
सीमित व्यय से व्यापक क्षमता निर्माण तक 3–4 गुना बजटीय वृद्धि, पुलिस, स्वास्थ्य, ग्रामीण व शहरी विकास को मिला अभूतपूर्व विस्तार
लखनऊ, 19 फरवरी 2026। सरोजिनी नगर विधानसभा क्षेत्र के विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश की वित्तीय प्रगति को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि राज्य अब सीमित व्यय की मानसिकता से आगे बढ़कर व्यापक एवं संतुलित क्षमता निर्माण की दिशा में तेजी से अग्रसर हुआ है।
उन्होंने कहा कि तीन अलग-अलग राजनीतिक अवधियों के क्षेत्रवार व्यय की तुलना यह स्पष्ट करती है कि वर्तमान सरकार ने वित्तीय अनुशासन को ठोस और दीर्घकालिक विकास निवेश में परिवर्तित किया है।
कानून व्यवस्था में ऐतिहासिक बजट विस्तार
डॉ. राजेश्वर सिंह ने बताया कि कानून व्यवस्था के क्षेत्र में बजट में उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। जहां बसपा शासनकाल में पुलिस बजट लगभग ₹10–12 हजार करोड़ और सपा शासनकाल में ₹15–18 हजार करोड़ के बीच था, वहीं वर्ष 2026–27 में यह बढ़कर ₹41,898 करोड़ तक पहुंच गया है। उन्होंने इसे प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करने और आधुनिक संसाधनों से सुसज्जित करने की दिशा में ऐतिहासिक कदम बताया।
स्वास्थ्य, ग्रामीण और शहरी विकास को मिला अभूतपूर्व बल
विधायक डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण का बजट ₹53,326 करोड़ तक पहुंचना इस बात का प्रमाण है कि सरकार जनस्वास्थ्य को सर्वोच्च प्राथमिकता दे रही है। इसी प्रकार ग्रामीण विकास के लिए ₹49,044 करोड़, सामाजिक कल्याण एवं पोषण के लिए ₹42,263 करोड़ तथा शहरी विकास के लिए ₹27,532 करोड़ का प्रावधान राज्य में संतुलित और समावेशी विकास की प्रतिबद्धता को दर्शाता है।
उन्होंने कहा कि यह वृद्धि केवल आंकड़ों की बढ़ोतरी नहीं, बल्कि आधारभूत संरचना, सेवाओं की गुणवत्ता और दीर्घकालिक विकास क्षमता को मजबूत करने की दिशा में ठोस निवेश है।
राजस्व सुदृढ़ता और वित्तीय अनुशासन बना मजबूती का आधार
डॉ. राजेश्वर सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश ने राजस्व वृद्धि, नियंत्रित राजकोषीय घाटा और संतुलित ऋण प्रबंधन के माध्यम से वित्तीय स्थिरता प्राप्त की है। उन्होंने कहा कि मजबूत राजस्व आधार और अनुशासित व्यय नीति के कारण राज्य विकास परियोजनाओं में निरंतर निवेश करने में सक्षम हुआ है।
उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नेतृत्व में उत्तर प्रदेश आने वाले वर्षों में आर्थिक रूप से और अधिक सशक्त, सक्षम एवं विकासोन्मुख राज्य के रूप में स्थापित होगा।
डॉ. राजेश्वर सिंह ने इसे “वित्तीय सुशासन और विकास के संतुलित मॉडल” का परिणाम बताते हुए कहा कि यह परिवर्तन प्रदेश की जनता के जीवन स्तर को बेहतर बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा।


































