
लखनऊ। सरोजिनी नगर विधानसभा क्षेत्र में जनसमस्याओं के समाधान और विकास कार्यों को लेकर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह का साप्ताहिक जनसंवाद अभियान “आपका विधायक, आपके द्वार” लगातार जारी है। अभियान के 181वें सप्ताह का आयोजन रविवार को नीलमथा स्थित JVR Resort में किया गया। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में क्षेत्रवासी शामिल हुए। इस दौरान जनसुनवाई के साथ मातृशक्ति, वीर नारियों, वरिष्ठ नागरिकों और प्रतिभाशाली विद्यार्थियों का सम्मान किया गया तथा 20 विद्यार्थियों को साइकिल और युवाओं को स्पोर्ट्स किट वितरित की गईं।

कार्यक्रम के दौरान नीलमथा, पंडित खेड़ा, गौली और बदाली खेड़ा सहित आसपास के क्षेत्रों की विकास आवश्यकताओं पर विस्तार से चर्चा हुई। जनता की ओर से 187 प्रार्थना पत्र प्राप्त हुए, जिनमें सड़क, नाली, जलनिकासी, अतिक्रमण और अन्य स्थानीय समस्याएं शामिल रहीं। डॉ. राजेश्वर सिंह ने सभी प्रार्थना पत्रों पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित कराने का आश्वासन दिया।
नीलमथा के लिए बनेगी वृहद विकास योजना

जनसंवाद के दौरान डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि पिछले साढ़े चार वर्षों में नीलमथा क्षेत्र में विकास कार्यों को प्राथमिकता दी गई है। उन्होंने कहा कि पिछले चार वर्षों में क्षेत्र में जितनी सड़कें बनी हैं, उतनी पिछले दस वर्षों में नहीं बनीं, लेकिन बढ़ती आबादी और तेजी से हो रही बसावट के कारण अभी भी कई नई चुनौतियां सामने हैं।
उन्होंने कहा कि सड़क, नाली और तालाबों पर अतिक्रमण जलनिकासी तथा यातायात से जुड़ी समस्याओं का बड़ा कारण है। नीलमथा के समग्र विकास के लिए एक वृहद विकास योजना तैयार करने को लेकर मुख्य नगर अधिकारी और LDA के VC से बातचीत की जा चुकी है।
डॉ. सिंह ने कहा कि क्षेत्र की समस्याओं के स्थायी और व्यापक समाधान के लिए मुख्यमंत्री से विशेष फंड उपलब्ध कराने का भी प्रयास किया जाएगा। उनका उद्देश्य केवल अलग-अलग समस्याओं का समाधान कराना नहीं, बल्कि नीलमथा के भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए सुनियोजित विकास की दिशा तय करना है।
181 सप्ताह से लगातार जनता के बीच पहुंच रहा अभियान

डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि “आपका विधायक, आपके द्वार” अभियान लगातार 181 सप्ताह से प्रत्येक रविवार आयोजित हो रहा है। अभियान के माध्यम से गांव-गांव और क्षेत्र के अलग-अलग हिस्सों में जाकर जनता की समस्याएं सीधे सुनी जाती हैं।
स्थानीय स्तर पर समाधान योग्य समस्याओं का तत्काल निस्तारण कराने का प्रयास किया जाता है, जबकि शासन या विभागीय स्तर से जुड़ी समस्याओं को संबंधित विभागों और शासन के समक्ष भेजा जाता है। उन्होंने बताया कि अब तक 14 हजार से अधिक पत्र जनसमस्याओं के समाधान के लिए भेजे जा चुके हैं।
उन्होंने कहा कि निरंतर जनसंपर्क और जनसेवा की यह पहल सरोजिनी नगर की पहचान बन चुकी है और उनका प्रयास है कि जनता को अपनी समस्या के समाधान के लिए कार्यालयों के चक्कर न लगाने पड़ें, बल्कि समाधान उनके द्वार तक पहुंचे।
मातृशक्ति और वीर नारियों का सम्मान

