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डॉ. राजेश्वर सिंह स्नेह मिलन समारोह: नए साल के मौके पर जनता से मिले सरोजनीनगर विधायक, डॉ. सिंह ने आतंकी घटनाओं पर कहा- चुप्पी आतंकवाद का मौन समर्थन है, आतंकी बर्बरता की निंदा में विफल लोग उतने ही दोषी हैं जितना हमलावर

डॉ. राजेश्वर सिंह स्नेह मिलन समारोह: नए साल के मौके पर जनता से मिले सरोजनीनगर विधायक, डॉ. सिंह ने आतंकी घटनाओं पर कहा- चुप्पी आतंकवाद का मौन समर्थन है, आतंकी बर्बरता की निंदा में विफल लोग उतने ही दोषी हैं जितना हमलावर
डॉ. राजेश्वर सिंह स्नेह मिलन समारोह: नए साल के मौके पर जनता से मिले सरोजनीनगर विधायक, डॉ. सिंह ने आतंकी घटनाओं पर कहा- चुप्पी आतंकवाद का मौन समर्थन है, आतंकी बर्बरता की निंदा में विफल लोग उतने ही दोषी हैं जितना हमलावर
डॉ. राजेश्वर सिंह स्नेह मिलन समारोह: नए साल के मौके पर जनता से मिले सरोजनीनगर विधायक, डॉ. सिंह ने आतंकी घटनाओं पर कहा- चुप्पी आतंकवाद का मौन समर्थन है, आतंकी बर्बरता की निंदा में विफल लोग उतने ही दोषी हैं जितना हमलावर
  • सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह द्वारा नए साल के मौके पर आशियाना आवास पर आयोजित स्नेह मिलन कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोग पहुंचे।
  • डॉ.सिंह ने विकास कार्यों पर सुझाव और गंभीर चर्चाओं के बीच जनता के साथ 3 घंटे तक संवाद किया।
  • उन्होंने आयोजन को आत्मीयता और क्षेत्रीय एकता का प्रतीक बताया।
  • डॉ. राजेश्वर सिंह ने न्यू ऑरलियन्स और मोंटेनेग्रो में हुए आतंकी हमलों की कड़ी निंदा की।
  • डॉ.सिंह ने आतंकी घटनाओं पर चुप्पी को आतंकवाद का मौन समर्थन बताया।

लखनऊ, 02 जनवरी 2025: सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने नए साल के मौके पर गुरुवार को अपने आशियाना आवास पर क्षेत्रीय जनता के साथ स्नेह मिलन और जन संवाद किया। इस दौरान बड़ी संख्या में भाजपा नेता, कार्यकर्ता और स्थानीय जनता विधायक आवास पहुंचे। डॉ. राजेश्वर सिंह भी गुलदस्तों और शुभकामनाओं के आदान-प्रदान, हंसी-खुशी के अनमोल पल, गंभीर चर्चाओं और विकास कार्यों पर महत्वपूर्ण सुझावों के बीच चाय-नाश्ते के साथ लगातार 3 घंटे से अधिक समय तक लोगों से मिलते नजर आये।

डॉ. सिंह ने अमेरिका के न्यू ऑरलियन्स और मोंटेनेग्रो में हुए आतंकी हमलों पर अपनी तीखी प्रतिक्रिया दी है। इन हमलों में निर्दोष लोगों की मौत पर गहरी चिंता व्यक्त करते हुए उन्होंने इसे मानवता के खिलाफ गंभीर अपराध करार दिया। डॉ. सिंह ने आतंकी बर्बरता की निंदा में विफल रहने वालों को भी दोषी ठहराते हुए इसे आतंकवाद का मौन समर्थन कहा।

स्नेह मिलन: जनता से जुड़े डॉ. राजेश्वर सिंह

नए साल के शुभ अवसर पर डॉ. राजेश्वर सिंह ने अपने आशियाना आवास पर स्नेह मिलन और जनसंवाद का आयोजन किया। इस कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्रीय जनता, भाजपा कार्यकर्ता और पार्टी के वरिष्ठ नेता उपस्थित हुए। आयोजन का मुख्य उद्देश्य जनता के साथ संवाद स्थापित करना और विकास कार्यों पर चर्चा करना था।

