दुनियाभर में हंतावायरस को लेकर चिंता बढ़ रही है और लोगों के मन में सवाल उठ रहा है कि क्या यह वायरस भी कोरोना की तरह तेजी से फैल सकता है। इसी बीच World Health Organization ने स्थिति स्पष्ट करते हुए कहा है कि फिलहाल इसे कोविड-19 जैसी महामारी मानना सही नहीं होगा।
WHO ने क्या कहा?
WHO की महामारी प्रबंधन निदेशक Maria Van Kerkhove ने प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि हंतावायरस का फैलने का तरीका कोविड या फ्लू से बिल्कुल अलग है। उन्होंने बताया कि यह वायरस सामान्य रूप से हवा में तेजी से फैलने वाला संक्रमण नहीं माना जाता।
उन्होंने कहा कि एंडीज स्ट्रेन के कुछ मामलों में इंसान से इंसान में संक्रमण देखा गया है, लेकिन यह केवल बेहद करीबी संपर्क में हुआ था। फिलहाल जहाज पर मौजूद यात्रियों और क्रू में नए गंभीर लक्षण नहीं मिले हैं।
क्या है हंतावायरस?
Hantavirus Infection एक ऐसा वायरस है जो मुख्य रूप से चूहों और दूसरे कृंतकों से फैलता है। संक्रमित चूहों के यूरिन, लार या मल के संपर्क में आने से इंसान संक्रमित हो सकता है।
WHO प्रमुख Tedros Adhanom Ghebreyesus ने बताया कि मौजूदा मामलों में एंडीज स्ट्रेन पाया गया है, जो लैटिन अमेरिका में मिलता है और सीमित स्तर पर इंसानों के बीच फैल सकता है।
जहाज पर कैसे शुरू हुआ मामला?
जानकारी के अनुसार, पहला मामला 6 अप्रैल को एक क्रूज जहाज पर सामने आया था। संक्रमित व्यक्ति की 11 अप्रैल को मौत हो गई। शुरुआत में लक्षण सामान्य सांस संबंधी संक्रमण जैसे लगे, इसलिए तुरंत जांच नहीं हो सकी।
बाद में उसकी पत्नी भी संक्रमित पाई गई और इलाज के दौरान उसकी भी मौत हो गई। कुछ अन्य संक्रमित मरीजों का इलाज अलग-अलग देशों में जारी है।
किन देशों में बढ़ी निगरानी?
फिलहाल जहाज पर करीब 150 यात्री और क्रू सदस्य मौजूद बताए गए हैं, जो 23 देशों से जुड़े हैं। अर्जेंटीना, दक्षिण अफ्रीका, ब्रिटेन, अमेरिका, जर्मनी, नीदरलैंड, सिंगापुर और अन्य देशों ने निगरानी बढ़ा दी है।
WHO ने उन देशों को भी अलर्ट भेजा है, जिनके नागरिक जहाज से अलग-अलग स्थानों पर उतरे थे।
क्या फिर लग सकता है लॉकडाउन?
विशेषज्ञों और WHO के मुताबिक अभी ऐसी कोई स्थिति नहीं है, जिससे कोविड जैसी वैश्विक महामारी या लॉकडाउन का खतरा माना जाए। फिलहाल संक्रमण सीमित दायरे में है और संपर्क में आए लोगों की पहचान, आइसोलेशन और निगरानी जैसे कदमों से इसे नियंत्रित किया जा सकता है।
किन बातों का रखें ध्यान?
- चूहों और गंदगी वाले इलाकों से दूरी रखें
- घर और आसपास सफाई बनाए रखें
- संक्रमित जानवरों के मल-मूत्र के संपर्क से बचें
- सांस संबंधी गंभीर लक्षण दिखने पर तुरंत डॉक्टर से संपर्क करें
विशेषज्ञों का कहना है कि घबराने की बजाय सावधानी और सही जानकारी पर ध्यान देना ज्यादा जरूरी है।

































