ईरान के खिलाफ अमेरिका और इजरायल की संयुक्त कार्रवाई गुरुवार को छठे दिन में प्रवेश कर गई है। दोनों पक्षों ने बैलिस्टिक मिसाइल, एयरजेट, ड्रोन और क्लस्टर बम सहित विभिन्न हथियारों का इस्तेमाल किया। इन हमलों में सिर्फ ईरान या इजरायल के नागरिक नहीं बल्कि कई देशों के लोग भी मारे गए हैं।
ईरान: मिनाब के एक स्कूल पर मिसाइल हमले में 175 छात्राओं और स्टाफ समेत कम से कम 1,230 लोग मारे गए।
इजरायल: 1 मार्च को बेत शेमेश में हुए मिसाइल हमले में 11 लोग मारे गए।
यूएस: छह अमेरिकी सर्विस मेंबर्स की मौत।
लेबनान: इजरायल हमलों में कम से कम 77 लोग मारे गए।
बहरीन: मिसाइल इंटरसेप्शन के बाद आग लगने से 1 व्यक्ति की मौत।
कुवैत: ईरानी हमलों में दो कुवैती सैनिकों समेत 4 लोग मारे गए।
ओमान: प्रोजेक्टाइल टकराने से 1 व्यक्ति की मौत, यूएई में 3 लोग मारे गए।
सुप्रीम लीडर की मौत और हालात
28 फरवरी 2026 को शुरू हुई इस जंग में ईरान के सुप्रीम लीडर अयातुल्लाह अली खामेनेई सहित कई वरिष्ठ नेता भी मारे गए। ईरान ने खाड़ी देशों में अमेरिकी बेस और दूतावास पर ड्रोन और मिसाइल हमले किए। इजरायल ने लेबनान में हिजबुल्लाह ठिकानों पर हवाई हमले किए।
आर्थिक असर
जंग के चलते तेल की कीमतें बढ़कर 150 डॉलर प्रति बैरल तक पहुंच गई हैं।
मिडिल ईस्ट में हालात लगातार बिगड़ते जा रहे हैं, और हर तरफ तनाव बढ़ता जा रहा है
लखनऊ। सहारा समूह से जुड़े वित्तीय मामलों और संपत्तियों की कथित खरीद-फरोख्त की जांच के सिलसिले में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की टीम ने शुक्रवार को लखनऊ स्थित सहारा शहर में पहुंचकर छानबीन की। करीब तीन घंटे तक चली इस कार्रवाई के दौरान ईडी अधिकारियों ने कई महत्वपूर्ण दस्तावेजों की जांच की और संपत्तियों के लेन-देन से जुड़े अहम कागजात अपने कब्जे में लिए।
सूत्रों के मुताबिक, कोलकाता से आई ईडी की चार सदस्यीय टीम नगर निगम के अधिकारियों के साथ सहारा शहर पहुंची। टीम ने सहारा शहर परिसर में मौजूद विभिन्न कार्यालयों और रिकॉर्ड से जुड़े दस्तावेजों की बारीकी से जांच की। इस दौरान संपत्तियों की खरीद-फरोख्त से जुड़े कई ऐसे सुराग सामने आए, जिनके आधार पर आगे की जांच को और तेज किया जा सकता है।
तीन घंटे तक चली जांच, कई दस्तावेज जब्त ईडी की टीम ने लगभग तीन घंटे तक सहारा शहर के भीतर रिकॉर्ड खंगाले। जांच के दौरान अधिकारियों ने जमीन और अचल संपत्तियों से संबंधित कई फाइलें और दस्तावेज कब्जे में लिए। माना जा रहा है कि इन दस्तावेजों से सहारा समूह की संपत्तियों के लेन-देन और उनके स्वामित्व से जुड़े कई अहम तथ्य सामने आ सकते हैं। झलवा गांव की जमीन से जुड़े कागजात भी जांच के दायरे में बताया जा रहा है कि जांच के दौरान आईआईएम रोड स्थित झलवा गांव की जमीनों से जुड़े दस्तावेज भी ईडी के हाथ लगे हैं। आरोप है कि इन जमीनों को सहारा प्रबंधन से जुड़े लोगों द्वारा निजी बिल्डरों को बेचे जाने की जानकारी सामने आई है। ईडी अब इन लेन-देन की वैधता और उससे जुड़े वित्तीय पहलुओं की जांच कर रही है।
मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में पहले से चल रही जांच ईडी सहारा समूह के खिलाफ मनी लॉन्ड्रिंग एक्ट के तहत दर्ज मामले में कई महीनों से जांच कर रही है। इससे पहले भी एजेंसी देश के विभिन्न हिस्सों में सहारा समूह से जुड़े ठिकानों पर छापेमारी कर चुकी है। जांच एजेंसी को आशंका है कि समूह की कुछ संपत्तियों की खरीद-फरोख्त नियमों और न्यायालय के निर्देशों के विपरीत की गई हो सकती है।
1500 करोड़ से अधिक की संपत्तियां पहले ही हो चुकी हैं जब्त जांच एजेंसियों की कार्रवाई के दौरान अब तक सहारा समूह से जुड़ी करीब 1500 करोड़ रुपये से अधिक की अचल संपत्तियां जब्त की जा चुकी हैं। इसके बावजूद यह आरोप सामने आते रहे हैं कि समूह से जुड़े कुछ लोग गुप्त रूप से जमीनों और अन्य संपत्तियों के सौदे कर रहे हैं।
नगर निगम के कब्जे में है सहारा शहर गौरतलब है कि करीब तीन महीने पहले नगर निगम ने सहारा शहर को अपने प्रशासनिक नियंत्रण में ले लिया था। इसी कारण ईडी की टीम नगर निगम अधिकारियों की मौजूदगी में परिसर के भीतर पहुंची और वहां मौजूद दस्तावेजों की जांच की। अधिकारियों ने सहारा प्रमुख सुब्रत राय के आवास और कार्यालय से जुड़े रिकॉर्ड भी खंगाले।
तीन राज्यों में भी हुई थी कार्रवाई सूत्रों के अनुसार, सहारा समूह की संपत्तियों से जुड़े पुख्ता सुराग मिलने के बाद ईडी ने हाल ही में तीन राज्यों में समूह के विभिन्न ठिकानों पर छापेमारी की थी। इन कार्रवाइयों के बाद अब उत्तर प्रदेश में बेची गई जमीनों और संपत्तियों की भी विस्तृत जांच शुरू कर दी गई है। जांच एजेंसियों का मानना है कि दस्तावेजों की जांच और वित्तीय लेन-देन की पड़ताल के बाद इस पूरे मामले में कई और महत्वपूर्ण तथ्य सामने आ सकते हैं।
हल्दी वाला दूध भारतीय घरों में सर्दियों का एक अहम पेय माना जाता है। बच्चों से लेकर बुजुर्गों तक, अक्सर सोने से पहले हल्दी दूध पीने की सलाह दी जाती है। दूध में हल्दी, काली मिर्च, अदरक और दालचीनी मिलाकर बनाया गया यह ड्रिंक न केवल स्वादिष्ट होता है बल्कि सेहत के लिए भी फायदेमंद माना जाता है।
इम्यूनिटी बूस्ट: हल्दी में एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीमाइक्रोबियल गुण होते हैं, जो शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता को मजबूत करते हैं।
सर्दी-खांसी में राहत: यह सर्दियों में सर्दी, खांसी और फ्लू से बचाने में मदद करता है।
जोड़ों और मांसपेशियों के लिए: बुजुर्गों के लिए यह गठिया और मांसपेशियों के दर्द में राहत देता है।
बेहतर नींद और गले की देखभाल: हल्दी दूध गले की खराश को कम करने और नींद को बेहतर बनाने में सहायक है।
सोने से पहले पीना सही है या नहीं?
