Home Blog Page 695

Rohit Sharma ICC Champions Trophy 2025 Player of the match:आईसीसी टूर्नामेंट के फाइनल में प्लेयर ऑफ द मैच का अवार्ड जीतने वाले कप्तानों की सूची में शामिल हुए रोहित शर्मा, इन दिग्गजों की बराबरी की।

 रोहित शर्मा का बल्ला पूरे आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान रूठा रहा। फाइनल से पहले खेले गए चार मैचों में उनकी एक भी पारी ऐसी नहीं रही, जिसका उल्लेख किया जा सके। लेकिन कहा जाता है कि ना कि जब मामले बड़े होते हैं, वहां हम खड़े होते हैं। ऐसा ही कुछ रोहित शर्मा ने भी करके दिखाया। न्यूजीलैंड के खिलाफ चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में रोहित शर्मा ने जबरदस्त बल्लेबाजी की और अपनी टीम को जीत की राह पर ला दिया। उन्होंने ताबड़तोड़ अर्धशतक जड़ा। हालांकि टीम को जल्दी जिताने की कोशिश में वे शतक पूरा करने से चूक गए। इसके बाद भी वे प्लेयर ऑफ द मैच का अवार्ड जीत गए। अभी तक केवल चार ही बार ऐसा हुआ है, जब आईसीसी मेंस टूर्नामेंट के फाइनल में कप्तान ही प्लेयर ऑफ द मैच बना हो। अब रोहित शर्मा दुनियाभर के दिग्गज खिलाड़ियों की लिस्ट में शुमार हो गए हैं।

क्लाइव लॉयड, रिकी पोंटिंग और एमएस धोनी के बाद अब रोहित शर्मा की एंट्री

वेस्टइंडीज ने साल 1975 में वनडे वर्ल्ड कप अपने नाम किया था। तब टीम की कमान क्लाइव लॉयड के हाथ में थी। वेस्टइंडीज की टीम ने फाइनल तक का सफर ​तय किया था और खिताब भी जीता था। तब क्लाइव लॉयड ने ही अपनी बेहतरीन बल्लेबाजी की दम पर प्लेयर ऑफ द मैच का अवार्ड जीता था। इसके बाद आया साल 2003 त​ब ऑस्ट्रेलिया की कप्तानी रिकी पोंटिंग के हाथ में थी। ऑस्ट्रेलिया ने टीम इंडिया को हराकर चैंपियन बनने का गौरव हासिल किया था। तब शानदार शतक लगाने के बाद रिकी पोंटिंग ही प्लेयर ऑफ मैच बने थे। इसके बाद आया साल 2011। टीम इंडिया ने वनडे विश्व कप के फाइनल में श्रीलंका को मात दी थी। तब टीम के कप्तान थे एमएस धोनी। उन्होंने शानदार 91 नाबाद रनों की पारी खेली थी। महेंद्र सिंह धोनी को ही प्लेयर ऑफ मैच का अवार्ड दिया गया था।

रोहित शर्मा ने चैंपियंस ट्रॉफी के फाइनल में बनाए रन और बन गए प्लेयर ऑफ मैच 

इसके बाद अब साल 2025 में फिर से ऐसा ही हुआ है। भारतीय टीम रोहित शर्मा की कप्तानी में चैंपियंस ट्रॉफी के लिए मैदान में उतरी। भले ही पहले चार मैचों में रोहित शर्मा के बल्ले से रन नहीं आए, लेकिन फाइनल में उन्होंने आक्रामक पारी की। यही वजह रही कि रोहित शर्मा को ही प्लेयर ऑफ मैच का अवार्ड दिया गया। आईसीसी मेंस टूर्नामेंट के फाइनल में एमएस धोनी के बाद रोहित शर्मा प्लेयर ऑफ मैच बनने वाले भारत के दूसरे कप्तान बन गए हैं। ये दिग्गजों की लिस्ट है, जिसमें अब रोहित शर्मा का नाम भी शुमार हो गया है।

