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शाई होप का दमदार शतक, तीसरे वनडे में पाकिस्तान के सामने खड़ी की बड़ी चुनौती

वेस्टइंडीज के कप्तान शाई होप ने पाकिस्तान के खिलाफ तीसरे वनडे मैच में नाबाद शतक जड़ते हुए बड़ी उपलब्धि हासिल कर ली है. शाई होप वेस्टइंडीज की ओर से वनडे फॉर्मेट में 18 शतक जड़ने वाले तीसरे खिलाड़ी बन गए हैं. वह सर्वाधिक शतकों के मामले में तीसरे स्थान पर मौजूद हैं.

सबसे ज्यादा वनडे शतक जड़ने वाले वेस्टइंडीज के खिलाड़ियों की लिस्ट में शाई होप से ऊपर क्रिस गेल और ब्रायन लारा का नाम है. गेल ने 298 मुकाबलों में 25 शतक, जबकि ब्रायान लारा ने 295 मैचों में 19 शतक अपने नाम किए थे.

शाई होप ने यह शतकीय पारी उस समय खेली, जब वेस्टइंडीज को इसकी बेहद जरूरत थी. पाकिस्तान तीन मुकाबलों की सीरीज का पहला मैच अपने नाम कर चुका था, जिसके बाद वेस्टइंडीज ने अगला मुकाबला जीतकर सीरीज में 1-1 से बराबरी कर ली. ऐसे में तीसरा और अंतिम मुकाबला निर्णायक बन गया.

त्रिनिदाद में टॉस हारकर बल्लेबाजी के लिए उतरी वेस्टइंडीज की टीम महज 68 रन तक अपने तीन विकेट गंवा चुकी थी. यहां से शाई होप ने कप्तानी पारी खेलते हुए टीम को संभाला.

शाई होप ने शेरफेन रदरफोर्ड (15) के साथ तीसरे विकेट के लिए 45 रन जोड़े. वहीं, जस्टिन ग्रीव्स के साथ उन्होंने 110 रन की अटूट साझेदारी करते हुए वेस्टइंडीज की पारी को 294/6 के स्कोर तक पहुंचाया.

शाई होप ने 83 गेंदों में अपना शतक पूरा किया. यह उनके वनडे करियर का 18वां शतक था, जबकि पाकिस्तान के खिलाफ यह उनका दूसरा वनडे शतक था.

शाई होप ने इस पारी में 94 गेंदों का सामना किया, जिसमें पांच छक्कों और 10 चौकों के साथ 120 रन बनाए, जबकि ग्रीव्स 24 गेंदों में 43 रन बनाकर नाबाद रहे.  पाकिस्तान की ओर से नसीम शाह और अबरार अहमद ने दो-दो शिकार किए. इनके अलावा सईम अयूब और मोहम्मद नवाज को एक-एक विकेट हाथ लगा.

Health Tips:नींद न आने की समस्या है तो शंख बजाना शुरू करें, कुछ ही दिनों में दिखेगा असर

नींद न आने की समस्या आजकल बहुत आम हो गई है. इसका असर न केवल हमारी सेहत पर बल्कि हमारे दैनिक जीवन पर भी पड़ता है. हाल ही में ब्रिटेन के एक प्रतिष्ठित हृदय देखभाल केंद्र और रिसर्च इंस्टीट्यूट ने एक ऐसा शोध किया है, जो नींद की समस्या से जूझ रहे लोगों के लिए एक नई उम्मीद लेकर आया है. इस शोध के अनुसार, शंख बजाना नींद न आने की बीमारी में काफी असरदार साबित हुआ है और महज 6 महीनों के भीतर इस विधि से सकारात्मक परिणाम देखने को मिले हैं.

शंख बजाने की प्रक्रिया और लाभ

शंख बजाना एक पुरानी पारंपरिक तकनीक है, जिसे अब वैज्ञानिक तौर पर भी प्रमाणित किया गया है. शोध के अनुसार, शंख बजाने से गले और तालु की मांसपेशियां मजबूत होती हैं. यह प्रक्रिया शरीर में रक्त प्रवाह को बेहतर करती है और दिमाग को शांति प्रदान करती है. साथ ही, शंख बजाने से नाक में जमा वायु का संचलन सुधरता है, जिससे सांस लेने में आसानी होती है और ऑक्सीजन का स्तर बेहतर होता है. इस प्रकार, यह तरीका नींद की गुणवत्ता को बढ़ाने में मददगार होता है.

