इस्लामाबाद। पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान खान को अदियाला जेल से इस्लामाबाद के शिफा इंटरनेशनल अस्पताल में स्थानांतरित करने की तैयारी चल रही है। यह कदम पाकिस्तान के सुप्रीम कोर्ट के उस निर्देश के बाद उठाया जा रहा है, जिसमें इमरान खान को बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के लिए अस्पताल में भर्ती कराने का आदेश दिया गया था।
अदालत के निर्देश के अनुसार उन्हें 20 अगस्त की रात 12 बजे तक अस्पताल में शिफ्ट किया जाना था। इसी बीच अस्पताल परिसर और उसके आसपास सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई है। रिपोर्टों के मुताबिक पाकिस्तानी सेना और इस्लामाबाद पुलिस ने अस्पताल की सुरक्षा अपने नियंत्रण में ले ली है।
सुप्रीम कोर्ट ने इलाज के लिए दिया था निर्देश
इमरान खान की स्वास्थ्य संबंधी स्थिति को देखते हुए सुप्रीम कोर्ट ने उन्हें शिफा इंटरनेशनल अस्पताल में उपचार उपलब्ध कराने का निर्देश दिया था। अदालत ने अपने फैसले में स्वास्थ्य, जीवन के अधिकार और आवश्यक चिकित्सा सुविधाओं तक पहुंच को संवैधानिक अधिकारों से जोड़ते हुए यह आदेश जारी किया।
अदालत ने इमरान खान और उनके परिवार के बीच नियमित मुलाकात की व्यवस्था करने का भी निर्देश दिया है। इसके अलावा उनके इलाज की निगरानी के लिए मेडिकल बोर्ड गठित करने की बात कही गई है। प्रस्तावित बोर्ड में उनके निजी डॉक्टर और उनकी बहन उज्मा खान को भी शामिल किए जाने का निर्देश है।
सरकार की पुनर्विचार याचिका को लगा झटका
सुप्रीम कोर्ट के आदेश के बाद पाकिस्तान सरकार ने फैसले पर पुनर्विचार की कोशिश की। सरकार की ओर से आदेश की समीक्षा और उसे वापस लेने की मांग की गई थी।
हालांकि, सुप्रीम कोर्ट के रजिस्ट्रार कार्यालय ने सरकार की याचिका को अधूरे दस्तावेज और पेपर बुक से संबंधित कमियों का हवाला देते हुए वापस कर दिया। इसके बाद सरकार के सामने अदालत के मूल आदेश के पालन की स्थिति बनी हुई है।
सरकार का तर्क था कि इमरान खान को जेल से निजी अस्पताल में भेजने का आदेश जेल नियमों और कानूनी प्रक्रिया से संबंधित प्रावधानों के अनुरूप नहीं है। याचिका में यह भी दावा किया गया कि इस फैसले से उनके मामले में विशेष व्यवहार का संदेश जाता है।
पीटीआई ने सरकार के भीतर मतभेद का लगाया आरोप
इमरान खान की पार्टी पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ (PTI) की ओर से भी इस मामले पर प्रतिक्रिया सामने आई है। पार्टी के संसद और खैबर पख्तूनख्वा में प्रमुख जुनैद अकबर ने दावा किया कि इमरान खान को अस्पताल ले जाने को लेकर सरकार के भीतर मतभेद हैं।
उनका आरोप है कि शहबाज शरीफ सरकार की ओर से अस्पताल स्थानांतरण की तैयारी की जा रही है, लेकिन पंजाब की मुख्यमंत्री मरियम नवाज इस कदम के पक्ष में नहीं हैं। पीटीआई नेता का दावा है कि इसी वजह से सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बावजूद इमरान खान को अस्पताल भेजने की प्रक्रिया में देरी हुई।
फिलहाल इमरान खान की अस्पताल शिफ्टिंग को लेकर सुरक्षा व्यवस्था बेहद कड़ी कर दी गई है। सुप्रीम कोर्ट के निर्देश के बाद अब नजर इस बात पर है कि उन्हें अस्पताल में कब तक स्थानांतरित किया जाता है और उनके इलाज के लिए गठित मेडिकल बोर्ड आगे क्या कदम उठाता है।


































