Home Blog Page 701

लखनऊ: किसी बेटी की पढाई का जिम्मा तो किसी बेसहारा को पेंशन का आश्वासन, सरोजनीनगर से भाजपा विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने शोक संतप्त परिवारों से भेंट कर साझा किया दुःख

  • दुःख की घड़ी में भावनात्मक संबल बने विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह, 20 से अधिक परिवारों से भेंट कर दिया सहारा, आर्थिक, सामाजिक व शैक्षिक सहायता भी सुनिश्चित
  • बच्चों की फीस से लेकर, संविदा नौकरी और आर्थिक सहायता तक : अपनों को खोने वाले परिवारों को डॉ. राजेश्वर सिंह ने दिया भरोसा
  • “संवेदनशील नेतृत्व और समाजसेवा की मिसाल: डॉ. सिंह ने बांटा शोक में सहारा, युवाओं को खेलों से जोड़ा “
  • खेल आत्मविश्वास बढ़ाने के साथ स्वस्थ रहने और सामाजिकता बढ़ाने का उत्कृष्ट माध्यम – डॉ. राजेश्वर सिंह

लखनऊ: सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने संवेदनशील जनप्रतिनिधि की नैतिक जिम्मेदारी का निर्वहन करते हुए सोमवार को अपने विधानसभा क्षेत्र के विभिन्न ग्रामों एवं मोहल्लों का दौरा कर हाल ही में अपने परिजनों को खो चुके 20 शोक संतप्त परिवारों से भेंट की। विधायक का यह प्रयासपीड़ित परिवारों को भावनात्मक सहारा देने और भरोसे का संबल बनने की सच्ची अभिव्यक्ति भी थी। इस दौरान डॉ. सिंह ने क्षेत्र के विभिन्न सामाजिक एवं राजनीतिक व्यक्तियों से भी मुलाकात की।

सरोजनीनगर विधायक ने अंबेडकरपुरम तेलीबाग निवासी, पूर्व पार्षद प्रत्याशी सद्गुरु शरण रावत व उनकी पत्नी (पूर्व जिला पंचायत सदस्य रही शशी बाला के आवास जाकर भेट की। अंबेडकरपुरम निवासी मनोज कुमार साहू के घर पहुंचे विधायक ने उनकी बेटी सर्विष्टा साहू के न्यायिक परीक्षा में चयनित पर बधाई दी। डॉ. सिंह ने बंथरा निवासी श्री लाल बहादुर सिंह के आवास पहुँचकर उनके दो पुत्रों अधिवक्ता अभिषेक सिंह एवं सुशील सिंह ‘मोनू’ के चार दिन के भीतर हुए आकस्मिक निधन पर गहन संवेदना व्यक्त की। उन्होंने इस असहनीय वज्रपात को ‘हृदयविदारक और अवर्णनीय पीड़ा’ बताया तथा परिवार को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।

इसके साथ ही उन्होंने विभिन्न क्षेत्रों में पहुँचकर निम्नलिखित शोक प्रकरणों:

मुकेश तिवारी ‘पिंटू’ (महामंत्री, बंथरा व्यापार मंडल) की दादी विमला देवी के निधन पर अंबरपुर बंथरा में, भाजपा बूथ अध्यक्ष दिलीप यादव के चाचा सत्यनारायण यादव (निवासी न्यू रहीमाबाद) के निधन पर, मनोज नाथ (निवासी सपेरा बस्ती, गांधीनगर) के निधन पर इस दौरान उनकी पत्नी सोना देवी और बच्चों के लिए पेंशन एवं अन्य सहायता का आश्वासन दिया, रामनाथ तिवारी (निवासी मजरा कल्ली पश्चिम, ग्राम अमोल) के निधन पर, संदीप कुमार (पुत्र, ओम प्रकाश, भाजपा कार्यकर्ता, सेक्टर-C, वृंदावन योजना) के निधन पर, अजय रावत (निवासी अंबेडकरपुरम, तेलीबाग) की दादी के निधन पर, प्रशांत श्रीवास्तव (भाजपा बूथ अध्यक्ष) के मौसा चित्रांजन संजकर (निवासी सेक्टर C1, आशियाना) के निधन पर, सौरभ सिंह राठौर (निवासी सेक्टर G) की माता विजयलक्ष्मी देवी के निधन पर,महेन्द्र रावत (पूर्व पार्षद प्रत्याशी, भद्रुख) के भतीजे सोनू रावत के निधन पर इस दौरान उनके बच्चों की शिक्षा में सहायता का आश्वासन दिया।नरेंद्र पाल सिंह (कोटेदार, लोनहा) की माता शिवरानी देवी के निधन पर, करण रावत (छोटे भाई, संदीप कुमार, मंडल मीडिया सह संयोजक, हरौनी) के आकस्मिक निधन पर,रोहित अवस्थी (पुत्र, उमेश अवस्थी, निवासी बादेखेड़ा) के निधन पर, भाजपा नेता ऋतु सिंह (निवासी बुद्धेश्वर) की पुत्री के निधन पर संवेदना प्रकट की।

विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने शोक-संतप्त परिवारों से भेंट कर केवल संवेदना प्रकट नहीं की, बल्कि उनके भविष्य को लेकर गंभीर आश्वासन भी दिए। उन्होंने सपेरा बस्ती निवासी दिवंगत मनोज नाथ की पत्नी को विधवा पेंशन के लिए शासन स्तर पर प्रयास का भरोसा दिलाया। इसी प्रकार, कई दिवंगत व्यक्तियों के छोटे बच्चों की शिक्षा में आर्थिक बाधा न आए, इसके लिए उनकी फीस माफ कराने का आश्वासन दिया गया। एक पात्र बेटी, जिसने हाल ही में अपने पिता को खोया है, को संविदा नियुक्ति हेतु विभागीय समन्वय का आश्वासन दिया गया। कुछ अत्यंत जरूरतमंद परिवारों को आर्थिक सहयोग दिलाने हेतु प्रयास का वचन दिया गया, वहीं एक दिवंगत अभिभावक की मेधावी संतान को नीट (NEET) कोचिंग में प्रवेश दिलाने के लिए भी आवश्यक सहयोग का भरोसा दिलाया गया।

उन्होंने विशेष रूप से ग्राम रहीमाबाद में उपस्थित ग्रामीणों को आश्वस्त किया कि एयरपोर्ट व एरोसिटी विस्तार हेतु हो रहे भूमि अधिग्रहण के संदर्भ में समुचित मुआवज़ा एवं पुनर्वास सुनिश्चित करवाने का प्रयास करेंगे। डॉ. सिंह ने सपेरा बस्ती, गांधीनगर में भाजपा सेक्टर संयोजक सचिन नाथ के चाचा गोविंद नाथ के बच्चो के इलाज के लिए संभव मदद हेतु भी आश्वस्त किया।

अवध समाचार पोस्ट क्रिकेट टूर्नामेंट विजेताओं को किया सम्मानित :

क्षेत्र भ्रमण के दौरान डॉ. राजेश्वर सिंह ने ग्राम सभा शिवरी में हिंदी समाचार पत्र अवध समाचार पोस्ट (ASP) द्वारा आयोजित क्रिकेट टूर्नामेंट के समापन समारोह में हिस्सा लिया। इस दौरान विधायक ने प्रतियोगिता की विजेता मलपुर राइडर टीम को 11,000 की पुरस्कार राशि तथा उपविजेता टीम ए जेड स्पोर्टिंग सहादतगंज को 5000 की राशि प्रदान कर सम्मानित करते हुए खेलों को आत्मविश्वास बढाने का सबसे अच्छा माध्यम बताया।

विधायक ने बताया की खेल से आत्मविश्वास बढ़ता है जो किसी भी क्षेत्र में सफल होने का सबसे आवश्यक तत्व है। डॉ. सिंह ने कहा आज के समय स्वस्थ रहना भी एक चुनौती है, खेलों से स्वस्थ रहने का अवसर मिलता है, युवाओं को स्वस्थ रहने के लिए ज्यादा से ज्यादा खेलों में हिस्सा लेना चाहिए। विधायक ने खेलों को सामाजिकता बढ़ाने का उत्कृष्ट माध्यम बताते हुए कहा की सरोजनी नगर स्पोर्ट्स लीग के माध्यम से 8,000 से अधिक युवाओं को अवसर, प्लेटफ़ॉर्म और सम्मान प्रदान किया गया।