न्यू ऑरलियन्स और मोंटेनेग्रो में आतंकी हमले

डॉ. राजेश्वर सिंह ने सोशल मीडिया के माध्यम से न्यू ऑरलियन्स और मोंटेनेग्रो में हुए आतंकी हमलों की जानकारी साझा करते हुए गहरी संवेदना व्यक्त की। न्यू ऑरलियन्स में एक ट्रक द्वारा भीड़ पर रैमिंग की घटना हुई, जिसमें 15 निर्दोष लोगों की जान चली गई। इस भयावह हमले ने नए साल के उत्सव को मातम में बदल दिया। वहीं, मोंटेनेग्रो के सिटीनेज शहर में एक अन्य आतंकी घटना के दौरान गोलीबारी की गई, जिसमें 10 लोगों की मौत हो गई। मरने वालों में दो मासूम बच्चे भी शामिल थे।

डॉ. सिंह ने इन हमलों की निंदा करते हुए कहा कि ऐसे आतंकी कृत्य समाज के ताने-बाने को कमजोर करते हैं और मानवता पर कलंक हैं। उन्होंने इन घटनाओं को लेकर अंतरराष्ट्रीय समुदाय से सख्त कदम उठाने की अपील की।

राजनीतिक दलों की चुप्पी पर सवाल

डॉ. सिंह ने इन घटनाओं पर राजनीतिक दलों की चुप्पी को भी कठघरे में खड़ा किया। उन्होंने कहा, “जो लोग इन घटनाओं पर चुप्पी साधे हुए हैं, वे इस आतंकवाद का अप्रत्यक्ष समर्थन कर रहे हैं।” उन्होंने जोर देकर कहा कि यह समय है जब सभी राजनीतिक दलों को हिंसा, आतंकवाद और अन्याय के खिलाफ एकजुट होना चाहिए।

उन्होंने आगे कहा, “हम उन लोगों को कैसे सहन कर सकते हैं जो दूसरों की खुशियों को बर्दाश्त नहीं कर सकते? आतंकवाद और हिंसा का समर्थन करने वालों की निंदा होनी चाहिए।” डॉ. सिंह ने राजनीतिक दलों और नेताओं से आग्रह किया कि वे इस मुद्दे पर अपनी स्थिति स्पष्ट करें और आतंकवाद के खिलाफ खड़े हों।

हिंसा और आतंकवाद के खिलाफ एकजुटता का आह्वान

डॉ. सिंह ने अपने संदेश में शांति, न्याय और मानवता के लिए खड़े होने का आह्वान किया। उन्होंने लिखा, “यह समय है जब हमें अन्याय के खिलाफ आवाज उठानी चाहिए। हर प्रकार की हिंसा और इसके अपराधियों की कड़ी निंदा की जानी चाहिए। अब कोई बहाना नहीं, अब कोई चुप्पी नहीं।” उन्होंने कहा कि हिंसा और आतंकवाद को समाप्त करने के लिए सभी राजनीतिक नेताओं और पार्टियों को सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए।

स्नेह मिलन कार्यक्रम की प्रमुख बातें:

डॉ. सिंह ने इस अवसर पर अपने आवास पर सभी का स्वागत किया और जनता के साथ आत्मीय संवाद किया। उन्होंने कहा कि इस आयोजन का उद्देश्य न केवल शुभकामनाओं का आदान-प्रदान करना था, बल्कि क्षेत्रीय विकास के लिए जनभागीदारी सुनिश्चित करना भी था।

जनता से संवाद: डॉ. सिंह ने जनता की समस्याओं को सुना और उनके समाधान के लिए आश्वासन दिया। उन्होंने कहा कि क्षेत्रीय विकास के लिए जनता की राय और सुझाव अत्यंत महत्वपूर्ण हैं।

विकास कार्यों पर चर्चा: उन्होंने इस अवसर पर विकास कार्यों पर चर्चा की और जनता से उनके सुझाव प्राप्त किए। डॉ. सिंह ने कहा कि उनका मुख्य उद्देश्य क्षेत्र की बुनियादी समस्याओं का समाधान करना और विकास के नए आयाम स्थापित करना है।

सकारात्मकता और आत्मीयता का संदेश: उन्होंने कहा, “यह स्नेह मिलन न केवल एक सामाजिक कार्यक्रम है, बल्कि यह हमारी जनता के साथ संबंधों को और मजबूत बनाने का अवसर भी है।” उन्होंने इस आयोजन को आत्मीयता और क्षेत्रीय एकता का प्रतीक बताया।

