San Diego में स्थित एक बड़ी मस्जिद में हुई गोलीबारी की घटना ने पूरे इलाके में सनसनी फैला दी। अधिकारियों के मुताबिक, दो किशोर हमलावरों ने मस्जिद परिसर में अंधाधुंध फायरिंग की, जिसमें कई लोगों की जान चली गई। बाद में दोनों संदिग्ध एक वाहन के अंदर मृत पाए गए।
रिपोर्ट्स के अनुसार, घटना Islamic Center of San Diego के पास हुई। जांच एजेंसियों ने बताया कि मृत पाए गए दोनों संदिग्धों की उम्र 17 और 19 वर्ष थी। शुरुआती जांच में माना जा रहा है कि दोनों ने बाद में खुद को गोली मार ली।
घर से हथियार लेकर पहुंचा था आरोपी
अधिकारियों के मुताबिक, एक संदिग्ध अपने घर से हथियार लेकर निकला था। जांच के दौरान उसके घर से एक कथित सुसाइड नोट भी मिला, जिसमें नस्लीय श्रेष्ठता और कट्टर विचारों से जुड़ी बातें लिखी होने की जानकारी सामने आई है।
जांचकर्ताओं को घटना में इस्तेमाल किए गए एक हथियार पर आपत्तिजनक और नफरत फैलाने वाले शब्द भी मिले हैं। पुलिस अब इस एंगल से भी जांच कर रही है कि हमला किसी हेट क्राइम का हिस्सा था या नहीं।
मृतकों में सुरक्षा गार्ड भी शामिल
पुलिस अधिकारियों के अनुसार, जब सुरक्षाकर्मी मौके पर पहुंचे तो कई लोग घायल अवस्था में मिले। मृतकों में मस्जिद का एक सुरक्षा गार्ड भी शामिल है, जिसने हमले के दौरान लोगों को सुरक्षित बाहर निकालने में मदद की।
घटना के बाद पूरे इलाके को घेर लिया गया और आसपास के क्षेत्रों में सर्च ऑपरेशन चलाया गया। इसी दौरान कुछ दूरी पर खड़ी एक गाड़ी से दोनों संदिग्ध मृत मिले।
हेट क्राइम एंगल से जांच
पुलिस और Federal Bureau of Investigation इस मामले की जांच हेट क्राइम के तौर पर कर रहे हैं। जांच एजेंसियों को वाहन से इस्लाम विरोधी सामग्री मिलने की भी जानकारी मिली है।
मस्जिद के इमाम Taha Hassan ने घटना को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि पूजा स्थलों को निशाना बनाना बेहद निंदनीय है। उन्होंने कहा कि लोग मस्जिद में प्रार्थना, शिक्षा और शांति के लिए आते हैं।
इस घटना पर FBI डायरेक्टर Kash Patel ने भी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि एजेंसी स्थानीय प्रशासन के साथ मिलकर जांच में जुटी है और पीड़ितों को हरसंभव सहायता दी जा रही है।


