रोहित शर्मा का बतौर बल्लेबाज चैंपियंस ट्रॉफी 2025 में ऐसा रहा है सफर

रोहित शर्मा की बल्लेबाजी की बात की जाए तो उन्होंने चैंपियंस ट्रॉफी 2025 के पहले मैच में बांगलादेश के खिलाफ 41 रनों की पारी खेली थी। इसके बाद पाकिस्तान के खिलाफ वे केवल 20 ही रन बना सके। न्यूजीलैंड के खिलाफ खेले गए आखिरी लीग मैच में रोहित शर्मा ने 15 रनों की एक छोटी पारी खेली। वहीं जब सेमीफाइनल में ऑस्ट्रेलिया से सामना हुआ तो रोहित शर्मा ने 28 रन बनाए। लेकिन उनकी असली पारी फाइनल के लिए बची हुई थी। उन्होंने 83 बॉल पर 76 रन ठोक ​दिए। इसमें सात चौके और 3 छक्के शामिल रहे।

कनाडा(टोरंटो): पब में हुई अंधाधुंध फायरिंग से 12 लोग हुए घायल

कनाडा के पूर्वी टोरंटो में स्थित एक पब में तीन लोगों ने घुस कर बिना किसी चेतावनी के अचानक अंधाधुंध गोलीबारी कर दी जिससे कम से कम 12 लोग घायल हो गये। पुलिस ने शुक्रवार को यह जानकारी दी। पुलिस ने बताया कि उन्हें रात करीब 10:40 बजे प्रोग्रेस एवेन्यू और कॉरपोरेट ड्राइव के निकट कई लोगों को गोली मारे जाने की खबर मिली। टोरंटो के सहायक चिकित्सकों ने कहा था कि 11 वयस्क घायल हुए हैं, लेकिन बाद में पुलिस ने कहा कि 12 लोग घायल हुए हैं।

लोगों को इलाके से दूर रहने की चेतावनी

पुलिस ने यह भी बताया कि एक संदिग्ध को सिल्वर कार में भागते देखा गया और वह अब भी फरार है। लोगों को इलाके से दूर रहने की चेतावनी दी जा रही है। पुलिस ने शनिवार की सुबह ‘एक्स’ पर कहा कि गोलीबारी के मामले में तीन लोगों पर संदेह है तथा दोषियों को जल्द ही गिरफ्तार किया जायेगा।

टोरंटो पुलिस सेवा के अधीक्षक पॉल मैकइंटायर ने कहा कि पुलिस को शुक्रवार रात 10:40 बजे पाइपर आर्म्स में गोलीबारी की सूचना देने वाली कई आपातकालीन कॉल मिली। मैकइंटायर ने घटनास्थल पर एक समाचार सम्मेलन के दौरान कहा कि प्रारंभिक जांच में पता चला है कि तीन पुरुष पब में घुसे और वहां मौजूद लोगों पर गोलीबारी शुरू कर दी। हालांकि, अब तक कोई गिरफ्तारी नहीं हुई।

तीन लोगों की अंधाधुंध फायरिंग

उन्होंने कहा, ‘‘एक व्यक्ति के पास असॉल्ट राइफल जैसी कोई चीज थी, जबकि अन्य दो व्यक्ति हैंडगन से लैस थे। वे बार में घुसे, उन्होंने अपनी बंदूकें निकालीं और अंदर बैठे लोगों पर अंधाधुंध गोलियां चलानी शुरू कर दीं।’’ उन्होंने कहा कि इस घटना में कोई हताहत नहीं हुआ। पुलिस घटनास्थल पर पहुंची और पाया कि 12 लोगों को चोट आयी है। पीड़ितों को स्थानीय अस्पतालों में ले जाया गया और छह लोगों को गोली लगने की पुष्टि हुई, जो जानलेवा नहीं थे ।

मैकइंटायर ने पीड़ितों को ‘‘बेहद भाग्यशाली’’ बताया। पुलिस ने बताया कि शेष छह लोगों को टूटे कांच से चोट लगी थी। उन्होंने बताया कि हमले की मंशा के बारे में पता नहीं चल पाया है। टोरंटो की महापौर ओलिविया चाउ ने कहा कि उन्होंने पुलिस प्रमुख मायरोन डेमकिव से बात की है और उन्हें बताया गया है कि इस मामले में शामिल लोगों को जल्द ही पकड़ा जायेगा।

