुरी तरह से फ्लॉप रहे। दूसरी तरफ जस्टिन ग्रीव्स वेस्टइंडीज के लिए सबसे बड़े हीरो साबित हुए। उन्होंने पहली पारी में शतक लगाते हुए 115 रनों की पारी खेली थी। इसके अलावा उन्होंने मैच में दो विकेट भी हासिल किए। बेहतरीन प्रदर्शन के लिए उन्हें प्लेयर ऑफ द मैच अवॉर्ड दिया गया।

वेस्टइंडीज को प्वाइंट्स टेबल में एक स्थान का हुआ फायदा

वेस्टइंडीज के मैच जीतने से WTC 2023-25 की प्वाइंट्स टेबल पर ज्यादा फेरबदल नहीं हुआ है। मैच से पहले विंडीज की टीम आखिरी पायदान पर थी। वह एक स्थान ऊपर उठकर 8वें नंबर पहुंच गई है। वहीं बांग्लादेश की टीम 9वें नंबर पर खिसक गई। दोनों ही टीमें WTC फाइनल की रेस से बाहर हैं। वेस्टइंडीज की टीम ने अभी तक कुल 10 मुकाबले खेले हैं, जिसमें से दो में जीत हासिल की है और 6 में हार का सामना करना पड़ा है। उसका पीसीटी 26.67 है। बांग्लादेश के बाद वेस्टइंडीज को पाकिस्तान के खिलाफ भी दो टेस्ट मैचों की सीरीज खेलनी है।

विश्व प्रसिद्ध मनौना धाम में एकादशी पर उमड़ा श्रद्धालुओं का सैलाब: श्यामगंज स्थित खाटूश्याम सर्वदेव मंदिर में भजन संध्या के दौरान भक्तों ने भजनों पर झूमकर किया आनंदित

मंगलवार को “उत्पन्ना एकादशी” के अवसर पर विश्व प्रसिद्ध मनौना धाम में लाखो श्रदालुओ ने खाटू श्याम के दर्शन किए। वही बरेली के श्यामगंज स्थित खाटूश्याम मंदिर में इस मौके पर भजन संध्या हुई। जिसमे बाबा खाटू श्याम के भजनों पर भक्त जमकर झूमे। एकादशी होने के का

देश के अलग अलग राज्यों से आए श्रद्धालु

मंदिर परिसर में मौजूद बैरीकेडिंग के पूर्ण होने के बाद भी पार्किंग तक श्रद्धालुओं की लम्बी लाइनें लगी रहीं। इस दौरान यूपी, उत्तराखंड, दिल्ली, हरियाणा, राजस्थान, गुजरात, महाराष्ट्र, मध्य प्रदेश, आंध्र प्रदेश सहित देश के अलग अलग राज्यों से एक लाख से अधिक श्रद्धालुओं ने मनौना धाम के दर्शन किए। सुबह तड़के से लेकर रात तक श्रद्धालु मनौना धाम पहुंचते रहे।

डीजे पर निशान यात्रा लेकर बड़ी संख्या में मनौना धाम पहुंचे श्रद्धालु

उत्पन्ना एकादशी होने की वजह से भक्त डीजे के साथ निशान यात्रा लेकर मनौना धाम पहुंचे। भक्तों की लाइनें सोमवार रात्रि से ही लगनी शुरु हो गयी थीं। इस दौरान दर्जनों सेवादार भक्तों की सेवा में लगे रहे। सुरक्षा की दृष्टि से पुलिस प्रशासन मौजूद रहा।

श्याम जल लेकर अपने-अपने घरों को श्रदालुओं ने किया प्रस्थान

मंदिर के व्यवस्थापक आर्येंद्र सिंह चौहान ने बताया कि मनौना धाम कर बाबा श्याम के दर्शन करने और महंत जी से श्याम जल का सेवन करने से सभी भक्तों की मनोकामनाएं पूर्ण हो रही हैं। उन्होंने कहा कि यहां पर जो भी श्रद्धालु श्रद्धा के साथ आते हैं वह खाली हाथ नहीं जाते हैं।

