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प्राइवेट डिनर से संसद संबोधन तक: पीएम मोदी के इजरायल दौरे में क्या रहेगा खास?

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी 25–26 फरवरी को दो दिवसीय दौरे पर इजरायल जाएंगे। एयरपोर्ट पर उनका स्वागत खुद इजरायल के प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू करेंगे।

दौरे की प्रमुख बातें

  • इजरायली संसद को संबोधन: 25 फरवरी को पीएम मोदी क्नेस्सेट (इजरायली संसद) को संबोधित करेंगे।
  • प्राइवेट डिनर: पीएम मोदी के सम्मान में नेतन्याहू विशेष निजी रात्रिभोज का आयोजन करेंगे।
  • द्विपक्षीय वार्ता: रक्षा, तकनीक, व्यापार और क्षेत्रीय हालात पर उच्चस्तरीय बातचीत होगी।

यह पीएम मोदी की पिछले 9 वर्षों में इजरायल की दूसरी यात्रा होगी। 4–6 जुलाई 2017 के ऐतिहासिक दौरे में भारत–इजरायल संबंधों को रणनीतिक साझेदारी के स्तर तक अपग्रेड किया गया था।


किन क्षेत्रों में होगा फोकस?

1) विज्ञान, टेक्नोलॉजी और इनोवेशन

  • स्टार्टअप्स, संयुक्त R&D परियोजनाएं
  • India–Israel Industrial R&D and Technological Innovation Fund (I4F)
  • आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और साइबर सुरक्षा

2) रक्षा और सुरक्षा

नवंबर 2025 में रक्षा सहयोग पर समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर हुए थे। रक्षा तकनीक, संयुक्त उत्पादन और इंटेलिजेंस सहयोग प्रमुख एजेंडा रहेंगे।

3) व्यापार और निवेश

  • नवंबर 2025 में वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल की यात्रा के दौरान FTA वार्ता शुरू करने के लिए ToR पर हस्ताक्षर।
  • सितंबर 2025 में इजरायल के वित्त मंत्री बेजाले स्मोट्रिच की भारत यात्रा के दौरान BIA पर हस्ताक्षर।

4) कृषि और जल प्रौद्योगिकी

भारत के विभिन्न राज्यों में 43 में से 35 उत्कृष्टता केंद्र (CoE) संचालित हैं, जो आधुनिक खेती और माइक्रो-इरिगेशन को बढ़ावा दे रहे हैं।

5) पिपुल-टू-पिपुल कनेक्ट

इजरायल में 41,000 से अधिक भारतीय प्रवासी रहते हैं। 2023 के द्विपक्षीय श्रम समझौते के बाद 20,000 से अधिक भारतीय श्रमिक इजरायल पहुंचे हैं।


क्षेत्रीय और बहुपक्षीय सहयोग

  • भारत ने 13 अक्टूबर 2025 को घोषित गाज़ा शांति पहल का स्वागत किया था।
  • भारत और इजरायल I2U2 समूह (भारत–इजरायल–यूएई–अमेरिका) के सदस्य हैं, जो खाद्य सुरक्षा, नवीकरणीय ऊर्जा और इंफ्रास्ट्रक्चर पर केंद्रित है।

कुल मिलाकर क्या संदेश?

यह दौरा केवल औपचारिकता नहीं, बल्कि रणनीतिक साझेदारी को अगले स्तर पर ले जाने की दिशा में अहम कदम माना जा रहा है। संसद संबोधन से लेकर प्राइवेट डिनर तक—हर कार्यक्रम दोनों देशों के गहरे होते रिश्तों का संकेत देता है।

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