वाशिंगटन डीसीः DOGE कटौती को लेकर एलन मस्क और मार्को रुबियो के विवाद पर ट्रंप की प्रतिक्रिया, दिया बड़ा बयान

अमेरिकी राष्ट्रपति की कैबिनेट के 2 साथियों के बीच हुए तथाकथित झगड़े को लेकर डोनाल्ड ट्रंप का पहला रिएक्शन सामने आया है। मीडिया में खबरें आईं कि कैबिनेट बैठक के दौरान ट्रंप के सामने ही एलन मस्क और विदेश मंत्री मार्को रुबियो के बीच आपस में काफी ज्यादा हॉट टॉक हो गई। मगर राष्ट्रपति ट्रंप ने अपने कैबिनेट के इन दोनों साथियों के बीच किसी तरह का झगड़ा होने की खबरों को खारिज किया है।

मीडिया में सामने आई खबरों के अनुसार ट्रंप के सामने ही DOGE कटौती को लेकर एलन मस्क और मार्को रुबियो के बीच जमकर बहस हो गई। जिस दौरान दोनों नेताओं के बीच बहस की बात कही गई, उस दौरान ट्रंप के मौजूद होने का दावा किया जा रहा था। मगर अब ट्रंप ने दोनों नेताओं के बीच झगड़े की खबर को गलत बताया है।

ट्रंप ने दिया बयान

ट्रम्प के सामने ही जब एलन मस्क और मार्को रुबिये के बीच झगड़े की चर्चाओं ने तूल पकड़ा तो अमेरिकी राष्ट्रपति को सामने आना पड़ा। ट्रंप ने जोर देकर कहा कि DOGE कटौती को लेकर एलन मस्क और मार्को रुबियो के बीच कोई टकराव नहीं हुआ था। राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रम्प ने गुरुवार को व्हाइट हाउस में कैबिनेट बैठक के दौरान एलन मस्क और विदेश मंत्री मार्को रुबियो के बीच व्यापक सरकारी कटौती को लेकर टकराव की खबरों का खंडन कर दिया है। उन्होंने पत्रकारों से कहा कि उनके बीच “बहुत अच्छी दोस्ती” है।

क्या था मामला

मीडिया में आई खबरों के अनुसार व्हाइट हाउस के कैबिनेट रूम में उस समय माहौल गरमा गया था,  जब अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने एलन मस्क और विदेश मंत्री मार्को रुबियो के बीच मौखिक बहस देखी। मस्क ने दावा किया कि रुबियो पर्याप्त संख्या में कर्मचारियों को नहीं निकाल रहे हैं, जबकि विदेश मंत्री ने विदेश विभाग को पुनर्गठित करने की विस्तृत योजनाएँ पेश कीं। रुबियो, जिन्हें यूनाइटेड स्टेट्स एजेंसी फॉर इंटरनेशनल डेवलपमेंट को बंद करने के लिए मस्क के बारे में आशंकाएँ थीं, कैबिनेट मीटिंग में अपनी शिकायतें व्यक्त करने से पीछे नहीं हटे। उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि अरबपति सलाहकार उन 1,500 विदेश विभाग के अधिकारियों के बारे में विचारशील नहीं थे, जिन्होंने खरीद-फरोख्त में समय से पहले सेवानिवृत्ति ले ली। उन्होंने व्यंग्यात्मक ढंग से पूछा कि क्या उन अधिकारियों को फिर से काम पर रखा जाना चाहिए ताकि उन्हें निकाला जा सके।

सरोजिनी नगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह की पहल: लतीफ नगर में डिजिटल शिक्षा क्रांति से हजारों युवाओं को उज्ज्वल भविष्य, लखनऊ के ग्रामीण क्षेत्र में डिजिटल इंडिया का सपना हो रहा साकार