प्रमुख अतिथि और उपस्थित नेता

डॉ. सिंह के स्नेह मिलन के इस आयोजन में भाजपा के कई वरिष्ठ नेता और क्षेत्रीय प्रतिनिधि उपस्थित थे। इस मौके पर भाजपा जिलाध्यक्ष विनय प्रताप सिंह, पूर्व जिलाध्यक्ष श्रीकृष्ण लोधी, महानगर महामंत्री पुष्कर शुक्ला, नानक चंद लखमानी, भाजपा नेता शिव शंकर सिंह, राजेश सिंह चौहान, गणेश चन्द्र जोशी, गणेश पाण्डेय, ब्लाक प्रमुख सुनील कुमार, पार्षद सौरभ सिंह मोनू, कौशलेन्द्र द्विवेदी, के. एन सिंह, हिमांशु अम्बेडकर, पार्षद प्रतिनिधि कमलेश सिंह एवं लवकुश रावत, मंडल अध्यक्ष विनोद मौर्या, के.के. श्रीवास्तव, विवेक राजपूत एवं शिव बक्श सिंह, श्याम जी, डॉ. रीना उपाध्याय, प्रियंका सिंह, रश्मि सिंह, रीना त्रिपाठी, मधु चौरसिया, रीना दीक्षित, आशू शुक्ला, भुवनेंद्र सिंह मुन्ना, चंदर सिंह, जितेन्द्र सिंह, हेमवती सिंह, जानकी अधिकारी, करुणा सारस्वत, नितिन सिंघल, मनीष शुक्ला, वैभव सिंह, पंकज त्रिपाठी, सुभाष पासी, वीरू सिंह, राकेश सिंह बबलू , संतोष सिंह प्रधान, विवेक सिंह तोमर, हेमंत दयाल, शेर अली खान, शिव प्रकाश मिश्र जी व अन्य भाजपा नेता मौजूद रहे।

डॉ. सिंह ने आयोजन के समापन पर सभी अतिथियों और जनता का आभार व्यक्त किया और विश्वास दिलाया कि उनकी सरकार और पार्टी क्षेत्रीय विकास के लिए प्रतिबद्ध है।

श्रीराम कथा महोत्सव आचार, विचार और आहार का मार्गदर्शन: जीवन जीने की कला सिखाती है श्रीराम कथा

श्रीराम कथा महोत्सव आचार, विचार और आहार का मार्गदर्शन: जीवन जीने की कला सिखाती है श्रीराम कथा
श्रीराम कथा महोत्सव आचार, विचार और आहार का मार्गदर्शन: जीवन जीने की कला सिखाती है श्रीराम कथा
श्रीराम कथा महोत्सव आचार, विचार और आहार का मार्गदर्शन: जीवन जीने की कला सिखाती है श्रीराम कथा
  • श्रीराम कथा ने जीवन जीने की कला और मानवता का महत्व सिखाया।
  • संत समाज ने रामकथा को आचार, विचार, और आहार-व्यवहार की शिक्षा बताया।
  • महाप्रसाद और सम्मान समारोह के साथ आयोजन का भव्य समापन हुआ।
  • श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक अनुभव के साथ जीवन के नैतिक मूल्यों की शिक्षा मिली।
  • डॉ. अशोक बाजपेयी ने ऐसे आयोजनों को प्रतिवर्ष आयोजित करने का सुझाव दिया।

लखनऊ, 2 जनवरी 2025: मोती महल लॉन में 9 दिनों तक चलने वाले श्रीराम कथा महोत्सव का भव्य समापन आज संत सम्मेलन के साथ हुआ। यह महोत्सव श्रद्धालुओं के लिए आस्था, प्रेम, और प्रेरणा का केंद्र बना। वृन्दावन से पधारे वरिष्ठ संत एवं धर्म सम्राट करपात्री जी महाराज के शिष्य समर्थश्री त्र्यम्बकेश्वर चैतन्य जी महाराज ने कथा के अंतिम दिवस पर कथा प्रेमियों को सम्बोधित किया। उन्होंने बताया कि श्रीराम कथा केवल एक धार्मिक आयोजन नहीं है, बल्कि यह जीवन को सुसंस्कृत और प्रेरित करने वाली गाथा है।

त्र्यम्बकेश्वर चैतन्य जी महाराज ने कहा कि श्रीराम के जीवन में उनके पिता के प्रति आज्ञा पालन, माता के प्रति सम्मान, और सभी प्राणियों के प्रति करुणा का संदेश मिलता है। उन्होंने गीधराज जटायु का संस्कार कर यह प्रमाणित किया कि मानवता केवल मनुष्यों तक सीमित नहीं है, बल्कि पशु-पक्षियों में भी प्रेम और सद्भावना का होना आवश्यक है। इस तरह की घटनाएँ हमें जीवन में संयम और करुणा का महत्व सिखाती हैं।