कार्यक्रम में मातृशक्ति के सम्मान के तहत पूर्व पार्षद जमुना देवी, भागीरथी धामी, मीनू रावत, किरण सिंह, रामेश्वरी, रेनू रावत, रंजू झा, शकुंतला, तारा सिंह और किरण रानी को सम्मानित किया गया।
वहीं वरिष्ठ एवं विशिष्टजनों को भी शॉल पहनाकर सम्मानित किया गया। इनमें शौर्य चक्र से सम्मानित चंचल सिंह दशेला सहित परमानंद त्रिपाठी, महावीर अग्रवाल, दिनेश अग्रवाल, राम कुमार चौहान, के.पी. शर्मा, कैलाश नाथ अवस्थी, अरुण मिश्रा, वी.एन. राय, सुग्रीव सिंह राघव, सरदार रंजीत सिंह, रमेश बिष्ट, मंजू गुप्ता, दुर्गा प्रसाद, आर.पी. सैनी, एस.के. पांडेय, उदय प्रताप सिंह, सुधीर राजपाल, मंजू सिंह, पी.पी. पंत, भवानी भट्ट और मुकेश नादान शामिल रहे।
कार्यक्रम में वीर नारियों आनंदी देवी, दुर्गा देवी और उमा सिंह को भी सम्मानित किया गया। उनके पतियों ने भारतीय सेना में सेवा करते हुए देश के लिए अपना योगदान दिया। आनंदी देवी के पति स्वर्गीय नायक सूबेदार दर्शन पाल ने ऑपरेशन पराक्रम, दुर्गा देवी के पति लांस नायक ज्ञान सिंह रावत ने कारगिल युद्ध में 3 गढ़वाल राइफल्स के साथ तथा उमा सिंह के पति हवलदार उदय प्रताप सिंह ने ऑपरेशन रक्षक में राष्ट्रसेवा की थी।
शिक्षा को लेकर बड़ा फोकस, 20 विद्यार्थियों को साइकिल

डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि शिक्षा उनके प्रमुख विकास एजेंडे में शामिल है। उनका प्रयास है कि विद्यार्थियों को पारंपरिक शिक्षा के साथ कंप्यूटर शिक्षा और आधुनिक तकनीक के संसाधन भी उपलब्ध हों।
उन्होंने बताया कि सरोजिनी नगर में अब तक 70 स्कूलों में Digital Library और Smart Class स्थापित कराई गई हैं तथा 500 से अधिक कंप्यूटर उपलब्ध कराए गए हैं। इसके अलावा लगभग 2,000 मेधावी विद्यार्थियों को कंप्यूटर, टैबलेट और साइकिल उपलब्ध कराई जा चुकी हैं।
नीलमथा कार्यक्रम में शिवानी राजपूत, नितिन सिंह, मुस्कान विश्वकर्मा, लोकेश, अंजू रावत, लक्ष्मी रावत, रिद्धिमा, खुशी पाल, आयुषी गुसाईं, कशिश, अपेक्षा, अनुष्का कुमारी, वंदना रावत, समीर, कोमल सिंह, दीपिका प्रसाद, रामबाबू कुमार, श्रेया राजपूत, सूर्य प्रकाश सिंह चौहान और जाह्नवी साहू सहित 20 विद्यार्थियों को साइकिल वितरित की गई।
डॉ. सिंह ने अभिभावकों और वरिष्ठ नागरिकों से बच्चों को पढ़ाई के साथ-साथ आगे बढ़ने के लिए लगातार प्रोत्साहित करने की अपील की।
गोल्ड मेडलिस्ट और राष्ट्रीय स्तर के खिलाड़ियों का सम्मान