  • डिजिटल शिक्षा केंद्र की स्थापना: सरोजिनी नगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह की पहल पर लतीफ नगर समेत 10 गांवों में डिजिटल शिक्षा केंद्र संचालित।
  • मुफ्त डिजिटल ट्रेनिंग: 1,000+ युवाओं को C++, Java, Python, डिजिटल मार्केटिंग, ग्राफिक डिजाइनिंग जैसी आधुनिक स्किल्स की मुफ्त शिक्षा।
  • जॉब ओरिएंटेड कोर्स: छात्रों को Infosys, NIIT, EduBridge जैसी कंपनियों से प्रमाण पत्र मिलते हैं, जिससे आईटी और स्टार्टअप सेक्टर में नौकरी के अवसर बढ़ रहे हैं।
  • गांवों में डिजिटल क्रांति: सरोजिनी नगर क्षेत्र अब केवल खेती-किसानी तक सीमित नहीं, बल्कि डिजिटल शिक्षा से आत्मनिर्भरता की ओर बढ़ रहा है।
  • डॉ. राजेश्वर सिंह का संकल्प: “जब गांव डिजिटल होंगे, तभी देश आत्मनिर्भर बनेगा” – डिजिटल इंडिया मिशन को ग्रामीण स्तर पर साकार करने का प्रयास।

लखनऊ, 10 मार्च 2025: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के डिजिटल इंडिया मिशन और मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश अभियान को साकार करते हुए सरोजिनी नगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने अपने क्षेत्र में डिजिटल शिक्षा क्रांति की शुरुआत की है। उनकी विशेष पहल से लखनऊ के सरोजिनी नगर क्षेत्र के लतीफ नगर समेत 10 गांवों में रण बहादुर सिंह डिजिटल शिक्षा एवं युवा सशक्तिकरण केंद्र संचालित किए जा रहे हैं।

इन केंद्रों के माध्यम से 1,000 से अधिक युवाओं को मुफ्त में आधुनिक डिजिटल तकनीकों की शिक्षा दी जा रही है, जिससे वे कॉरपोरेट संस्थानों, आईटी कंपनियों और स्टार्टअप्स में रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर रहे हैं।


कटियार मार्केट: डिजिटल क्रांति का नया केंद्र

लतीफ नगर के कटियार मार्केट की सीढ़ियां, जहां पहले सिर्फ बाजार की चहल-पहल देखी जाती थी, अब डिजिटल शिक्षा के प्रवेश द्वार के रूप में जानी जाती हैं। यहां से हर दिन सैकड़ों युवा अपने सपनों को उड़ान देने के लिए डिजिटल शिक्षा केंद्र की ओर कदम बढ़ाते हैं।

यह केंद्र न केवल लतीफ नगर, बल्कि आसपास के 10 अन्य गांवों को भी डिजिटल सशक्तिकरण की दिशा में आगे बढ़ा रहा है।

डिजिटल शिक्षा: युवाओं के लिए सुनहरा अवसर

आज के प्रतिस्पर्धात्मक दौर में पारंपरिक शिक्षा के साथ-साथ डिजिटल स्किल्स भी जरूरी हो गए हैं। इसी को ध्यान में रखते हुए इस केंद्र में बेसिक से लेकर एडवांस लेवल तक की डिजिटल ट्रेनिंग दी जा रही है।

यहां सिखाए जाने वाले प्रमुख डिजिटल कोर्स:

प्रोग्रामिंग लैंग्वेजेस – C++, Java, Python
बेसिक कंप्यूटर स्किल्स – Microsoft Word, Excel, PowerPoint, Outlook
ग्राफिक डिजाइनिंग – Adobe Photoshop, CorelDRAW, Canva
वीडियो एडिटिंग – Adobe Premiere Pro, After Effects, DaVinci Resolve
डिजिटल मार्केटिंग और सोशल मीडिया मैनेजमेंट

इन कोर्सों के जरिए युवा न केवल डिजिटल युग के अनुरूप खुद को विकसित कर रहे हैं, बल्कि बड़े कॉरपोरेट सेक्टर में रोजगार के बेहतर अवसर भी हासिल कर रहे हैं।

Infosys, NIIT और EduBridge से प्रमाण पत्र

इस डिजिटल शिक्षा केंद्र में पढ़ाई पूरी करने के बाद छात्रों को Infosys, NIIT और EduBridge जैसी प्रतिष्ठित कंपनियों से प्रमाण पत्र दिए जाते हैं, जिससे उन्हें बड़ी कंपनियों में नौकरी पाने में सहायता मिलती है।

डॉ. राजेश्वर सिंह: हर नागरिक के लिए समर्पित जनसेवक

सरोजिनी नगर के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह का मानना है कि –

“अगर भारत को आगे बढ़ाना है, तो इसकी शुरुआत गांवों से करनी होगी। जब गांव डिजिटल होंगे, तभी देश आत्मनिर्भर बनेगा!”

