कोरोना महामारी के बाद लोगों की जीवनशैली में आए बदलावों का असर अब स्वास्थ्य आंकड़ों में भी दिखाई देने लगा है। कम शारीरिक गतिविधि, लंबे समय तक घर में रहना और खानपान की बदलती आदतों के कारण देश में मोटापा और हाई ब्लड शुगर के मामलों में तेजी दर्ज की गई है।
हालिया राष्ट्रीय स्वास्थ्य सर्वे के अनुसार, भारत में डायबिटीज के मामलों में पिछले कुछ वर्षों में उल्लेखनीय वृद्धि देखी गई है। रिपोर्ट बताती है कि 15 वर्ष से अधिक उम्र के लोगों में ब्लड शुगर से जुड़ी समस्याएं पहले की तुलना में अधिक तेजी से सामने आ रही हैं।
आंकड़ों के अनुसार, पुरुषों और महिलाओं दोनों में मधुमेह के मामलों में बढ़ोतरी दर्ज हुई है। विशेषज्ञ मानते हैं कि बदलती दिनचर्या, बढ़ता वजन और शारीरिक गतिविधियों में कमी इसके प्रमुख कारणों में शामिल हो सकते हैं।
रिपोर्ट में मोटापे को भी बड़ी चिंता बताया गया है। खासकर शहरी क्षेत्रों में अधिक वजन और मोटापे के मामलों में बढ़ोतरी देखने को मिली है। महिलाओं में यह बदलाव अधिक स्पष्ट दिखाई दिया, जबकि पुरुषों में भी लगातार वृद्धि दर्ज की गई।
स्वास्थ्य विशेषज्ञों का कहना है कि नियमित एक्सरसाइज, संतुलित खानपान, पर्याप्त नींद और समय-समय पर हेल्थ चेकअप इस जोखिम को कम करने में मदद कर सकते हैं।
हालांकि, किसी भी स्वास्थ्य संबंधी निर्णय या उपचार के लिए विशेषज्ञ डॉक्टर की सलाह लेना जरूरी है।


































