HomeDaily Newsलखनऊ में सुशांत गोल्फ सिटी के 10 हजार से अधिक परिवारों के...

लखनऊ में सुशांत गोल्फ सिटी के 10 हजार से अधिक परिवारों के हित में डॉ. राजेश्वर सिंह की प्रभावी पैरवी : CM योगी ने दिया शीघ्र कार्रवाई का आश्वासन

लखनऊ, 21 अगस्त 2026: सरोजनीनगर विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने शुक्रवार को मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से मुलाकात कर सुशांत गोल्फ सिटी समेत सुल्तानपुर रोड स्थित अंसल एपीआई की हाईटेक टाउनशिप से जुड़े हजारों होमबायर्स, आवंटियों, भू-स्वामियों और निवेशकों के अधिकारों का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। मुख्यमंत्री ने सभी विषयों का गंभीरता से संज्ञान लेते हुए शीघ्र सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन दिया।

मुलाकात के दौरान डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि इन परिवारों ने अपने जीवनभर की पूंजी लगाकर अपने घर खरीदे हैं। ऐसे में उनके आवासीय अधिकारों, निवेश और भविष्य की सुरक्षा सुनिश्चित करना सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। उन्होंने कहा कि सुशांत गोल्फ सिटी के 10,000 से अधिक परिवारों समेत 31 गांवों में विकसित की जा रही हाईटेक टाउनशिप से जुड़े हजारों परिवारों के हितों की रक्षा के लिए वह पूरी तरह प्रतिबद्ध हैं।

NCLT मामले में प्रभावी पैरवी की मांग

डॉ. राजेश्वर सिंह ने अंसल एपीआई परियोजना से जुड़े CP(IB) No. 558/ND/2024 मामले में LDA द्वारा NCLT में तत्काल Interlocutory Application दाखिल कर प्रभावी पैरवी सुनिश्चित करने का अनुरोध किया। उन्होंने परियोजना को अपने नियंत्रण में लेकर अधूरे विकास कार्यों को पूरा कराने की दिशा में आवश्यक कदम उठाने की मांग की।

उन्होंने Development Agreements, MOUs और UP Hi-Tech Township Policy के अनुरूप टाउनशिप का समबद्ध विकास और हैंडओवर सुनिश्चित करने की आवश्यकता भी मुख्यमंत्री के समक्ष रखी।

अधूरे विकास कार्यों को पूरा कराने पर जोर

विधायक ने कहा कि टाउनशिप में लंबित सड़क, सीवर, जलापूर्ति, विद्युत, ड्रेनेज, पार्क एवं अन्य सामुदायिक सुविधाओं से जुड़े कार्यों को प्राथमिकता के आधार पर पूरा कराया जाना चाहिए। इसके लिए बंधक लगभग 25 प्रतिशत भूमि के सदुपयोग के साथ उपलब्ध Performance Guarantee और अन्य वैधानिक प्रावधानों का प्रभावी इस्तेमाल किए जाने की आवश्यकता बताई।

उन्होंने LDA, आवास विभाग और अन्य संबंधित विभागों की संयुक्त निगरानी समिति गठित करने का भी अनुरोध किया, ताकि विकास कार्यों की नियमित समीक्षा हो और उनकी प्रगति समयबद्ध तरीके से सुनिश्चित की जा सके।

सुप्रीम कोर्ट के आदेश का भी किया उल्लेख

डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि होमबायर्स के हितों की रक्षा के लिए उन्होंने स्वयं NCLAT में प्रभावी पैरवी की है। उन्होंने बताया कि 7 जनवरी 2026 के आदेश को सुप्रीम कोर्ट ने 16 अप्रैल 2026 को बरकरार रखा। उन्होंने राज्य सरकार और LDA को NCLT, NCLAT तथा सुप्रीम कोर्ट के आदेशों के आलोक में आवश्यक विधिक कार्रवाई सुनिश्चित करने का अनुरोध किया।

उन्होंने कहा कि यह लड़ाई केवल एक टाउनशिप या परियोजना की नहीं, बल्कि हजारों परिवारों के घर, उनकी जीवनभर की पूंजी और उनके अधिकारों की रक्षा से जुड़ी है।

सुशांत गोल्फ सिटी की बिजली समस्या भी मुख्यमंत्री के सामने

बैठक में सुशांत गोल्फ सिटी के 10,000 से अधिक परिवारों की विद्युत आपूर्ति से जुड़ा विषय भी प्रमुखता से उठाया गया। डॉ. राजेश्वर सिंह ने विद्युत भार को 10 MVA से बढ़ाकर 23 MVA करने तथा ₹8.28 करोड़ के विलंब अधिभार को माफ करने का अनुरोध किया।

उन्होंने कहा कि बिजली आपूर्ति का यह विषय हजारों परिवारों के दैनिक जीवन और बुनियादी सुविधाओं से सीधे जुड़ा है, इसलिए इसका तत्काल समाधान आवश्यक है।

‘योगी मॉडल’ को बताया जनहित केंद्रित सुशासन की पहचान

डॉ. राजेश्वर सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की संवेदनशीलता और त्वरित निर्णय क्षमता की सराहना करते हुए कहा कि जनसमस्याओं को गंभीरता से सुनना, समाधान का संकल्प लेना और शीघ्र कार्रवाई के लिए दिशा देना ‘योगी मॉडल’ की पहचान है।

उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री द्वारा हजारों परिवारों से जुड़े इन महत्वपूर्ण विषयों को गंभीरता से सुनकर सकारात्मक कार्रवाई का आश्वासन देना प्रभावित परिवारों के लिए विश्वास और राहत का संदेश है।

डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि “सरोजनीनगर परिवार” के प्रत्येक नागरिक के अधिकार, सम्मान, सुविधा और सुरक्षित भविष्य की रक्षा के लिए उनका प्रयास निरंतर जारी रहेगा।

RELATED ARTICLES

Most Popular

Recent Comments