कार्यक्रम में बाबा साहब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय में BBA ऑनर्स के गोल्ड मेडलिस्ट वेंकटेश नारायण प्रसाद शुक्ला तथा डॉ. राम मनोहर लोहिया विधि विश्वविद्यालय में साइबर लॉ की गोल्ड मेडलिस्ट शिवानी शुक्ला को सम्मानित किया गया।
इसके साथ ही जूडो-कराटे की नेशनल चैंपियनशिप में सिल्वर मेडल जीतने वाली इंद्रवीरा सिंह बिष्ट और जुनाली सिंह बिष्ट का भी सम्मान किया गया। खेल शिक्षक अनुराग चतुर्वेदी को उनकी उल्लेखनीय सेवाओं के लिए प्रोत्साहित किया गया।
250 से अधिक मंदिरों का जीर्णोद्धार
धार्मिक स्थलों से जुड़े प्राप्त प्रार्थना पत्रों पर भी डॉ. राजेश्वर सिंह ने आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया। उन्होंने बताया कि सरोजिनी नगर में अब तक 250 से अधिक मंदिरों का जीर्णोद्धार और पुनरोद्धार कराया गया है।
मंदिरों में Solar Lights, रंगाई-पुताई, बैठने के लिए benches और hand pumps जैसी सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। उन्होंने रेतेश्वर महादेव मंदिर, झाड़ेश्वर महादेव मंदिर और जल साईनाथ मंदिर के लिए सरकार से करोड़ों रुपये की धनराशि उपलब्ध होने का उल्लेख करते हुए कहा कि धार्मिक स्थलों के विकास और सौंदर्यीकरण का कार्य आगे भी जारी रहेगा।
खेलों के लिए 300 से अधिक Sports Clubs
युवाओं और बच्चों को खेलों से जोड़ने के उद्देश्य से सरोजिनी नगर में 300 से अधिक Sports Clubs स्थापित किए जाने की जानकारी दी गई। इन क्लबों को निःशुल्क Sports Kits भी उपलब्ध कराई गई हैं।
डॉ. सिंह ने कहा कि ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाओं की कमी नहीं है, जरूरत उन्हें अवसर और संसाधन उपलब्ध कराने की है। उन्होंने बेटियों की खेलों में भागीदारी बढ़ाने पर विशेष जोर दिया और कहा कि बेटियों को अपनी प्रतिभा प्रदर्शित करने के लिए सुरक्षित वातावरण और बेहतर सुविधाएं मिलनी चाहिए।
170 से अधिक तारा शक्ति केंद्र, 2,500 सिलाई मशीनें
महिला सशक्तिकरण को लेकर डॉ. राजेश्वर सिंह ने बताया कि सरोजिनी नगर में अब तक 170 से अधिक तारा शक्ति केंद्र स्थापित किए जा चुके हैं। लगभग 2,500 सिलाई मशीनें मातृशक्ति को उपलब्ध कराई गई हैं, ताकि महिलाएं रोजगार और स्वरोजगार के माध्यम से आत्मनिर्भर बन सकें।
नीलमथा कार्यक्रम में प्राप्त आवेदन के आधार पर एक और तारा शक्ति केंद्र स्थापित करने की घोषणा की गई। उन्होंने कहा कि जरूरत के अनुसार भविष्य में भी नए केंद्र स्थापित किए जाएंगे।
जनसेवा के साथ सामाजिक एकजुटता पर जोर
डॉ. सिंह ने कहा कि सरोजिनी नगर की सबसे बड़ी ताकत यहां के लोगों में आपसी सहयोग, सम्मान और समर्पण की भावना है। उन्होंने रक्त की आवश्यकता जैसे आपात मामलों में Team Rajeshwar और क्षेत्रवासियों द्वारा तत्काल सहायता के लिए आगे आने का उल्लेख करते हुए कहा कि यह सामाजिक एकजुटता क्षेत्र की विशिष्ट पहचान बन चुकी है।
स्वास्थ्य, शिक्षा और कनेक्टिविटी में तेजी से बढ़ रहा सरोजनीनगर
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि लगातार विकास कार्यों के बावजूद बढ़ती आबादी के साथ नई आवश्यकताएं सामने आती रहती हैं। इसलिए भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए लगातार नई विकास योजनाएं तैयार करना जरूरी है।
उन्होंने कहा कि सरोजनीनगर स्वास्थ्य और शिक्षा के क्षेत्र में भी तेजी से आगे बढ़ रहा है। क्षेत्र में लोक बंधु अस्पताल, Max Hospital, Apollo Hospital, Wilson Hospital और Tender Palm Hospital जैसे प्रमुख स्वास्थ्य संस्थान मौजूद हैं।
वहीं बाबासाहेब भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय, डॉ. राम मनोहर लोहिया विश्वविद्यालय, शकुंतला विश्वविद्यालय और University of Foreign Languages के नए कैंपस क्षेत्र की शैक्षणिक क्षमता को मजबूत कर रहे हैं।
उन्होंने कहा कि Metro, International Airport और चार Expressways से बेहतर कनेक्टिविटी के कारण सरोजिनी नगर में निवेश, रोजगार और आर्थिक गतिविधियों के नए अवसर पैदा हो रहे हैं।
कानून-व्यवस्था और विकास को बताया प्रदेश की ताकत
उत्तर प्रदेश की कानून-व्यवस्था का उल्लेख करते हुए डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि प्रदेश में कानून का राज स्थापित हुआ है और अपराधियों तथा माफिया के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई की गई है। सुरक्षित वातावरण में महिलाएं और बेटियां शिक्षा, रोजगार तथा अन्य क्षेत्रों में आत्मविश्वास के साथ आगे बढ़ रही हैं।
उन्होंने उत्तर प्रदेश की अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाने के लिए केंद्र और प्रदेश सरकार के प्रयासों का उल्लेख करते हुए कहा कि विकास और कानून-व्यवस्था को और मजबूत बनाए रखने के लिए सरकार को मजबूत करना जरूरी है।
“जनता के काम के लिए 24 घंटे समर्पित”
कार्यक्रम के समापन पर डॉ. राजेश्वर सिंह ने JVR Resort, नीलमथा में बड़ी संख्या में पहुंचकर जनसंवाद में भाग लेने के लिए क्षेत्रवासियों का आभार व्यक्त किया।
उन्होंने कहा कि 187 प्राप्त प्रार्थना पत्रों पर आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाएगी। उन्होंने कहा कि उनका और उनकी टीम का उद्देश्य केवल विकास योजनाओं तक सीमित नहीं है, बल्कि जनता की समस्याओं को सुनना, उनका समाधान कराना और जरूरतमंद परिवारों तक सहायता पहुंचाना है।
डॉ. सिंह ने कहा कि जनसेवा का उनका संकल्प स्पष्ट है- जनता की समस्याओं का समाधान उनके द्वार तक पहुंचे, हर वर्ग को सम्मान मिले, विद्यार्थी और युवा आगे बढ़ें, मातृशक्ति आत्मनिर्भर बने और सरोजिनी नगर विकास की नई ऊंचाइयों तक पहुंचे।


