शोध में मिले आश्चर्यजनक परिणाम

रिसर्च के दौरान शोधकर्ताओं ने नींद न आने की समस्या से ग्रस्त मरीजों को रोजाना कम से कम 5 दिन तक 15 मिनट तक शंख बजाने का अभ्यास कराया. 6 महीनों की नियमित प्रक्रिया के बाद मरीजों के नींद के पैटर्न में सुधार देखा गया. शोध में यह भी पाया गया कि इस विधि को अपनाने वाले 34% मरीजों को गहरी और अच्छी नींद मिली, जबकि सामान्यतः नींद न आने की समस्या वाले मरीजों की संख्या इससे ज्यादा होती है.

वैज्ञानिकों का क्या कहना है?

डॉ. बक्शी, जो इस शोध के मुख्य वैज्ञानिक हैं, कहते हैं कि शंख बजाने से शरीर में तनाव कम होता है और दिमाग में सकारात्मक ऊर्जा का संचार होता है. इससे मानसिक शांति मिलती है और नींद की समस्या दूर होती है. शंख बजाने की प्रक्रिया में गले की मांसपेशियों का व्यायाम होता है, जो कि सांस लेने के मार्ग को खोलने में सहायक होता है. इससे श्वास संबंधी परेशानियों से राहत मिलती है और नींद बेहतर होती है.

किसे और कैसे करना चाहिए शंख बजाना?

नींद की समस्या से पीड़ित लोग, विशेषकर जो स्नोरिंग (खर्राटे) और सांस की अन्य समस्याओं से जूझ रहे हैं, वे इस तकनीक का लाभ उठा सकते हैं. शुरुआत में इस अभ्यास को एक विशेषज्ञ की निगरानी में करना चाहिए ताकि सही तकनीक सीखी जा सके. धीरे-धीरे इसे रोजमर्रा की दिनचर्या में शामिल किया जा सकता है. शंख बजाने का अभ्यास ना केवल नींद की समस्या में राहत देता है बल्कि यह मानसिक तनाव को भी कम करता है.

Disclaimer: खबर में दी गई कुछ जानकारी मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है. आप किसी भी सुझाव को अमल में लाने से पहले संबंधित विशेषज्ञ से सलाह जरूर लें.

12वें दिन कितनी कमाई हुई ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ और ‘धड़क 2’ ने? यहां जानें दूसरे मंगलवार का हाल

शुक्रवार, 1 अगस्त को बॉलीवुड की दो बड़ी फ़िल्में सिनेमाघरों में रिलीज़ हुई थी. ये अजय देवगन और मृणाल ठाकुर स्टारर ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ और तृप्ति डिमरी और सिद्धांत चतुर्वेदी की ‘धड़क 2’ थी. लेकिन रिलीज के बाद दोनों ही फिल्मों ने निराश किया और ये सैयारा और महावतार नरसिम्हा की ज़बरदस्त सफलता के आगे फीकी पड़ गईं. पहले हफ्ते में तो इन्होंने किसी तरह कमाई कर ली लेकिन दूसरे हफ्ते में दोनों ही फिल्मों का बुला हाल है. खासतौर पर धड़क 2 तो बॉक्स ऑफिस पर दम तोड़ती हुई नजर आ रही है. चलिए यहां जानते हैं ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ और ‘धड़क 2’ ने रिलीज के 12वें दिन यानी दूसरे मंगलवार को कितना कलेक्शन किया है?

‘सन ऑफ़ सरदार 2’ ने 12वें दिन कितना किया कलेक्शन
अजय देवगन की मल्टी स्टारर फिल्म ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ से काफी उम्मीदें थीं. रिलीज से पहले फिल्म का जमकर प्रमोशन भी किया गया था जिसके बाद लग रहा था कि ये बॉक्स ऑफिस पर धूम मचा देगी. इस एक्शन एंटरटेनर की शुरुआत भी ठीक-ठाक हुई थी और ओपनिंग वीकेंड पर इसने बढ़त भी दिखाई थी लेकिन इसके बाद इसकी कमाई हर दिन गिरती चली गई. अब दूसरे हफ्ते में तो इसकी हालत ही खराब हो चुकी है. हैरानी की बात ये है कि इस मूवी को रिलीज हुए 12 दिन हो चुके हैं और ये अपना आधा बजट भी वसूल नहीं कर पाई है. वहीं फिल्म के कलेक्शन की बात करें तो

    • ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ ने रिलीज के पहले हफ्ते में 33 करोड़ की कमाई की थी.
    • इसके बाद 8वें दिन इसने 1.25 करोड़, 9वें दिन 4 करोड़, 10वें दिन 3.75 करोड़ और 11वे दिन 87 लाख का कलेक्शन किया.
    • वहीं सैकनिल्क की अर्ली ट्रेंड रिपोर्ट के मुताबिक ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ ने रिलीज के 12वें दिन 1.15 करोड़  की कमाई की है.
    • इसी के साथ ‘सन ऑफ़ सरदार 2’ की 12 दिनों की कुल कमाई अब 44.25 करोड़ रुपये हो गई है.

‘धड़क 2’ ने रिलीज के 12वें दिन कितना किया कलेक्शन?
दूसरी ओर तृप्ति डिमरी और सिद्धांत चतुर्वेदी की ‘धड़क 2’ जातिगत विभाजन की सच्चाईयों पर आधारित एक दिल को छू लेने वाली रोमांटिक ड्रामा फिल्म है. लेकिन इमोशनल बैकग्राउंड और नई जोड़ी के बावजूद, फिल्म कोई खास कमाल नहीं दिखा पाई है. ये फिल्म रिलीज के पहले ही दिन फिसड्डी साबितत हुई थी और इसके बाद ये पहले हफ्ते में भी कोई कमाल नहीं दिखा पाई. वहीं दूसरे हफ्ते में तो इसका बेड़ा गर्क हो चुका है. वहीं फिल्म के कलेक्शन की बात करें तो सैकनिल्क के आंकड़ों के मुताबिक

    • ‘धड़क 2’ ने पहले हफ्ते में 16.7 करोड़ कमाए थे.
    • इसके बाद 8वें दिन इसने 65 लाख, 9वें दिन 1.4 करोड़, 10वें दिन 1.65 करोड़ और 11वें दिन 50 लाख की कमाई की.
    • वहीं सैकनिल्क की अर्ली ट्रेंड रिपोर्ट के मुताबिक ‘धड़क 2’ ने रिलीज के 12वें दिन 55 लाख की कमाई की है.
    • इसी के साथ ‘धड़क 2’ की 12 दिनों की कुल कमाई अब 21.65 करोड रुपये हुई है.

अमेरिका ने पहलगाम हमले के मास्टरमाइंड पाकिस्तान पर लगाया ‘शांति दूत’ का तमगा, पेश किए बड़े प्रमाण

अमेरिका और पाकिस्तान के बीच नजदीकी काफी ज्यादा बढ़ गई है. पाक आर्मी चीफ आसिम मुनीर हाल ही में दूसरी बार अमेरिका दौरे पर गए. अब अमेरिका के भी बोल बदले हुए नजर आ रहे हैं. हिन्दुस्तान टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक अमेरिका और पाकिस्तान ने संयुक्त बयान जारी किया है. अमेरिका ने आतंक के खिलाफ एक्शन के लिए पाकिस्तान की जमकर तारीफ की है, जबकि वह अच्छी तरह जानता है कि पहलगाम आतंकी हमले में पाक का हाथ था.

पाकिस्तान और अमेरिका के बीच इस्लामाबाद में मंगलवार (12 अगस्त) को काउंटर टेररिज्म डायलॉग का आयोजन हुआ. इस दौरान अमेरिका ने पाकिस्तान की आतंक के खिलाफ एक्शन के लिए तारीफ की. वहीं अमेरिका ने पाकिस्तान में आतंकी घटनाओं में हुए नुकसान के प्रति संवेदना भी व्यक्त की.

पाक विदेश मंत्रालय ने अमेरिका को लेकर क्या दी प्रतिक्रिया

पाकिस्तान के विदेश मंत्रालय ने संयुक्त बयान में कहा, “अमेरिका ने विश्व की शांति और सुरक्षा के लिए खतरा पैदा करने वाले आतंकवादी संगठनों पर लगाम लगाने में पाक की सफलता की तारीफ की. अमेरिका ने जाफर एक्सप्रेस आतंकवादी हमला और खुजदार में एक स्कूल बस पर हुए अटैक को लेकर संवेदना व्यक्त की है.”