इस दौरान भाजपा मंडल अध्यक्ष विनोद मौर्य, मोहित तिवारी, विवेक राजपूत, के.के. श्रीवास्तव, ब्लाक प्रमुख सुनील रावत, बंथरा चेयरमैन प्रतिनिधि रंजीत रावत, पार्षद प्रतिनिधि लवकुश रावत, शंकरी सिंह, भाजपा पदाधिकारी आशू शुक्ला एवं सुभाष पासी, सौरभ गुप्ता, राज कुमार सिंह, पवन मिश्रा, अनिल कुमार तिवारी, सुकेश तिवारी, विवेक तिवारी, अमित तिवारी, अंकित तिवारी, शिव कुमार तिवारी ‘पप्पू’, अजय अवस्थी, रेनू सिंह, अरविंद कुमार रावत, राधेलाल रावत, विनोद यादव, अभिषेक सिंह, हरिश्चंद्र यादव, वीरेंद्र वर्मा, महेंद्र नाथ, विनोद नाथ, सोमनाथ, गोविंद नाथ, वैष्णव कुमार नाथ, सचिन नाथ, सूरज नाथ, मिथलेश नाथ, राजन मिश्रा, शेर अली खान, सोनू माली, राजेंद्र प्रसाद यादव, सद्गुरु शरण रावत, अशोक द्विवेदी, शिव प्रकाश मिश्रा, भरत मिश्रा, विश्वनाथ गौर, भीम शंकर मिश्रा, पूरन बहादुर, देवी प्रसाद शुक्ला, राज किशोर रावत, देवी दयाल यादव, हरी राम गुप्ता, मोहन भट्ट, अनीता तिवारी अन्नू, माधवी देवी, अपर्णा भारती, संगीता, राजीव बाजपेयी, राजेश चावला, आदित्य दीक्षित, शिव भोला, राजन गुप्ता, प्रभात निगम, विवेक श्रीवास्तव, अभय श्रीवास्तव, अनुराग यादव, कमलेश शर्मा, रश्मि कश्यप, आशीष पटेल, बबली त्रिवेदी, एस. के. सिंह, राकेश कुमार, रवि कुमार, दीपेंद्र सिंह, राम सिंह, परशुराम चौधरी, सुरेश रावत, राम भरोसे, रमा शंकर त्रिपाठी, के. एन. सिंह एवं अन्य भाजपा नेता एवं क्षेत्रवासी मौजूद रहे।

Travel Tips: खज्जियार को यूं ही नहीं कहते ”भारत का मिनी स्विट्ज़रलैंड” – जानिए इसकी खासियत

हिमाचल प्रदेश के चंबा जिले में स्थित खज्जियार एक छोटा लेकिन अत्यंत मनमोहक पर्यटन स्थल है, जिसे अक्सर “भारत का मिनी स्विट्ज़रलैंड” कहा जाता है। समुद्र तल से लगभग 6,500 फीट की ऊंचाई पर स्थित यह स्थान देवदार और चीड़ के घने जंगलों, हरे-भरे घास के मैदानों और एक सुंदर झील के लिए प्रसिद्ध है। इसकी प्राकृतिक सुंदरता और शांत वातावरण इसे पर्यटकों के बीच अत्यंत लोकप्रिय बनाते हैं।

खज्जियार का सौंदर्य

खज्जियार एक गोलाकार हरे मैदान के रूप में फैला हुआ है, जिसके बीचों-बीच एक झील स्थित है। चारों ओर ऊँचे-ऊँचे पेड़ और दूर तक फैले पहाड़ इसकी शोभा को और भी बढ़ाते हैं। यहाँ का वातावरण इतना शांत और स्वच्छ होता है कि यहाँ आकर हर व्यक्ति खुद को प्रकृति के और करीब महसूस करता है।

क्यों कहा जाता है “भारत का मिनी स्विट्ज़रलैंड”?