इसी उद्देश्य को ध्यान में रखते हुए उन्होंने सरोजिनी नगर क्षेत्र के हर गांव को डिजिटल रूप से सक्षम बनाने का लक्ष्य रखा है और उसी दिशा में लगातार प्रयास कर रहे हैं।

डॉ. सिंह न केवल डिजिटल शिक्षा को गांवों तक पहुंचाने का संकल्प लिए हुए हैं, बल्कि क्षेत्रवासियों की सड़क, बिजली, पानी, शिक्षा और अन्य बुनियादी जरूरतों को पूरा करने के लिए भी हमेशा तत्पर रहते हैं।

डिजिटल शिक्षा से बदली युवाओं की जिंदगी

छात्रों की राय:

डिजिटल शिक्षा केंद्र में प्रशिक्षण प्राप्त कर रहे युवाओं ने अपनी प्रतिक्रिया में कहा –

“हमें विश्वास नहीं हो रहा कि हमारे गांव में इतनी आधुनिक शिक्षा मुफ्त में मिल रही है। अब हम सिर्फ पढ़ाई तक सीमित नहीं हैं, बल्कि बड़े आईटी सेक्टर में नौकरी पाने के लिए पूरी तरह तैयार हैं।”

प्रशिक्षक आशीष सिंह की राय

केंद्र में पढ़ाने वाले प्रशिक्षक ने truenewsup.com के मुख्य सम्पादक शिवसागर सिंह से बातचीत में बताया कि “इस डिजिटल शिक्षा केंद्र ने युवाओं की सोच और जीवन बदल दिया है। अब वे खुद को ग्लोबल मार्केट के लिए तैयार कर रहे हैं।”

डिजिटल इंडिया का सपना अब ग्रामीण क्षेत्रों में साकार हो रहा है। लतीफ नगर और सरोजिनी नगर क्षेत्र के अन्य गांव अब केवल खेती-किसानी और पारंपरिक व्यवसायों तक सीमित नहीं हैं। यहां के युवा डिजिटल युग का हिस्सा बनकर अपने गांव और देश का नाम रोशन कर रहे हैं।

“कौन कहता है कि आसमान में छेद नहीं होता, एक पत्थर तो तबीयत से उछालो यारों!”

डॉ. राजेश्वर सिंह की इस महत्वपूर्ण पहल ने यह साबित कर दिया है कि ग्रामीण भारत भी अब डिजिटल भारत का अभिन्न हिस्सा बन रहा है।

डॉ. राजेश्वर सिंह की यह पहल सरोजिनी नगर क्षेत्र में डिजिटल क्रांति लाने की दिशा में एक बड़ा कदम है। यह केंद्र न केवल युवाओं को डिजिटल रूप से सशक्त बना रहा है, बल्कि उन्हें आत्मनिर्भर भी बना रहा है।

👉 क्या आप भी डिजिटल शिक्षा से जुड़ना चाहते हैं?
यदि हां, तो रण बहादुर सिंह डिजिटल शिक्षा एवं युवा सशक्तिकरण केंद्र में अपना नामांकन करवाकर अपने भविष्य को उज्ज्वल बनाएं!

Lucknow: सेक्टर 6, वृंदावन योजना स्थित परशुराम चौक का होगा कायाकल्प, विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने की 10 लाख देने की घोषणा

सरोजनीनगर में धार्मिक स्थलों का सौंदर्यीकरण जारी, 100 मंदिरों के पुनरुद्धार का संकल्प

लखनऊ, 09 मार्च 2025: सरोजनीनगर के सेक्टर 6, वृंदावन योजना स्थित परशुराम चौक पर रविवार को प्रगतिशील ब्राह्मण कल्याण समिति द्वारा भगवान परशुराम जी की भव्य प्रतिमा की स्थापना का कार्य संपन्न हुआ।

इस शुभ अवसर पर सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने अपनी गरिमामयी उपस्थिति दर्ज कराई और इस ऐतिहासिक पहल की सराहना की।