संतों का संदेश: रामकथा है आचार, विचार और व्यवहार की शिक्षा

कथा महोत्सव के दौरान संत समाज ने रामकथा के महत्व पर प्रकाश डालते हुए बताया कि यह कथा जीवन के हर पहलू को सुसंस्कृत करने का मार्गदर्शन देती है। दण्डी स्वामी श्री देवेन्द्रानन्द सरस्वती जी महाराज ने रामकथा को आचार-विचार और आहार-व्यवहार का मूल बताया। उन्होंने कहा कि श्रीराम ने अपने जीवन के माध्यम से प्रेम, समर्पण, और न्याय का आदर्श प्रस्तुत किया।

जगन्नाथपुरी से पधारे स्वामी प्रणवानंद, चूरू राजस्थान से पधारे स्वामी कृष्णानंद, प्रयागराज से ब्रह्मचारी ब्रजेश और ब्रह्मचारी शौनक चैतन्य जी महाराज ने संत सम्मेलन में अपने विचार व्यक्त किए। सभी संतों ने एकमत होकर कहा कि रामकथा में निहित संदेश मानवता के कल्याण का मार्ग प्रशस्त करता है।

महाप्रसाद और सम्मान समारोह का आयोजन

आयोजन का समापन यज्ञ-हवन, आरती, और भण्डारे के साथ हुआ। डॉ. आचार्य सप्तर्षि मिश्र एवं उनके सहयोगियों ने भव्य यज्ञ का आयोजन किया। महाप्रसाद के रूप में प्रसाद का वितरण किया गया, जिसमें श्रद्धालुओं को आध्यात्मिक तृप्ति प्राप्त हुई। कथा के प्रारंभिक दिवस पर जल कलश शोभायात्रा में शामिल माताओं-बहनों को श्रीफल और पीत कलश प्रसाद स्वरूप प्रदान किए गए।

चूरू राजस्थान से आए श्रद्धालु राधेश्याम शर्मा ने सभी संतों को अंगवस्त्र, श्रीफल, और रजत दक्षिणा देकर सम्मानित किया। इस अवसर पर पूर्व मंत्री और सांसद डॉ. अशोक बाजपेयी ने सभी संतों और आयोजनकर्ताओं का धन्यवाद ज्ञापित करते हुए कहा कि ऐसे आयोजन समाज में श्रेष्ठ प्रेरणा का संचार करते हैं और इन्हें प्रतिवर्ष आयोजित किया जाना चाहिए।

आयोजन का उद्देश्य और समर्पण

श्रीराम कथा महोत्सव के संयोजक संजीव पाण्डेय ने आयोजन की सफलता के लिए सभी श्रद्धालुओं, संत समाज, और सहयोगियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि इस कथा का उद्देश्य केवल धार्मिक आयोजन तक सीमित नहीं है, बल्कि यह समाज में सद्भावना, संस्कार, और नैतिक मूल्यों का प्रचार-प्रसार करना है।

स्वास्थ टिप्स: नेचुरल इंग्रीडिएंट्स से युक्त इन गर्म पेयों से शुरू करें सुबह, सेहत को होंगे कई लाभ

हर कोई चाहता है कि उनकी सुबह की शुरूआत खुशनुमा तरीके से हो। क्योंकि लोगों का मानना होता है कि अगर सुबह की शुरूआत अच्छी होती है, तो आपका पूरा दिन अच्छा जाता है। लेकिन दांत कटकटाने वाली ठंड में बिस्तर से उठना मुश्किल हो जाता है। ऐसे में हमारे सारे काम लेट होने लगते हैं। ऐसे में आप सर्दियों की सुबह की शुरूआत प्राकृतिक इनग्रीडिएंट्स से भरपूर वार्म ड्रिंक्स के साथ कर सकते हैं। इन वार्म ड्रिंक्स का सेवन करने से न सिर्फ आपको ठंड से राहत मिलेगी बल्कि आपको कई स्वास्थ्य संबंधी फायदे भी मिलेंगे।