हेल्थ एक्सपर्ट्स के अनुसार, हल्दी वाला दूध सोने से ठीक पहले पीना सही नहीं है। रात के खाने और दूध पीने के बीच कम से कम 1-2 घंटे का अंतर होना चाहिए। हल्दी दूध कैलोरी और पाचन पर असर डाल सकता है। डायटीशियन चारू सदाना के अनुसार हल्दी में करक्यूमिन एंटी-इंफ्लेमेटरी गुण देता है और पाचन में मदद करता है, लेकिन भारी भोजन के तुरंत बाद या सोने से पहले पीने से एसिडिटी या एसिड रिफ्लक्स की समस्या हो सकती है।
किन लोगों को सावधानी बरतनी चाहिए
गॉलब्लैडर की समस्या वाले: हल्दी पित्त के स्राव को बढ़ा सकती है।
ब्लड थिनर लेने वाले: हल्दी खून के थक्के बनने की प्रक्रिया को धीमा कर सकती है, जिससे ब्लीडिंग का खतरा बढ़ सकता है।
आयरन की कमी वाले: हल्दी शरीर में आयरन के अवशोषण को प्रभावित कर सकती है।
गर्भवती, लिवर की बीमारी या सर्जरी की योजना वाले: हल्दी दूध लेने से पहले डॉक्टर से सलाह जरूरी।
नोट: यह जानकारी रिसर्च और विशेषज्ञों की राय पर आधारित है। इसे मेडिकल सलाह का विकल्प न मानें। किसी भी नई आदत या डाइट को अपनाने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेना जरूरी है।
बॉलीवुड एक्ट्रेस जान्हवी कपूर कल यानी 6 मार्च को अपना 29वां जन्मदिन मनाने जा रही हैं। 2018 में फिल्म ‘धड़क’ से करियर की शुरुआत करने के बाद जान्हवी ने कम समय में अपनी अलग पहचान बनाई। एक्टिंग के साथ-साथ उनका फैशन सेंस भी फैंस के बीच चर्चित है, खासकर उनके साड़ी लुक्स। आइए उनके जन्मदिन पर जान्हवी के कुछ ट्रेडिशनल और ग्लैमरस साड़ी लुक्स पर नजर डालते हैं।
जान्हवी ने साड़ी को क्लासिक अंदाज में कैरी किया। हल्का मेकअप, सॉफ्ट हेयरस्टाइल और मिनिमल ज्वेलरी ने लुक को बेहद ग्रेसफुल बना दिया। यह दिखाता है कि सादगी भी कितनी खूबसूरत हो सकती है।
मॉडर्न ग्लैमर
इस लुक में साड़ी को मॉडर्न ट्विस्ट के साथ स्टाइल किया गया। स्टाइलिश ब्लाउज और ग्लैम मेकअप ने लुक को और आकर्षक बना दिया। यह पारंपरिक और मॉडर्न फैशन का बेहतरीन मिश्रण है।
पेस्टल साड़ी में सॉफ्ट एलिगेंस
पेस्टल रंग की साड़ियां जान्हवी पर हमेशा शानदार लगती हैं। सॉफ्ट मेकअप और स्टेटमेंट ईयररिंग्स के साथ यह लुक एलिगेंट और नाजुक नजर आता है।
क्लासिक देसी दीवा
ट्रेडिशनल ड्रेप और कॉन्फिडेंट स्टाइल के साथ जान्हवी इस लुक में परफेक्ट देसी दीवा लगती हैं। यह दिखाता है कि क्लासिक अंदाज कभी पुराना नहीं होता।
रॉयल एथनिक ग्लैमर
खूबसूरत कढ़ाई वाली साड़ी और ग्लैमरस मेकअप ने जान्हवी के इस लुक को फेस्टिव और रॉयल बना दिया।
आशियाना स्थित विधायक आवास पर भव्य होली मिलन समारोह का आयोजन हजारों क्षेत्रवासियों, कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों ने लिया हिस्सा करीब तीन घंटे तक लोगों के साथ रंग-गुलाल में रमे डॉ. राजेश्वर सिंह भारत को विश्व की अग्रणी महाशक्ति बनाने का लिया संकल्प सरोजनीनगर की एकता, विश्वास और अपनापन हमारी सबसे बड़ी ताकत : विधायक