कोलकाता और बैंगलोर से आए फूलो से किया गया खाटू श्याम का श्रंगार

श्री शिरडी साई खाटूश्याम सर्वदेव मंदिर श्यामगंज में मंगलवार को मार्गशीर्ष मास के कृष्णपक्ष की उत्पन्ना एकादशी को बाबा श्याम का दिव्य अद्भुत अलौकिक श्रंगार किया गया। मंदिर के महंत पंडित सुशील कुमार पाठक ने जानकारी देते हुए बताया बाबा श्याम का दिव्य अद्भुत श्रंगार कोलकाता और बैंगलोर से आए फूलो की मालाएं मंगवाकर किया गया। एकादशी के मौके पर श्याम बाबा के मंदिर में विशेष सजावट की गई।

खाटू श्याम के भजनों पर झूम उठे भक्त

बाबा श्याम के दर्शन से बडी से बडी परेशानियां दूर हो जाती है। इनके दरबार में आकर असीम शांति की अनुभूति होती है। मंदिर के महंत सुशील पाठक ने बताया प्रत्येक ग्यारस (एकादशी) को मंदिर मे श्याम गुणगान किया जाता है। मंगलवार को मंदिर को फूलो और रंगीन गुब्बारो से सजाया गया। बाबा श्याम का गुणगान अपने निर्धारित समय सायं साढ़े 6 बजे से श्याम इच्छा तक चला। जिसमे भक्तो ने झूम झूम नाच-नाच कर श्याम गुणगान का आनंद लिया। भजन गायक सोनल चंचल, प्रियंका चौहान, अभिषेक, अभिराज ने इस तरह से बाबा श्याम का गुणगान किया भक्तो को नाचने को मजबूर कर दिया।

नोएडा का स्टाफ DNGIR की डेडिकेटेड सेल में होगा शामिल: खाली पदों की भर्ती पर शासन स्तर पर चर्चा जारी, 209 वर्ग किलोमीटर में बसाया जाएगा नया शहर

न्यू नोएडा (DNGIR) के अधिसूचित गांव का निरीक्षण करते सीईओ लाेकेश एम

न्यू नोएडा मास्टर प्लान अप्रूव हो चुका है। जमीन अधिग्रहण के लिए 1000 करोड़ रुपए रिजर्व किया गया। नोएडा प्राधिकरण के स्वीकृत पदों से ही DNGIR के गठित डेडिकेटिड सेल में स्टॉफ को पोस्ट किया जाएगा। ताकि समय से न्यू नोएडा को बसाने की प्रक्रिया को शुरू किया

नोएडा और न्यू नोएडा यानी डीएनजीआईआर में प्लाट काटने , प्लान सिटी बसाने के लिए यहां कुल 43 पद स्वीकृत है। इसमें से महज 5 पद पर ही अधिकारी नियुक्त है। 38 पद खाली है। ऐसे में DNGIR का काम धीमी गति से हो रहा है। बता दे प्लानिंग विभाग का काम अर्जित भूमि पर नक्शा बनाना, प्लाट काटना और योजनाओं को खसरे के अनुसार सुपर इंपोज करना है।

वर्तमान में क्या है स्थिति इसे देखो

पद का नामस्वीकृत पदों की संख्यावर्तमान में तैनातीरिक्त पद
महाप्रबंधक01010
उप महाप्रबंधक02002
वरिष्ठ प्रबंधक030102
प्रबंधक080008
सहायक प्रबंधक210219
वरिष्ठ मानचित्रक020101
मानचित्रक060006
कुल430538

न्यू नोएडा में सबसे पहले जमीन अधिग्रहण की प्रक्रिया की जाएगी। यहां किसानों से आपसी सहमति से जमीन खरीदी जाएगी। इसके लिए प्राधिकरण के भू लेख के साथ सलाहकार कंपनी भी मदद करेगी। हालांकि स्टॉफ की कमी के चलते ये काम धीमी गति से चल रहा है। वर्तमान में नोएडा प्राधिकरण में भू लेख विभाग में 24 पद स्वीकृत है। इस सभी पद को मिलाकर कुल 9 अधिकारी ही नियुक्त है। 17 अब भी खाली है। जबकि बिना इन अधिकारियों के जमीन अधिग्रहण करना मुश्किल है।