बता दें कि सर्दियों की सुबह की शुरूआत नेचुरल इनग्रीडिएंट्स से भरपूर दालचीनी, शहद, हल्दी, नींबू, तुलसी की पत्ती और अदरक से बने वार्म ड्रिंक्स से करना चाहिए। इससे आपकी सुबह एनर्जेटिक होगी और आप स्वस्थ व तरोताजा महसूस करेंगे। इसस आपका इम्यून सिस्टम भी मजबूत होगा और पाचन तंत्र भी अच्छा रहेगा। वहीं सर्दियों में सुबह वार्म ड्रिंक्स जरूरी हैं, क्योंकि सुबह का तापमान कम होता है। वहीं इन ड्रिंक्स का सेवन करने से आपकी शरीर में गर्माहट आती है। तो आइए जानते हैं प्राकृतिक इनग्रीडिएंट्स से भरपूर इन 10 वार्म ड्रिंक्स के बारे में…

हेल्दी हैं वार्म ड्रिंक्स

इन वार्म ड्रिंक्स की खास बात ये है कि यह न सिर्फ आपके शरीर के लिए फायदेमंद हैं, बल्कि इनको बनाने के लिए किसी प्रोसेस्ड चीज का भी इस्तेमाल नहीं करना होता है। अदरक, लौंग, दालचीनी, जीरा और हल्दी आदि आपके किचन में मिल जाएगा।

इम्यूनिटी का खजाना हैं ये 10 ड्रिंक्स

दालचीनी और शहद की चाय

बता दें कि दालचीनी और शहद के सिंपल मिक्सचर वाले ड्रिंक से साथ भी आप अपनी सुबह की शुरूआत कर सकती हैं। आपके किचन में यह दोनों ही चीजें बहुत आसानी से मिल जाएंगी। दालचीनी से जहां ब्लड शुगर लेवल कंट्रोल होता है, तो वहीं यह एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भी भरपूर होता है। यह ड्रिंक फ्री रेडिकल्स को खत्म कर कैंसर के जोखिम को कम करता है। वहीं शहद भी एनर्जी लेवल और मेटाबॉलिज्म को बूस्ट करता है। इससे इम्यून सिस्टम मजबूत होता है और आपकी स्किन भी हेल्दी रहती है।

ऐसे करें तैयार

इस ड्रिंक को बनाने के लिए गर्म पानी में एक टुकड़ा दालचीनी या आधा चम्मच दालचीनी पाउडर मिलाएं। अब इसको थोड़ी देर तक उबलने दें और फिर आंच से उतारकर इसमें एक चम्मच शहद मिलाएं। इस तरह से आपकी एनर्जेटिक ड्रिंक बनकर तैयार हो जाएगी।

शहद के साथ नींबू पानी

शहद, नींबू और पानी के मिश्रण के बारे में तो आप सभी ने खूब सुना होगा। नींबू विटामिन सी और एंटी-ऑक्सीडेंट्स से भरपूर होता है। यह पाचन में भी मदद करता है और लिवर को डिटॉक्स करता है। वहीं शहद में एंटी-माइक्रोबियल गुण पाए जाते हैं और शहद में प्राकृतिक मिठास पाई जाती है। इस ड्रिंक का सेवन करने से इम्यून सिस्टम भी मजबूत होता है।

ऐसे करें तैयार

सबसे पहले एक गिलास गर्म पानी में आधा नींबू का रस मिलाएं। फिर इसमें एक चम्मच शहद अच्छे से मिक्स करें और धीरे-धीरे चाय की तरह सिप लें।

पुदीना और तुलसी की चाय

आप सभी ने कभी न कभी तुलसी की पत्ती वाली चाय तो जरूर पी होगी और अगर इसमें पुदीने की पत्तियां मिली दी जाएं, तो यह एक रिफ्रेशिंग ड्रिंक बन जाती है। तुलसी की पत्तियों में एंटीऑक्सीडेंट्स पाया जाता है और यह न सिर्फ शारीरिक बल्कि मानसिक तनाव को भी कम करने में सहायक होती हैं।

वहीं पुदीना पाचन में मदद करने के साथ पेट को ठंडक देने का काम करता है। इस ड्रिंक को पीने से आप खुद को रिफ्रेश फील करेंगे और इससे पेट शांत रहने के साथ ब्रेन अच्छे से फंक्शन करता है।

ऐसे करें तैयार

इस ड्रिंक को बनाने के लिए गर्म पानी में ताजी तुलसी की पत्तियां और पुदीने की पत्तियां डालकर छोड़ दें। वहीं इसको किसी चीज से ढककर रखें, जिससे कि इसकी रिफ्रेशिंग महक बनी रहे।