लखनऊ (आशियाना)। सरोजनीनगर के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह के आशियाना स्थित आवास पर आयोजित भव्य होली मिलन समारोह में क्षेत्रवासियों, भाजपा पदाधिकारियों, कार्यकर्ताओं और स्थानीय नागरिकों का उत्साहपूर्ण और स्नेहपूर्ण आगमन हुआ। समारोह में हजारों लोगों ने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर होली की शुभकामनाएँ दीं और सामाजिक सौहार्द का संदेश दिया।
इस अवसर पर डॉ. राजेश्वर सिंह स्वयं कार्यक्रम में उपस्थित रहे और करीब तीन घंटे तक क्षेत्रवासियों के साथ होली के रंगों में सराबोर रहे। उन्होंने सभी आगंतुकों का आत्मीय स्वागत करते हुए कहा कि होली का पर्व समाज में प्रेम, भाईचारा और आपसी सौहार्द को मजबूत करने का प्रतीक है।
उन्होंने कहा कि बड़ी संख्या में लोगों की सहभागिता इस बात का प्रमाण है कि सरोजनीनगर परिवार आपसी विश्वास और प्रेम की मजबूत डोर से जुड़ा हुआ है। यही सामाजिक एकता इस क्षेत्र की सबसे बड़ी ताकत है।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने होली के सांस्कृतिक महत्व पर प्रकाश डालते हुए कहा कि होली केवल रंगों का त्योहार नहीं बल्कि भारत की समृद्ध सांस्कृतिक परंपरा और विविधता में एकता का प्रतीक है। जिस प्रकार अलग-अलग रंग मिलकर होली के उत्सव को सुंदर बनाते हैं, उसी प्रकार भारत की विविधता ही इसकी असली शक्ति है। उन्होंने कहा कि भारत की यही सांस्कृतिक शक्ति और सामाजिक एकता देश को विश्व में विशिष्ट पहचान दिलाती है।
विश्व में शांति और सौहार्द का संदेश देता भारत
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि आज दुनिया के कई हिस्सों में संघर्ष और असुरक्षा का वातावरण दिखाई देता है, लेकिन भारत में उत्सव, सामाजिक समरसता और आपसी प्रेम का माहौल हमारे मजबूत सामाजिक मूल्यों और राष्ट्रीय एकता को दर्शाता है। उन्होंने ईश्वर से प्रार्थना करते हुए कहा कि यह पावन पर्व सभी के जीवन में सुख, समृद्धि, स्वास्थ्य और खुशियों के नए रंग लेकर आए और देश निरंतर प्रगति के मार्ग पर आगे बढ़ता रहे।
राष्ट्र निर्माण का संकल्प भी है होली
कार्यक्रम के दौरान विधायक ने कहा कि होली का यह पावन पर्व केवल उत्सव का ही नहीं बल्कि संकल्प का भी दिन है। हमें यह संकल्प लेना चाहिए कि हम सभी मिलकर अपने राष्ट्र को और अधिक मजबूत बनाएंगे और भारत को विश्व की अग्रणी महाशक्ति बनाने के लिए निरंतर प्रयास करते रहेंगे। उन्होंने कहा कि सरोजनीनगर क्षेत्र के लोगों का आपसी अपनापन, विश्वास और मुस्कुराहट ही इस क्षेत्र की सबसे बड़ी पूंजी है, जो समाज को जोड़ने और आगे बढ़ने की प्रेरणा देती है।
“भारत माता की जय” के जयघोष से गूंजा समारोह
कार्यक्रम के अंत में डॉ. राजेश्वर सिंह के नेतृत्व में उपस्थित सभी लोगों ने एक स्वर में “भारत माता की जय” और “हर हर महादेव” के जयघोष लगाए और राष्ट्र की एकता, अखंडता और समृद्धि के प्रति अपनी प्रतिबद्धता व्यक्त की।