मंडुआडीह थाना क्षेत्र के महेशपुर के पास चलती बस में अचानक लगी आग
पुलिस ने सभी यात्रियों को सकुशल निकाला
अग्निशमन दल ने आग पर पाया काबू
आग से बस जलकर पूरी तरह से नष्ट हुई
वाराणसी: गर्मी की शुरुआत होते ही आग का कहर भी शुरू हो गया है। आज सुबह करीब 03.00 बजे बस नम्बर UP62AT 7070 से झारखंड के दुमका से करीब 70 दर्शनार्थी भारत भ्रमण के उद्देश्य से अयोध्या से होते हुए वाराणसी आ रहे थे कि महेशपुर के पास चलती बस में अचानक आग लग गई।
बस में आग देख पास ही मौजूद पुलिस के जवानो ने तत्काल ओवरटेक कर बस को रुकवाया, लगभग सभी यात्री सो रहे थे पुलिस बल की मदद से बस में सवार सभी व्यक्तियों को सकुशल बस में से उतरवा लिया गया, किसी प्रकार की कोई जनहानि बाबा की कृपा से नही हुई।
खाटूश्याम मन्दिर में श्रीमद्भागवत कथा का द्वितीय दिवस
कथा के दूसरे दिन देवी हेमलता शास्त्री ने राजा परीक्षित के जन्म और उससे जुड़ी कथा सुनाई
लखनऊ: खाटूश्याम मन्दिर में चल रही श्रीमद्भागवत कथा के दूसरे दिन देवी हेमलता शास्त्री ने राजा परीक्षित के जन्म और उससे जुड़ी कथा सुनाई। राजा परीक्षित को क्रमिक मुनि से सात दिवस में मृत्यु का श्राप मिला जिसके निवारण हेतु सुकदेव जी महाराज का आगमन हुआ।
देवी हेमलता शास्त्री ने कहा कि जीवन में दृष्टिकोण को बदलने की आवश्यकता है। नज़रिया बदलेंगे तो दुख में भी सुख की अनुभूति होगी। मन्दिर में पत्थर है किन्तु प्रेम उस पत्थर को भी भगवान बना देता है। देवी हेमलता ने कहा कि हमें प्रभु को निरन्तर धन्यवाद देना चाहिए। ईश्वर ने शरीर अच्छा दिया किन्तु हम शरीर के प्रति लापरवाह हुए तो रोग मिला। रिश्ते प्रेम से जुड़ते हैं किन्तु उनमें कटुता हमारी गलतियों से आती है। हमें चिन्तन करना होगा और दृष्टिकोण बदलना होगा। जब तक आप स्वयं हार नहीं मानेंगे तब तक आपको कोई हरा नहीं सकता। उन्होंने कहा कि संसार में अमृत भरा है किन्तु आपको उसमें से लेना आना चाहिए। संसार में बहुत आनन्द है किन्तु जीना आना चाहिए।
कथा के दौरान देवी हेमलता शास्त्री ने राधे किशोरी दया करो, जो पहले दिया है वही कम नहीं है उसी को निभाने के काबिल नहीं हूं तथा तुम न सुनोगे तो कौन सुनेगा जैसे भजनों से श्रोताओं को भावविभोर कर दिया। मुख्य यजमान सुनीता अग्रवाल एवं जगदीश अग्रवाल ने भागवत की आरती की। कथा में गिरिजा शंकर अग्रवाल, आशीष अग्रवाल, भारत भूषण गुप्ता सहित भारी संख्या में श्रद्धालु मौजूद रहे।
मतदान के दिन या उससे एक दिन पूर्व प्रिन्ट मीडिया में प्रकाशित कराये जाने वाले विज्ञापनों को एम0सी0एम0सी0 समिति से प्रमाणित कराया जाना आवश्यक
आयोग ने निर्वाचन के प्रथम चरण से लेकर सप्तम चरण के प्रतिबंधित दिवसों की समय-सारिणी की निर्धारित
विज्ञापनों के प्रकाशन के लिए प्रस्तावित तिथि से 02 दिन पूर्व एम0सी0एम0सी0 समिति के समक्ष करना होगा आवेदन
लखनऊ: प्रदेश के मुख्य निर्वाचन अधिकारी नवदीप रिणवा ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा 16 मार्च, 2024 को लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2024 की निर्वाचन तिथियों की घोषणा के साथ ही प्रदेश में स्वतंत्र, निष्पक्ष, शांतिपूर्ण, भयमुक्त, प्रलोभनमुक्त, समावेशी व सुरक्षित मतदान कराने के लिए राजनीतिक दलों या प्रत्याशियों द्वारा प्रिन्ट मीडिया में प्रकाशित कराये जाने वाले भड़काऊ, भ्रामक व घृणा फैलाने वाले विज्ञापनों पर रोक लगा दी गयी है। उन्होंने बताया कि निर्वाचन के दौरान किसी भी राजनीतिक दल या उम्मीदवार, किसी अन्य संगठन या व्यक्ति द्वारा मतदान के दिन और उससे एक दिन पूर्व प्रिंट मीडिया में प्रकाशित कराये जाने वाले विज्ञापनों की सामग्री को राज्य व जिला स्तरीय एम0सी0एम0सी0 समिति से प्रमाणित कराया जाना आवश्यक है। इसके लिए आवेदक को विज्ञापन के प्रकाशन के प्रस्तावित तिथि से न्यूनतम 02 दिन पूर्व एम0सी0एम0सी0 समिति के समक्ष आवेदन करते हुए विज्ञापन प्रमाणित कराया जाना अनिवार्य होगा।