सेब का सिरका और शहद

अगर आपको टैंगी ड्रिंक्स पसंद है, तो आपको सेब के सिरके और शहद से बनी वार्म ड्रिंक का सेवन करना चाहिए। क्योंकि सिरका पाचन को दुरुस्त करता है और पीएच लेवल को कंट्रोल करता है। वहीं शहद अपने प्राकृतिक मिठास के लिए जाना जाता है और इसमे एंटीमाइक्रोबियल गुण होता है। इसको पीकर आप फ्रेश महसूस करेंगे और आपका पाचन भी दुरुस्त रहेगा।

ऐसे करें तैयार

एक गिलास गर्म पानी में एक चम्मच शहद और एक चम्मच सिरका मिलाकर इसका सेवन करें। इसे आपको धीरे-धीरे चाय की तरह सिप लेकर पीना है।

अदरक और नींबू की चाय

ठंड की सुबह के लिए अदरक और नींबू की चाय परफेक्ट वार्म ड्रिंक है। अदरक में एंटी इंफ्लेमेटरी गुण मौजूद होता है और अदरक की तासीर भी गर्म होती है। इससे आपको मसल्स पेन से राहत मिल सकती है। वहीं नींबू में विटामिन सी की भरपूर मात्रा पाई जाती है और इससे इम्यून सिस्टम भी मजबूत होता है।

ऐसे करें तैयार

अदरक और नींबू की चाय बनाने के लिए गर्म पानी में एक टुकड़ा अदरक और आधा नींबू निचोड़कर पका लें। इस तरह ले आपकी हेल्दी और वार्म ड्रिंक तैयार हो जाएगी।

तुलसी, अदरक, लौंग और दालचीनी वाली चाय

सर्दियों में सुबह की ठंड से बचने के लिए आप तुलसी, अदरक, लौंग और दालचीनी वार्मअप ड्रिंक बनाकर पी सकते हैं। तुलसी में एंटी-ऑक्सीडेंट्स पाया जाता है, जो आपको शारीरिक और मानसिक स्ट्रेस से दूर करता है। वहीं अदरक में एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण पाया जाता है, जो जोड़ों और मसल्स के इंफ्लेमेशन को दूर करने में सहायक होता है। लौंग की तासीर गर्म होती है और इससे आपके शरीर में गर्माहट बनी रहती है। दालचीनी में एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटी डायबिटिक गुण पाया जाता है। जिससे ब्रेन फंक्शनिंग में भी सुधार होता है।

ऐसे करें तैयार

सबसे पहले एक गिलास पानी में तुलसी की कुछ पत्तियां, 3-4 लौंग, अदरक के कुछ टुकड़े और एक छोटा टुकड़ा दालचीनी उबाल दें। अगर आपको इसका स्वाद अच्छा न लगे, तो आप इसमें थोड़ा सा शहद मिला सकते हैं। इस तरह से सर्दियों की सुबह के लिए आपकी वार्म ड्रिंक तैयार हो जाएगी।

कच्ची हल्दी का पानी

अगर आपके पास भी सुबह कम समय रहता है, तो आपको कच्ची हल्दी का पानी पीना चाहिए। कच्ची हल्दी में एंटी इंफ्लेमेटरी गुण पाए जाते हैं। यह शरीर और जॉइंट्स की सूजन को कम करता है। यह एंटीऑक्सीडेंट से भरपूर होती है, इसका सेवन करने से कैंसर का खतरा भी कम होता है और कच्ची हल्दी में एंटी बैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं।

ऐसे करें तैयार

कच्ची हल्दी के कुछ टुकड़े लेकर एक गिलास पानी में उबालकर छान लें। आपकी वार्म ड्रिंक कुछ मिनटों में ही तैयार है।

जीरा और अजवायन का पानी

अगर आपको अक्सर की कब्ज की समस्या रहती है या आपका हाजमा नहीं सही रहता है, तो आपको अजवायन-जीरा पानी का सेवन करना चाहिए। जीरा एंटी डायबिटिक होता है और इससे ब्लड शुगर कंट्रोल होता है। वहीं यह वजन कम करने में भी सहायक होता है। अजवायन में एंटी बैक्टीरियल गुण पाए जाते हैं, जिससे संक्रमण दूर रहता है और इससे आपके दांत भी हेल्दी रहते हैं।

ऐसे करें तैयार

जीरा और अजवायन पानी बनाने के लिए एक पानी में आधा चम्मच अजवायन और आधा चम्मच जीरा डालकर रात भर के लिए छोड़ दें। फिर अगले दिन सुबह इस पानी को उबाल लें और ठंडा होने पर छानकर पी लें।