भू लेख विभाग की स्थिति देखे

पदनामस्वीकृत पदकार्यरतरिक्त
उप जिलाधिकारी(उप्र केंद्रीयित सेवा नियमावली 2018 से प्रथक)01 प्रतिनियुक्ति0001
तहसीलदार(उप्र केंद्रीयित सेवा नियमावली 2018 से प्रथक)05 प्रतिनियुक्ति0203
नायाब तहसीलदार(उप्र केंद्रीयित सेवा नियमावली 2018 से प्रथक)000100
राजस्व निरीक्षक(उप्र केंद्रीयित सेवा नियमावली 2018 से प्रथक)000100
सुपरवाइजर कानूनगो(उप्र केंद्रीयित सेवा नियमावली 2018 से प्रथक)060006
लेखपाल(उप्र केंद्रीयित सेवा नियमावली 2018 से प्रथक)120507

सेटलाइट इमेज से सर्वे न्यू नोएडा में जमीन अधिग्रहण का रास्ता साफ हो गया है। यहां आपसी सहमति के आधार पर जमीन का अधिग्रहण किया जाएगा। इसके लिए सेट लाइट सर्वे किया जा रहा है। जिसमें सभी फेज की इमेज ली जा रही है। इसी निर्माण के अनुसार ही आबादी की जमीन का निर्धारण किया जाएगा। क्योंकि प्राधिकरण ने अक्टूबर 2024 में न्यू नोएडा की अधिसूचित करीब 209 वर्गकिमी के एरिया में निर्माण पर रोक लगा दी है। प्राधिकरण ने बताया कि न्यू नोएडा के पहले फेज में 3165 हेक्टेयर जमीन अधिग्रहीत की जाएगी।

209.11 वर्गकिमी में बसेगा नया शहर न्यू नोएडा 209.11 वर्गकिमी में यानी 20 हजार 911.29 हेक्टेयर में बसाया जाएगा। इस मास्टर प्लान को चार फेज में पूरा किया जाएगा। 2023-27 तक इसके 3165 हेक्टेयर को विकसित किया जाएगा। इसी तरह 2027 से 2032 तक 3798 हेक्टेयर एरिया को विकसित किया जाएगा। इसके बाद 2032-37 तक 5908 हेक्टेयर और अंत में 2037-41 तक 8230 हेक्टेयर जमीन को विकसित करने का प्लान है। इसके लिए जमीन अधिग्रहण नीति क्या होगी। इसके लिए शासन स्तर पर गाइड लाइन जारी की जाएगी।

इस शहर का मास्टर प्लान के अनुसार क्या किया गया ब्रेकअप

लैंड यूजहेक्टेयर
रेजिडेंशियल2810.54
कमर्शियल849.97
पीएसपी इंस्टीट्यूशनल1739.93
फैसिलिटी / यूटिलिटी195.97
इंडस्ट्री8420
ग्रीन पार्क1792.26
ग्रीन बेल्ट एंड बफर1432.73
रिक्रेशनल530.22
वाटर बॉडी122.77
ट्रैफिक और ट्रांसपोटेशन2963.61

SC ने नेताओं पर सवाल उठाते हुए कहा- EVM में छेड़छाड़ का मुद्दा केवल हारने पर ही क्यों उठता है?

सुप्रीम कोर्ट ने देश में फिर से मतपत्रों के जरिये वोटिंग कराने की पुरानी व्यवस्था शुरू करने संबंधी याचिका आज यानी मंगलवार को खारिज कर दी। साथ ही नेताओं के इस रवैये के प्रति सख्त टिप्पणी भी की। कोर्ट ने कहा कि जब लोग हारते हैं तभी इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग मशीन (EVM) में छेड़छाड़ होते हैं। जस्टिस विक्रम नाथ और जस्टिस पी बी वराले की बेंचि ने इस याचिका की सुनवाई की।

‘…तो ईवीएम से छेड़छाड़ नहीं होती’