विधायक निधि से 10 लाख की सौगात

विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने परशुराम चौक को भव्य स्वरूप प्रदान करने के लिए अपनी विधायक निधि से 10 लाख रुपये देने की घोषणा की। उन्होंने कहा,
“भगवान परशुराम जी शस्त्र और शास्त्र के महान ज्ञाता थे और वे समता एवं न्याय के प्रतीक हैं। उनकी प्रेरणा से उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी प्रदेश को अपराध एवं माफिया मुक्त बना रहे हैं।”

डॉ. राजेश्वर सिंह ने बताया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के नेतृत्व में धार्मिक और सांस्कृतिक स्थलों के विकास को प्राथमिकता दी जा रही है। इसके तहत –

✅ रेतेश्वर मंदिर के विकास के लिए 2.73 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए।
✅ प्राचीन झाडेश्वर मंदिर के सौंदर्यीकरण हेतु 75 लाख रुपये आवंटित किए गए।

100 मंदिरों के पुनरुद्धार का संकल्प

डॉ. राजेश्वर सिंह ने घोषणा की कि सरोजनीनगर क्षेत्र के 100 मंदिरों का सौंदर्यीकरण कराया जाएगा, जिसमें से 65 मंदिरों का कार्य पूरा हो चुका है। इन मंदिरों में –

✅ सोलर लाइट, हैंडपंप, और बैठने की व्यवस्था की गई।
✅ स्वच्छता और सुरक्षा की विशेष व्यवस्था सुनिश्चित की गई।

भगवान परशुराम की भव्य प्रतिमा समता और न्याय का प्रतीक

डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि यह सरोजनीनगर के लिए अत्यंत गौरवपूर्ण क्षण है कि भगवान परशुराम जी की इस दिव्य प्रतिमा का अनावरण मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी के करकमलों से होगा। उन्होंने मुख्यमंत्री जी का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि उनकी प्रेरणा से यह धार्मिक और सामाजिक उत्थान का कार्य संभव हो पाया है।

समारोह में शामिल प्रमुख हस्तियां

इस शुभ अवसर पर प्रगतिशील ब्राह्मण कल्याण समिति के पदाधिकारियों समेत कई गणमान्य लोग उपस्थित रहे, जिनमें –

शिव हरिओम अंबर, प्यारे मोहन चौबे, डॉ. ए.पी. मिश्रा, शिव प्रकाश मिश्रा, के.के. शुक्ला, प्रणव अग्निहोत्री, शिव शंकर अवस्थी, अरविंद तिवारी गुड्डू, प्रमोद शर्मा, कर्नल दया शंकर दुबे, पी.के. मिश्रा, पार्षद रजनी अवस्थी, संजीव अवस्थी, पार्षद के.एन. सिंह, मंडल अध्यक्ष विनोद मौर्य, रंजीता शर्मा, पार्षद बृजमोहन शर्मा, राजन मिश्रा, अनिल दुबे, विनोद दुबे, नरेंद्र पाल, कर्नल बी.एस. तोमर, दिनेश पाण्डेय सहित अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे।

समाज के धार्मिक और सांस्कृतिक विकास की ओर कदम

विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने इस पावन अवसर पर सभी श्रद्धालुओं, धर्मप्रेमियों और प्रगतिशील ब्राह्मण कल्याण समिति के पदाधिकारियों का आभार व्यक्त किया। उन्होंने संकल्प लिया कि सरोजनीनगर के धार्मिक उत्थान के लिए वे लगातार कार्य करते रहेंगे और धार्मिक स्थलों के संरक्षण में अपना योगदान देंगे।

साथ ही उन्होंने कहा कि “यह आयोजन न केवल हमारी धार्मिक धरोहर को संजोएगा, बल्कि भावी पीढ़ी को भी अपनी संस्कृति और परंपराओं से जोड़ने का कार्य करेगा।”

भगवान परशुराम जी की यह भव्य प्रतिमा समता और न्याय का प्रतीक बनेगी, और सरोजनीनगर में धार्मिक जागरूकता और उत्थान का कार्य निरंतर आगे बढ़ेगा। विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह के प्रयासों से 100 मंदिरों के सौंदर्यीकरण का संकल्प सरोजनीनगर को एक आध्यात्मिक रूप प्रदान करेगा।