हल्दी वाला गर्म दूध

बहुत से लोग सर्दियों में जल्दी बीमार पड़ जाते हैं, तो ऐसे लोगों को हल्दी वाले दूध का सेवन करना चाहिए। हल्दी में टी इंफ्लेमेटरी और एंटी माइक्रोबियल गुण पाए जाते हैं। जिससे सर्दी में होने वाली सर्दी-खांसी से राहत मिलती है। हल्दी वाला दूध पीने से इम्यून सिस्टम मजबूत होता है और मौसमी बीमारियों से बचने में मदद मिलती है।

ऐसे करें तैयार

एक गिलास गर्म दूध में आधा चम्मच हल्दी मिलाकर पी सकते हैं।

स्वादिष्ट बादाम दूध

बता दें कि सर्दियों में बादाम और दूध का मिक्सचर एक अच्छा ऑप्शन साबित हो सकता है। इसमें मौजूद विटामिन E एक एंटीऑक्सिडेंट है, जो हमें हार्ट डिजीज से बचाता है। वहीं बादाम में हेल्दी मोनो अनसैचुरेटेड फैट पाया जाता है, जो खराब कोलेस्ट्रॉल को कम करता है। इसमें मौजूद कैल्शियम और विटामिन डी से हड्डियों को मजबूती मिलती है और आइसोफ्लेवोन से इम्यूनिटी मजबूत होती है।

हेल्थ टिप्स :40 की उम्र के बाद महिलाओं में विटामिन की कमी होना आम, दिल को स्वस्थ रखने के लिए अपनाएं ये उपाय

 अक्सर महिलाओं के शरीर में कई हार्मोनल बदलावों से गुजरता है। प्यूबर्टी से लेकर पीरियड्स, प्रेग्नेंसी, पोस्ट प्रेग्नेंसी, मेनोपॉज हर स्टेज में महिलाओं के शरीर में कई हार्मोनल बदलाव होते हैं। जब महिलाएं मेनोपॉज के दौर से गुजरती हैं तो बढ़ती उम्र की समस्याएं भी उन्हें परेशान करती हैं। अगर महिला अपने शरीर की सही देखभाल न करे तो उसे कई रोग घेर सकते हैं। आइए आपको बताते हैं कैसे महिलाएं अपने दिल को हेल्दी रख सकती है।

कैल्शियम की कमी को कैसे रोकें

40 के बाद महिलाओं में कैल्शियम की कमी देखी जाती है। इसलिए, शरीर में कैल्शियम की मात्रा कम न हो, तो आप अपनी डाइट में लो फैट डेयरी प्रोडक्टस जैसे गाय का दूध, दही, पनीर, हरे पत्तेदार सब्जियां, सोयाबीन, तिल और खसखस को शामिल करना चाहिए। इस मौसम इन चीजों को खाना काफी हेल्दी रहेगा। इससे महिलाएं मेनोपॉज के बाद ऑस्टियोपोरोसिस और हार्ट प्रॉब्लम से दूर रह सकती हैं।

विटामिन डी जरुरी है

अक्सर देखा जाता है कि 40 के उम्र के बाद महिलाओं में विटामिन डी की कमी होने लगती है। जिस कारण से हड्डियों में भी काफी दर्द बना रहता है। आमतौर पर शरीर में विटामिन डी की कमी को पूरा करने के लिए रोजाना धूप लेना जरुरी है, इससे अच्छा कुछ क्या ही हो सकता है। विटामिन डी को बढ़ान के लिए आप अपने भोजन में दूध, दही, मशरूम, संतरा, अंडा, मछली आदि को शामिल कर विटामिन डी की कमी को पूरा किया जा सकता है। अगर शरीर में विटामिन डी की मात्रा बहुत कम है तो डॉक्टर की सलाह जरुर लें।

आयरन को पूरा करें

आयरन की कमी से महिलाएं ज्यादातर एनीमिया का शिकार हो जाती है। इसलिए शरीर में खून बढ़ाने के लिए आयरन होना भी काफी जरुरी है। शरीर में आयरन की कमी को पूरा करने के लिए पत्तेदार सब्जियां, फलियां, दालें, चिकन यह सभी चीजें खाएं । विटामिन सी के कारण आयरन अच्छी तरह अवशोषित होता है इसलिए जब छोले, चिकन, पालक खाएं तो ऊपर से नींबू निचोड़ लें, तो और ही फायदेमंद रहेगा।

डाइट में बी12 को शामिल करें

शरीर को ऊर्जावान बनाने के लिए महिलाएं अपनी डाइट में बी12 को जरुर शामिल करें। बी12 की कमी से थकान, कमजोरी और एनीमिया हो सकती है। इसलिए आप बी12 को बढ़ाने के लिए दूध, दही, पनीर, पालक, चुकंदर, मशरूम, केला, सेब, अंडा और मछली खा सकते हैं।

Bollywood News: क्या रणबीर कपूर की ये दो फिल्में तोड़ पाएंगी ‘पुष्पा-2’ के धमाकेदार रिकॉर्ड्स?