मुख्य निर्वाचन अधिकारी ने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने संविधान के अनुच्छेद-324 में निहित प्राविधानों और इस संदर्भ में प्राप्त अन्य शक्तियों का प्रयोग करते हुए निर्देशित किया है कि कोई भी राजनीतिक दल, उम्मीदवार, कोई अन्य संस्थान, व्यक्ति द्वारा मतदान के दिन या मतदान से एक दिन पहले एम0सी0एम0सी0 समिति से प्रमाणित कराये बगैर प्रिंट मीडिया में कोई विज्ञापन प्रकाशित नहीं करवाया जायेगा। यह भी सुनिश्चित किया जायेगा कि भड़काऊ, गुमराह करने वाले, घृणास्पद विज्ञापनों के कारण न कोई प्रतिकूल घटना घटित हो और न ही ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति हो। क्योंकि ऐसे विज्ञापन निर्वाचन की अंतिम तिथि में सम्पूर्ण निर्वाचन प्रक्रिया को दूषित कर देते है, ऐसी स्थिति में प्रभावित दलों या उम्मीदवारों को स्पष्टीकरण देने या खण्डन करने का भी अवसर नहीं मिलता। उन्होंने बताया कि भारत निर्वाचन आयोग ने लोकसभा सामान्य निर्वाचन-2024 में निर्वाचन के प्रथम चरण से लेकर सप्तम चरण के मतदान दिवस और मतदान दिवस से एक दिन पहले की प्रतिबंधित दिवसों की समय सारिणी निर्धारित कर दी है। निर्वाचन के प्रथम चरण का मतदान दिवस 19 अप्रैल, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 18 एवं 19 अप्रैल है। द्वितीय चरण का मतदान दिवस 26 अप्रैल, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 25 एवं 26 अप्रैल है। तृतीय चरण का मतदान दिवस 07 मई, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 06 एवं 07 मई है। चतुर्थ चरण का मतदान दिवस 13 मई, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 12 एवं 13 मई है। पांचवे चरण का मतदान दिवस 20 मई, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 19 एवं 20 मई है। छठवें चरण का मतदान दिवस 25 मई, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 24 एवं 25 मई है। सातवें चरण का मतदान दिवस 01 जून, 2024 को है, इस चरण के प्रतिबंधित दिवस 31 मई और 01 जून, 2024 निर्धारित है।
पूर्व आईपीएस व आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष हैं अमिताभ ठाकुर
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग में केस संख्या 6183/24/12/2024 जेसीडी दर्ज कर लिया गया
वर्तमान में तमाम ज्वलंत मुद्दों में पैरवी कर रहे हैं अमिताभ ठाकुर व उनकी पत्नी नूतन ठाकुर
राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग में शिकायत से संबंधित स्क्रीनशॉट
लखनऊ: राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग ने मुख्तार अंसारी की बांदा जेल में हुई मौत के मामले में आजाद अधिकार सेना के राष्ट्रीय अध्यक्ष अमिताभ ठाकुर की शिकायत तथा जेल अधीक्षक बांदा की रिपोर्ट के क्रम में केस संख्या 6183/24/12/2024 जेसीडी दर्ज कर लिया है। जहां जेल अधीक्षक बांदा ने प्रक्रिया के अनुसार जेल में कैदी की मृत्यु पर मानवाधिकार आयोग को अपनी रिपोर्ट भेजी थी, वहीं अमिताभ ठाकुर ने आयोग से इस मृत्यु के संदिग्ध होने की शिकायत की थी।
मामले के सम्बन्ध में जानकारी देते अमिताभ ठाकुर
उन्होंने कहा था कि मुख्तार अंसारी और उनके परिवार के लोग एक लंबे समय से उन्हें धीमी गति से विष दिए जाने और जेल में हत्या का षडयंत्र किए जाने की आशंका व्यक्त कर रहे थे. साथ ही तबीयत खराब होने के बाद भी अस्पताल से जेल वापस भेज दिए जाने, एक जेलर के कुछ दिन पहले ही ट्रांसफर पर बांदा जेल आने सहित तमाम ऐसे संदिग्ध तथ्य हैं, जो मुख्तार अंसारी की मौत पर गंभीर सवाल उठाते हैं।उन्होंने इन सभी बिंदुओं पर जांच किए जाने की मांग की थी।