1992 में स्विट्ज़रलैंड के राजदूत विल्ली ब्लेज़र ने खज्जियार की प्राकृतिक समानता को देखते हुए इसे “मिनी स्विट्ज़रलैंड” की उपाधि दी थी। उन्होंने यहाँ एक पत्थर भी स्थापित किया जो यह दर्शाता है कि खज्जियार स्विट्ज़रलैंड से कितनी दूरी पर स्थित है।

प्रमुख आकर्षण

1. खज्जियार झील

खज्जियार के केंद्र में स्थित यह छोटी सी झील यहाँ का प्रमुख आकर्षण है। झील के चारों ओर फैला मैदान पिकनिक, फोटोग्राफी और शांत समय बिताने के लिए आदर्श स्थान है।

2. खज्जी नाग मंदिर

यह प्राचीन मंदिर 12वीं शताब्दी में निर्मित हुआ था और भगवान खज्जी नाग को समर्पित है। यह मंदिर लकड़ी की नक्काशी और पौराणिक कथाओं से जुड़ी मूर्तियों के लिए प्रसिद्ध है।

3. एडवेंचर स्पोर्ट्स

खज्जियार में पैराग्लाइडिंग, ज़ोरबिंग (Zorbing), घुड़सवारी और ट्रेकिंग जैसी गतिविधियाँ भी की जा सकती हैं, जो रोमांच प्रेमियों के लिए आकर्षण का केंद्र हैं।

4. खज्जियार वन्यजीव अभयारण्य

प्राकृतिक प्रेमियों के लिए यह अभयारण्य एक शांत और सुरम्य स्थल है जहाँ वन्य जीवों और पक्षियों को नजदीक से देखा जा सकता है।

खज्जियार में करने योग्य गतिविधियाँ

– प्राकृतिक दृश्यावली की फोटोग्राफी

– खुले मैदानों में पिकनिक और परिवार के साथ समय बिताना

– एडवेंचर खेलों का आनंद लेना

– मंदिरों और सांस्कृतिक स्थलों की यात्रा

– आसपास के ट्रेकिंग मार्गों की खोज

यात्रा का सर्वोत्तम समय

मार्च से जून – गर्मियों में सुहावने मौसम और हरियाली का आनंद लेने के लिए।

सितंबर से नवंबर – साफ आसमान और शांत वातावरण के लिए।

दिसंबर से फरवरी – बर्फबारी देखने और ठंड का आनंद लेने वालों के लिए आदर्श समय।

कैसे पहुँचे?

निकटतम शहर: डलहौज़ी (लगभग 22 किमी)

रेल मार्ग: पठानकोट रेलवे स्टेशन, जहाँ से टैक्सी या बस द्वारा खज्जियार पहुँचा जा सकता है।

हवाई मार्ग: निकटतम हवाई अड्डा गग्गल (कांगड़ा) है, जो लगभग 120 किमी दूर है।

सड़क मार्ग: डलहौज़ी, चंबा और धर्मशाला से बस और टैक्सी सेवाएं उपलब्ध हैं।

खज्जियार उन यात्रियों के लिए स्वर्ग समान है जो प्रकृति की गोद में सुकून के पल बिताना चाहते हैं। यहाँ की शांत वादियाँ, हरे मैदान और पवित्र स्थल आत्मा को नई ऊर्जा प्रदान करते हैं। चाहे आप फोटोग्राफी के शौकीन हों, रोमांच के प्रेमी हों या शांति की तलाश में हों — खज्जियार हर किसी के लिए एक आदर्श गंतव्य है।

Health Tips: सिर्फ तंबाकू नहीं, ये कारण भी बन सकते हैं मुंह के कैंसर की वजह

देश में ओरल कैंसर के मामले तेजी से बढ़ रहे हैं
पिछले एक दशक में ओरल कैंसर के मामलों में लगातार वृद्धि देखी गई है। इसकी मुख्य वजह तंबाकू है, लेकिन यह अकेला कारण नहीं है। इस गंभीर बीमारी के शुरुआती लक्षणों को अक्सर नजरअंदाज कर दिया जाता है, जिससे स्थिति और बिगड़ जाती है। ऐसे में यह जानना जरूरी है कि इससे बचाव कैसे किया जा सकता है और किन लक्षणों पर सतर्क हो जाना चाहिए।