बीते साल 2024 की सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म का खिताब हासिल करने वाली ‘पुष्पा-2’ ने अब तक 1184 करोड़ रुपयों की कमाई कर ली है। ये कलेक्शन केवल भारत में किया है। वहीं पुष्पा-2 का वर्ल्डवाइड कलेक्शन 1742 करोड़ रुपयों के पार चला गया है। पुष्पा-2 ने साल के अंत में आकर सभी फिल्मों की बैंड बजा दी और सबसे ज्यादा कमाई करने वाली फिल्म बन गई। ‘पुष्पा-2’ के बॉक्स ऑफिस रिकॉर्ड्स को तोड़ने के लिए इस साल 2025 में कई धाकड़ फिल्में रिलीज होने वाली हैं। लेकिन इनमें से इस रिकॉर्ड को तोड़ने के लिए सबसे बड़ी दावेदार 2 फिल्में मानी जा रही हैं। ये दोनों ही फिल्में रणबीर कपूर स्टारर होने वाली हैं। फैन्स ने यहां तक दावा कर दिया कि रणबीर कपूर की फिल्में ‘रामायण’ और ‘एनिमल पार्क’ अपनी बॉक्स ऑफिस कमाई से पुष्पा-2 का रिकॉर्ड तोड़ सकती हैं।

1700 करोड़ पार कर गया पुष्पा-2 का कलेक्शन

बता दें कि पुष्पा-2 ने अपने पहले सप्ताह में ₹725.8 करोड़, दूसरे सप्ताह में ₹264.8 करोड़ और तीसरे सप्ताह में ₹129.5 करोड़ का कलेक्शन किया है। फिल्म ने चौथे शुक्रवार को ₹8.75 करोड़, चौथे शनिवार को ₹12.5 करोड़, चौथे रविवार को ₹15.65 करोड़, चौथे सोमवार को ₹6.8 करोड़, चौथे मंगलवार को ₹7.7 करोड़ और लगभग ₹13.15 करोड़ का कलेक्शन किया। इसके साथ ही फिल्म ने 1 जनवरी तक भारतीय बॉक्स ऑफिस कलेक्शन ₹1,184.65 करोड़ हो गया। इसमें से पुष्पा 2 के हिंदी संस्करण ने ₹774.65 करोड़ कमाए जबकि इसके तेलुगु संस्करण ने ₹330.53 करोड़ कमाए। फिल्म के तमिल, मलयालम और कन्नड़ संस्करणों ने क्रमशः ₹57.65 करोड़, ₹14.14 करोड़ और ₹7.68 करोड़ का कलेक्शन किया। वहीं पुष्पा-2 की वर्ल्डवाइड कमाई की बात करें तो अब तक 1742 करोड़ रुपयों तक आंकड़ा पहुंच गया है।

रणबीर कपूर की ये फिल्में तोड़ सकती हैं रिकॉर्ड?

बता दें कि 2026 में रणबीर कपूर की 2 बड़ी फिल्में पाइपलाइन में हैं। इनमें से एक तो डायरेक्टर नितीश तिवारी की फिल्म ‘रामायण’ है। रणबीर कपूर और साइ पल्लवि स्टारर ये फिल्म 2 पार्ट में बनने वाली है। बताया जा रहा है कि इसका एक पार्ट 2026 में रिलीज हो सकता है। ये फिल्म रामायण की कहानी पर बनने वाली है। फैन्स का मानना है कि अगर ये फिल्म अच्छी बनती है तो बॉक्स ऑफिस पर पुष्पा-2 का रिकॉर्ड टूट सकता है। वहीं रणबीर कपूर की एक और फिल्म ‘एनिमल पार्क’ भी चर्चा में है। इससे पहले ‘एनिमल’ फिल्म में रणबीर कपूर ने खूब गर्दा उड़ाया था और बॉक्स ऑफिस पर तूफान ला दिया था। अब माना जा रहा है कि ये एनिमल पार्क भी 2025 में रिलीज होने वाली है। ये फिल्म भी पुष्पा-2 का रिकॉर्ड तोड़ सकती है।