मध्य पूर्व में बढ़ते तनाव के बीच इजरायल अपनी वायु शक्ति को और मजबूत करने की दिशा में बड़ा कदम उठा रहा है। इजरायल ने अमेरिका से दो नए फाइटर जेट स्क्वाड्रन खरीदने का फैसला किया है, जिनमें F-35I और F-15IA शामिल हैं।
रक्षा मंत्रालय के अनुसार, एक उच्चस्तरीय डिफेंस कमेटी ने इस सौदे को मंजूरी दे दी है। इसके तहत लॉकहीड मार्टिन से चौथा F-35I स्क्वाड्रन और बोइंग से दूसरा F-15IA स्क्वाड्रन खरीदा जाएगा। इस डील की कुल कीमत अरबों डॉलर में बताई जा रही है।
अधिकारियों का कहना है कि ये नए विमान इजरायल की दीर्घकालिक सैन्य क्षमता को मजबूत करेंगे और क्षेत्र में बदलती सुरक्षा चुनौतियों से निपटने में मदद करेंगे। रक्षा मंत्रालय के महानिदेशक अमीर बाराम ने अमेरिका स्थित मिशन को निर्देश दिया है कि वे इस सौदे को जल्द अंतिम रूप देने के लिए अमेरिकी अधिकारियों के साथ बातचीत आगे बढ़ाएं।
इस खरीद के बाद आने वाले वर्षों में इजरायल की वायुसेना का बेड़ा काफी मजबूत हो जाएगा। F-35I विमानों की संख्या बढ़कर करीब 100 और F-15IA की संख्या लगभग 50 तक पहुंचने की उम्मीद है। फिलहाल इजरायल के पास 48 F-35I विमान हैं, जो पहले दिए गए ऑर्डर का हिस्सा थे।
इससे पहले 2023 में इजरायल ने 25 अतिरिक्त F-35 विमानों का ऑर्डर दिया था, जिनकी डिलीवरी 2028 से शुरू होने की संभावना है। वहीं 2024 में 25 F-15IA विमानों का ऑर्डर दिया गया था, जिनकी डिलीवरी 2031 से शुरू हो सकती है।
इजरायल के रक्षा मंत्री इजराइल काट्ज ने कहा कि हालिया ईरान तनाव ने एक बार फिर यह साबित कर दिया है कि मजबूत वायुसेना देश की सुरक्षा में निर्णायक भूमिका निभाती है। उन्होंने यह भी जोर दिया कि भविष्य की चुनौतियों को देखते हुए अभी से तैयारी करना जरूरी है।
विशेषज्ञों के अनुसार, यह सौदा इजरायली रक्षा बल (IDF) की क्षमता को लंबे समय तक बनाए रखने और क्षेत्र में उसकी सैन्य बढ़त को सुनिश्चित करने की दिशा में अहम कदम है। साथ ही यह अमेरिका और इजरायल के मजबूत रणनीतिक संबंधों को भी दर्शाता है।


