ओरल कैंसर के कारण

  • शराब और तंबाकू: सिगरेट, बीड़ी, सिगार या तंबाकू चबाना जैसे उत्पाद ओरल कैंसर के खतरे को बढ़ाते हैं। अगर शराब का सेवन भी साथ में हो तो यह जोखिम और बढ़ जाता है।
  • डाइट: फल और सब्जियां न खाना शरीर में ओरल समस्याएं पैदा कर सकता है और कैंसर का खतरा बढ़ सकता है।
  • धूप: अधिक समय तक धूप में रहना, विशेषकर होंठों पर असर डालता है और लिप कैंसर का कारण बन सकता है।
  • एचपीवी (HPV): ह्यूमन पेपिलोमावायरस, खासकर HPV-16, जीभ और टॉन्सिल के कैंसर का खतरा बढ़ा सकता है।
  • जेनेटिक फैक्टर: पारिवारिक इतिहास भी इस कैंसर के जोखिम को बढ़ाता है।
  • कमजोर इम्यूनिटी: कमजोर प्रतिरक्षा प्रणाली से शरीर कई बीमारियों का शिकार होता है, जिनमें ओरल कैंसर भी शामिल है।

ओरल कैंसर के लक्षण

  • मुंह में ऐसा घाव या अल्सर जो 2–3 हफ्तों में ठीक न हो
  • मसूड़ों, जीभ या मुंह की परत पर सफेद या लाल धब्बे
  • गाल में मोटापन या गांठ बनना
  • गले में लगातार दर्द या निगलने में कठिनाई
  • गले में कुछ फंसे होने का एहसास
  • आवाज में बदलाव
  • बिना कारण वजन घटाना
  • गर्दन में सूजन या गांठ

चिक बाइटिंग से कैंसर का खतरा?

मुंह के अंदर गाल कटने (चिक बाइटिंग) की आदत सामान्य है, जो तनाव या चिंता की वजह से होती है। इससे छाले हो सकते हैं, लेकिन केवल चिक बाइटिंग से कैंसर होने का कोई वैज्ञानिक प्रमाण नहीं है।

विशेषज्ञों के अनुसार, पिछले 10 वर्षों में भारत में ओरल कैंसर के मामलों में वृद्धि हुई है। इसकी सबसे बड़ी वजह तंबाकू उत्पादों का सेवन है।


नोट: यह जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है। किसी भी लक्षण या सुझाव पर अमल करने से पहले डॉक्टर या विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।

फादर्स डे पर भावुक हुए विराट कोहली, पिता को समर्पित खास चिट्ठी से जीता सबका दिल – पढ़िए यह दिल छू लेने वाला संदेश।

फादर्स डे जून के तीसरे रविवार को मनाया जाता है, 15 जून 2025 को दुनिया भर में पिता को समर्पित इस दिन को सेलिब्रेट किया गया. भारतीय क्रिकेटर विराट कोहली ने इस मौके पर अपने पिता को याद करते हुए एक भावुक पोस्ट शेयर किया. वहीं उनकी बेटी वामिका कोहली ने भी विराट के लिए एक प्यारी चिट्ठी लिखी, जिसे अनुष्का शर्मा ने शेयर किया.

विराट कोहली के पिता प्रेम नाथ कोहली की मृत्यु 18 दिसंबर 2006 को हुई थी, जब विराट दिल्ली के लिए रणजी मैच खेल रहे थे. वह हर मौके पर अपने पिता को याद करते हैं. फादर्स डे पर उन्होंने पिता को याद करते हुए बताया कि उनके पिता ने उन्हें क्या सिखाया, जिसे वह आज भी नहीं भूले.

