सऊदी अरब के बाद ईरान ने भी महिलाओं को बड़ी छूट दी है। अब शिया मुस्लिम बहुल इस देश में महिलाएं औपचारिक रूप से मोटरसाइकिल चलाने का लाइसेंस प्राप्त कर सकेंगी। खामेनेई प्रशासन के इस फैसले ने वर्षों से चले आ रहे कानून को लेकर विवाद को समाप्त कर दिया है।
पहले ईरान में महिलाओं के लिए मोटरसाइकिल या स्कूटर चलाना स्पष्ट रूप से प्रतिबंधित नहीं था, लेकिन अधिकारियों द्वारा लाइसेंस जारी करने से इनकार किए जाने के कारण महिलाएं कानूनी रूप से जिम्मेदार ठहराई जाती थीं।
कानूनी बदलाव:
ईरान के प्रथम उपराष्ट्रपति मोहम्मद रजा आरिफ ने ट्रैफिक कोड को स्पष्ट करने के लिए प्रस्ताव पर हस्ताक्षर किए। इसके तहत ट्रैफिक पुलिस को:
- महिला आवेदकों को व्यावहारिक ट्रेनिंग देना
- पुलिस की देखरेख में परीक्षा आयोजित करना
- महिलाओं को मोटरसाइकिल चालक लाइसेंस जारी करना
सामाजिक और ऐतिहासिक संदर्भ:
यह बदलाव ईरान में हुए विरोध प्रदर्शनों के बाद आया, जो आर्थिक असंतोष से शुरू होकर सरकार विरोधी प्रदर्शनों में तब्दील हो गए थे। विरोध के दौरान 3,000 से अधिक लोगों की मौत हुई।
सऊदी अरब ने इससे पहले ‘विजन 2030’ के तहत महिलाओं को कई ऐतिहासिक छूटें दी हैं, जैसे ड्राइविंग की अनुमति, पुरुष अभिभावक के बिना यात्रा, हज/उमराह करना, पासपोर्ट/नागरिकता के अधिकार, कार्यबल में भागीदारी और सार्वजनिक आयोजनों में जाने की स्वतंत्रता।


