ऑपरेशन सिंदूर के बाद क्यों करीब आए पाकिस्तान-अमेरिका

पहलगाम में हुए आतंकी हमले में पाकिस्तान का हाथ था और भारत के पास इसके सबूत भी है. उसने इस हमले के बाद ऑपरेशन सिंदूर के जरिए बदला लिया था. पाक आर्मी चीफ आसिम मुनीर ऑपरेशन सिंदूर के बाद अमेरिका गए थे. वे हाल ही में दूसरी बार भी अमेरिका पहुंचे. अमेरिका और भारत के बीच तनातनी की स्थिति में उसकी करीबी पाकिस्तान से बढ़ती जा रही है.

भारत के खिलाफ कई बार जहर उगल चुके हैं मुनीर

पाक आर्मी चीफ आसिम मुनीर अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे. वे भारत के खिलाफ कई बार बयान दे चुके हैं. मुनीर अमेरिका दौरे पर भी भारत को निशाना बना चुके हैं.

आवारा कुत्तों के मुद्दे पर जॉन अब्राहम ने CJI को लिखा पत्र, रखी खास अपील

बॉलीवुड एक्टर जॉन अब्राहम भी आवारा कुत्तों के लिए कोर्ट के फैसले के सपोर्ट में नहीं हैं. उन्होंने सीजेआई को पत्र लिखकर कोर्ट के फैसले पर दोबारा विचार करने की मांग की है. एक्टर ने कहा है कि कुत्ते ‘आवारा’ नहीं हैं बल्कि समाज का हिस्सा हैं.

दरअसल सुप्रीम कोर्ट ने सभी आवारा कुत्तों को जल्द से जल्द सड़कों से हटाकर स्थायी तौर पर आश्रय स्थलों में भेजने का फैसला किया है. ऐसे में कई सेलेब्स इस फैसले पर निराश हैं. अब जॉन अब्राहम ने मंगलवार को सीजेआई बी.आर. गवई को पत्र लिखकर इस फैसले में बदलाव करने की अपील की है. .

‘ये आवारा नहीं, बल्कि समुदाय का हिस्सा हैं’
‘तेहरान’ एक्टर जॉन अब्राहम को ‘पीपल फॉर द एथिकल ट्रीटमेंट ऑफ एनिमल्स’ (पेटा) इंडिया का पहला डायरेक्टर (Honorary Director) बनाया गया था. उन्होंने कहा- ‘मुझे उम्मीद है कि आप इस बात से सहमत होंगे कि ये आवारा नहीं, बल्कि समुदाय का हिस्सा हैं, जिनसे कई लोग खास लगाव रखते हैं और प्यार करते हैं, खासकर दिल्ली के लोग.’

जॉन अब्राहम ने एबीसी नियमों का दिया हवाला
जॉन अब्राहम ने आगे कहा- ‘एबीसी नियम कुत्तों को हटाने की इजाजत नहीं देते, बल्कि उनकी नसबंदी और वैक्सीनेशन करने और उनके पहले की जगह पर वापस छोड़ने का प्रावधान करते हैं. जहां एबीसी कार्यक्रम को ईमानदारी से लागू किया गया, वहां ये कारगर साबित हुआ. दिल्ली भी ऐसा कर सकती है. नसबंदी के दौरान कुत्तों को रेबीज का टीका लगाया जाता है और इसके बाद कुत्ते शांत हो जाते हैं, उनके खूंखार होने और काटने की घटनाएं कम हो जाती हैं. क्योंकि कुत्ते अपने इलाके को पहचानते हैं, इसलिए वो बिना नसबंदी और बिना वैक्सीनेशन वाले कुत्तों को अपने इलाके में घुसने नहीं देते.’

कोर्ट ने अपने फैसले में क्या कहा?
बता दें कि आवारा कुत्तों के काटने से, खास तौर पर बच्चों में होने वाली रेबीज की समस्या की वजह से सुप्रीम कोर्ट ने सोमवार को दिल्ली-एनसीआर से सभी आवारा कुत्तों को हटाकर आश्रय स्थलों में रखने का निर्देश दिया था. अदालत ने कहा है कि समय के साथ कुत्तों के लिए आश्रय स्थलों की संख्या बढ़ानी होगी. कोर्ट ने दिल्ली के अधिकारियों को निर्देश दिया कि वो छह से आठ सप्ताह के अंदर लगभग 5,000 कुत्तों के लिए आश्रय स्थल बनाएं.