कोहली ने लिखा, “उन्होंने मुझे सिखाया कि शॉर्टकट पर कभी निर्भर न रहो, क्योंकि अगर तुममें वाकई कुछ है, तो कड़ी मेहनत से ही सब कुछ पता चल जाएगा. और अगर तुम्हारे अंदर इसके लिए काम करने की इच्छाशक्ति नहीं है, तो शायद तुम अभी इसके लायक नहीं हो. जब मुझे एक बार आसान रास्ता सुझाया गया, तो उन्होंने मेरे लिए उसे ठुकरा दिया. शांत विश्वास के साथ उन्होंने कहा, “अगर तुम काफी अच्छे हो, तो तुम अपना रास्ता खोज लोगे. और अगर नहीं, तो यह पहले ही जान लेना बेहतर है.”
उस एक पल ने मेरे जीने, काम करने और दुनिया में दिखने के तरीके को आकार दिया. सभी पिताओं को फादर्स डे की शुभकामनाएँ जिनकी शांत शक्ति हमारे जीवन भर का दिशासूचक बन जाती है.”

वामिका कोहली ने पिता को लिखी चिट्ठी

अनुष्का शर्मा ने फादर्स डे के मौके पर अपने पिता को याद करते हुए एक पोस्ट शेयर किया, इसमें उन्होंने वामिका कोहली की वो चिट्ठी भी शेयर की, जो उन्होंने अपने पिता विराट के लिए लिखी. इस चिट्ठी में वामिका ने लिखा, ‘वह मेरे भाई जैसे दिखते हैं. वो मजाकिया हैं. वह मुझे गुदगुदी करते हैं. मैं उनके साथ मेकअप खेलती हूं. मैं उनसे बहुत प्यार करती हूं और वह मुझसे इतना प्यार करते हैं।’

Earthquake Update: भूकंप के तेज झटकों से थर्राई धरती, लोगों में मची अफरा-तफरी; एक व्यक्ति की मौत, कई घायल

भूकंप की वजह से पेरू में रविवार को एक व्यक्ति की मौत हो गई और कई घायल हो गई. एक रिपोर्ट के मुताबिक पेरू की राजधानी लीमा में भूकंप के बाद लैंडस्लाइड भी हो गई. पेरू के साथ-साथ पाकिस्तान में भी भूकंप के झटके महसूस किए गए. पाकिस्तान में लगातार दो दिन भूकंप आया. यहां रविवार को 4.4 की तीव्रता से भूकंप आया.

 एक खबर के मुताबिक पेरू की राजधानी लीमा में आए भूकंप की वजह से एक व्यक्ति की मौत हो गई और पांच अन्य घायल हो गए. रविवार सुबह करीब 11.35 बजे लीमा में भूकंप के झटके महसूस किए गए. भूकंप की तीव्रता 5.6 मापी गई. लैंडस्लाइड होने की भी खबर है. इसके कारण लोग दहशत में हैं. भूकंप के बाद बचाव कार्य शुरू कर दिया गया था.

पाकिस्तान में भी भूकंप के झटके

पाकिस्तान में रविवार रात 11.42 बजे भूकंप के झटके महसूस किए गए. रिपोर्ट्स के मुताबिक 4.7 की तीव्रता का भूकंप आया. इससे पहले शनिवार को कराची में भूकंप के झटके महसूस किए गए. शहर के कई इलाकों से लोग घरों से बाहर आ गए. शनिवार को आए भूकंप की तीव्रता 3.2 मापी गई.

कराची मौसम विज्ञान केंद्र के प्रमुख मौसम वैज्ञानिक आमिर हैदर के मुताबिक, ”शनिवार को आए झटकों की तीव्रता रिक्टर पैमाने पर 3.2 मापी गई. भूकंप जमीन के भीतर 38 किलोमीटर की गहराई पर केंद्रित था. हैदर ने बताया कि ये झटके शहर के कम से कम पांच इलाकों में दर्ज किए गए. उन्होंने कहा कि लांधी इलाके की एक ऐतिहासिक भूकंपीय ‘फॉल्ट लाइन’ से भूकंपीय ऊर्जा निकलने के कारण ये झटके महसूस हो रहे हैं.”

हैदर ने कहा, ‘‘यदि यह ऊर्जा एक साथ निकलती है, तो बड़े भूकंप की आशंका होती है, लेकिन शनिवार को ऐसा कुछ नहीं हुआ.’’ उन्होंने बताया कि एक जून से अब तक कराची में कम तीव्रता के कम से कम 21 झटके महसूस किए जा चुके हैं, जिनकी तीव्रता 2.1 से 3.6 के बीच रही है।