बेंच ने मामले पर टिप्पणी की, “होता यह है कि जब आप चुनाव जीतते हैं तो ईवीएम से छेड़छाड़ नहीं होती। जब आप चुनाव हार जाते हैं तो ईवीएम से छेड़छाड़ हो जाती है।” पिटीशन में मतपत्र से वोटिंग कराए जाने के अतिरिक्त कई अन्य गाइडलाइन दिए जाने का भी अनुरोध किया गया था। पिटीशनर ने अपनी पिटीशन में चुनाव आयोग को यह निर्देश देने का अनुरोध किया था कि यदि कोई उम्मीदवार चुनाव के दौरान वोटरों को धन, शराब या अन्य कोई लालच वाली वस्तुएं बांटते हुए दोषी पाया जाता है, तो उसे कम से कम 5 साल के लिए अयोग्य घोषित किया जाए। इस पिटीशन को के.ए.पॉल नाम के एक पिटीशनर ने दायर की थी।

ये शानदार विचार कहां से मिलते हैं?

बेंच ने सुनवाई करते हुए मामले में कहा,”आपके पास दिलचस्प जनहित याचिकाएं हैं। आपको ये शानदार विचार कहां से मिलते हैं?” पिटीशनर ने कोर्ट से कहा कि वह एक ऐसे संगठन के अध्यक्ष हैं जिसने 3 लाख से ज्यादा अनाथों और 40 लाख विधवाओं को बचाया है। कोर्ट ने इसके जवाब में कहा,”आप इस राजनीतिक क्षेत्र में क्यों पड़ रहे हैं? आपका काम इस क्षेत्र काफी अलग है।” इसके बाद पॉल ने जब बताया कि वह 150 से अधिक देशों की यात्रा कर चुके हैं, तो कोर्ट ने उनसे पूछा कि क्या इन देशों में मतपत्रों के जरिये वोटिंग होती है या वहां इलेक्ट्रॉनिक वोटिंग का इस्तेमाल होता है। इस पर पॉल ने कहा कि अन्य देशों ने मतपत्रों के जरिए मतदान की प्रक्रिया को अपनाया है और भारत को भी ऐसा ही करना चाहिए।

दुनिया से क्यों अलग नहीं होना चाहते?

इसके बाद सुप्रीम कोर्ट ने कहा, “आप बाकी दुनिया से क्यों अलग नहीं होना चाहते?” जिस पर पॉल ने जवाब दिया कि भ्रष्टाचार हुआ है और इस साल यानी 2024 के जून में चुनाव आयोग ने जानकारी दी थी कि उन्होंने 9 हजार करोड़ रुपये सीज किए हैं। फिर कोर्ट ने कहा, “लेकिन इससे आपकी बात कैसे सही हो गई? यदि देश मतपत्र की ओर लौटते है, तो क्या भ्रष्टाचार नहीं होगा?”

“हमें किसी चुनाव के लिए कभी कोई पैसा नहीं मिला”

आगे पिटीशनर पॉल ने दावा किया कि टेस्ला के सीईओ और को-फाउंडर एलन मस्क ने कहा है कि ईवीएम से छेड़छाड़ की जा सकती है। उन्होंने कहा कि आंध्र प्रदेश के सीएम एवं तेलुगु देशम पार्टी चीफ एन चंद्रबाबू नायडू और राज्य के पूर्व मुख्यमंत्री वाई एस जगन मोहन रेड्डी ने भी दावा किया है कि ईवीएम से छेड़छाड़ की जा सकती है।

इस पर बेंच ने कहा, “जब चंद्रबाबू नायडू हारे थे, तो उन्होंने कहा था कि ईवीएम से छेड़छाड़ की जा सकती है। अब इस बार जगन मोहन रेड्डी हारे हैं तो उन्होंने कहा है कि ईवीएम से छेड़छाड़ की जा सकती है।” फिर आगे पॉल ने कहा कि हर कोई जानता है कि चुनावों में पैसे बांटे गए थे तो बेंच ने टिप्पणी की, “हमें किसी चुनाव के लिए कभी कोई पैसा नहीं मिला।”